सामान्य ज्ञान

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16-Sep-2021 7:26 PM (16)

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जर्मनी के तानाशाह हिटलर का आर्य प्रेम किसी से नहीं छिपा है. अपनी महत्वाकांक्षा और यहूदियों से घृणा के चलते उसने पूरी दुनिया को विनाशकारी युद्ध में झोंक दिया था. हिटलर ने अपने नाजीवाद में दुनिया में आर्यों के वर्चस्व की बात कही थी और यहां तक की नाजी के निशान के रूप में स्वास्तिक तक को अपना लिया था. जो आर्यों का एक पवित्र धार्मिक चिह्न माना जाता है. इतना ही नहीं हिटलर ने विश्वयुद्ध से पहले नाजियों का एक दल तिब्बत में भेजा था जिसका मकसद आर्य जाति के मूल को खोजना था.

आर्य जाति के मूल की खोज
हिटलर की की नाजी पार्टी के प्रमुख सदस्य हेनरिच हिमलेर ने 1938 में 5 सदस्यीय टीम को तिब्बत भेजा था. इस दल का मकसद आर्य जाति का मूल की तिब्बत में खोज करना था. बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार यह अभियान भारत से होकर शुरू हुआ था. हिमलेर का मानना था कि मूल आर्यों के कुछ लोग अब भी तिब्बत में मिल सकते हैं.

हिटलर और आर्य
हिटलर का मानना था कि खानाबदोश आर्य भारत में उत्तर से 1500 साल पहले दाखिल हुए थे और आर्यों ने स्थानीय अनार्यों से अनुवांशकीय रूप से ‘मिल जाने’ का अपराध किया था. इससे वे उन विशेषताओं को खो बैठे जो उन्हें पृथ्वी के दूसरे लोगों से श्रेष्ठ बनाती थीं.

अटलांटिस की पौराणिक कथा
सफेद खानाबदोश श्रेष्ठ जाति को मानने वाले एटलाटिंस नाम के गुम हो चुके काल्पनिक शहर में विश्वास करते हैं. कहा जाता है कि इस शहर में कभी शुद्धतम खून वाले लोग रहा करते थे. यह पौराणिक द्वीप इंग्लैंड और पुर्तगाल के बीच में अटलांटिक महासागर में कहीं स्थित माना जाता है,  जो दैवीय बिजली के गिरने से डूब गया था.

बचे हुए मूल आर्यों की तलाश
इस घटना के बाद जो भी आर्य बचे थे वे दूसरी सुरक्षित जगहों पर चले गए थे. इसके लिए हिमालय का क्षेत्र सुरक्षित जगह माना जाता है. खास तौर से तिब्बत को तो दुनिया की छत कहा जाता है. साल 1935  में हिमलेर ने एक कुख्यात नाजी संगठन एसएस के तहत एनेनर्बे की स्थापना की थी जो पूर्वजों की विरासत का ब्यूरो था. इसका मकसद अटलांटिस के उन लोगों की खोज करना था जो बिजली गिरने के बाद कहीं चले गए थे जिससे इस महान जाति के लोगों को खोजा सके.

दल के दो अहम सदस्य
हिमलेर ने1938 में 5 जर्मनों के इस खोजी अभियान पर तिब्बत भेजा था. इस दल में से एक 28 साल का अर्नेस्ट शेफर था जो दो बार भारत-चीन-तिब्बत सीमा पर आ चुका था, और दूसरा,  मानवविज्ञान शास्त्री ब्रूनो बेगर था जिसे खोपड़ियों और चेहरे की विस्तृत जानकारी लेनी थी, बहुत अहम सदस्य थे.

तिब्बत तक की यात्रा
इस दल को लेकर जर्मन जहाज श्रीलंका के कोलंबो पहुंचा जहां से मद्रास और फिर कलकत्ता पहुंचा शुरु में ब्रिटिश अधिकारियों ने इन्हें जर्मन जासूस समझा और भारत से गुजरने की इजाजत नहीं दी. यहां तक कि सिक्किम राज्य ने इन्हें संदेह के नजरिए से देखा, लेकिन अंततः यह टीम तिब्बत पहुंच ही गई. तिब्बत में 131 वें दलाई लामा के 1933 में मरने के बाद राज्य संरक्षक का शासन था.

