सामान्य ज्ञान

फ्लैट खरीदारों का प्राधिकरण पर फूटा गुस्सा




ग्रेटर नोएडा। नेफोवा के नेतृत्व में शुक्रवार  को सैकड़ों फ्लैट खरीदारों ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के कार्यालय के सामने  प्राधिकरण और बिल्डर्स के खिलाफ  जमकर नारेबाजी की और विरोध प्रदर्शन किया। फ्लैट्स के कब्जे में हो रही देरी की वजह से ग्रेटर नोएडा वेस्ट में घर बुक कराए लोग काफी गुस्से में है और प्राधिकरण द्वारा इस सम्बन्ध में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाये जाने से क्षुब्ध हैं। 

प्रदर्शन में ग्रेटर नोएडा वेस्ट के अलग-अलग बिल्डर्स के तमाम प्रोजेक्ट्स के फ्लैट खरीदार शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान फ्लैट खरीदारों ने लगभग एक किलोमीटर तक मार्च भी निकाला। सुमित सक्सेना, सागर चौधरी, चन्दन कुमार, संजय साहनी, बीएन गुप्ता, बीएस. त्रिपाठी, रविन्द्र जैन इत्यादि के अलावा सैकड़ों फ्लैट खरीदारों ने प्रदर्शन में हिस्सा लिया।

इस प्रदर्शन का नेतृत्व अध्यक्ष अभिषेक कुमार ने किया। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारी जब फ्लैट खरीदारों से मिलने आए तो उन्हें  इस सम्बन्ध में ज्ञापन भी सौंपा गया। नेफोवा ने ये चेतावनी भी दी कि कब्जे में हो रही देरी के मुद्दे पर प्राधिकरण तमाम बिल्डर्स के खिलाफ  यदि तुरंत कोई कारवाई नहीं करता है, तो नेफोवा अगले महीने फिर से बिल्डर्स और प्राधिकरण के खिलाफ  बड़ा आन्दोलन खड़ा करेगी।  

साल दर साल बीतते जा रहे हैं, लेकिन कुछेक प्रॉजेक्ट को छोड़कर अभी तक ग्रेटर नोएडा वेस्ट (नोएडा एक्सटेंशन) में ज्यादातर हाउसिंग में निर्माण कार्य तय समय से काफी पीछे चल रहा है। कुछ प्रोजेक्ट्स में तो काम महीनों से बंद पड़ा है। कई प्रोजेक्ट का भविष्य अभी भी अधर में लटका है और बिल्डर कब्जे की रोज नई नई तारीख देकर फ्लैट खरीदारों को ऊल्लू बनाने में लगे हैं।

 यहां 6-7 साल पहले घर बुक कराए खरीदारों का सब्र अब टूट चुका है। अपने अपने बिल्डर से शिकायत करके जब खरीदार थक गए तब उन्होंने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का दरवाजा खटखटाया। हजारों की संख्या में मेल भेजे गए। नेफोवा की तरफ से अनगिनत पत्र लिखे गए। लेकिन, प्राधिकरण तो, बिल्डरों के खिलाफ  कोई शिकायत मिलते ही जैसे कान में रुई डालकर सो जाता है।

के्रडाई, बिल्डर और प्राधिकरण सभी ने जल्द से जल्द काम पूरा कर कब्जा दिए जाने का आश्वासन तो दिया, लेकिन इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाये गए। लोग महंगे रेंट और इएमआई दे देकर परेशान हो चुके हैं। 

नेफोवा द्वारा मुख्यमंत्री अखिलेश को ट्विटर अभियान द्वारा कब्जे में देरी को लेकर उचित कारवाई की जाने की अपील भी की गयी। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्राधिकरण को इस सम्बन्ध में कार्रवाई की जाने के आदेश के बावजूद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण सोता रहा। प्राधिकरण के उदासीन रवैये से लोगों में खासी नाराजगी है।




Related Post

Comments