विश्वयुद्ध की बाधा
इस दल का तिब्बत में शासन और लोगों की तरफ से खुले दिल स्वागत हुआ. बेगर ने भी खुद को एक डॉक्टर के रूप में पेश किया. लेकिन बुद्ध तिब्बती यह नहीं जानते थे कि नाजी भी हिंदू धर्म की तरह बौद्ध धर्म को भी आर्यों को कमजोर करने वाला धर्म मानते थे. इससे पहले शेफर और उनके साथी छद्म रूप में अपने वास्तविक शोधकार्य में और समय लगा पाते, अगस्त 1939 में विश्व युद्ध निश्चित होने पर उनका अभियान रोककर उन्हें वापस बुला लिया गया.

क्या लेकर गया यह दल
बेगर ने तब तक 376 तिब्बतियों के सिर के और अन्य मान मापों के साथ दो हजार तस्वीरें ले ली थीं. इसमें 17 लोगों के सिर, चेहरे , हाथ और कानों के ढांचे बना लिये थे और दूसरे 350 हाथ और ऊंगलियों के छापे ले लिए थे. उसने दो हजार मानव विज्ञान संबंधी शिल्पकृतियां जमा कर ली थी. दूसरे साती ने 18 हजार मीटरी की ब्लैक एंड व्हाइट फिल्म और 40 हाजार तस्वीरें ले ली थीं.

हिमलेर ने इस दल की वापसी की व्यवस्था की. और यह तिब्बती खजाना साल्जबर्ग के किले में पहुंच गया और युद्ध के दौरान वहीं रहा. लेकिन एक बार मित्र राष्ट्र 1945 में महल में घुसी तो बहुत सी तिब्बती तस्वीरें और अन्य सामग्री खराब हो चुकी थी.  अभियान में किए गए प्रयोगों के नतीजों का भी यही हश्र हुआ. और इस तरह से यह खोजी अभियान अपने अंजाम तक नहीं पहुंच सका. (news18.com)


16-Sep-2021 11:06 AM (26)

बर्लिन जूलॉजिकल गार्डन दुनिया से सबसे बड़े चिडिय़ाघरों में से एक है। 84 एकड़ में फैले इस चिडिय़ाघर में जानवरों की लगभग 1500 प्रजातियां हैं। बर्लिन के टियरगार्डन का यह चिडिय़ाघर 1844 में खोला गया था। यह जर्मनी का सबसे पुराना चिडिय़ाघर भी है। इसमें लगभग 19,500 जीव-जंतु हैं। हर साल तीन लाख से ज्यादा लोग इस चिडिय़ाघर को देखने आते हैं।


16-Sep-2021 11:05 AM (30)

पापुआ न्यू गिनी इंडोनेशिया के समीप प्रशांत महासागर क्षेत्र में एक स्वतंत्र राष्टï्र है जो दक्षिण पश्चिम प्रशांत महासागर क्षेत्र में द्वीपों का एक समूह है। यहां की राजधानी  का नाम पोर्ट मोरेस्बी है, जो यहां के बड़े शहरों में से एक हैै। करीब 6 मिलियन जनसंख्या वाला देश विविधताओं के देश के रुप में भी जाना जाता है।

इतनी आबादी में ही यहां लगभग 850 भाषाएं बोली जाती हंै और कई धार्मिक समुदाय यहां निवास करते हैं। यहां की आबादी का सिफऱ् 18 प्रतिशत शहरी क्षेत्रों में रहता है।


16-Sep-2021 11:04 AM (29)

मलेशिया एक देश है। 6 सितंबर 1963 के दिन यह अस्तित्व में आया।  फेडरेशन ऑफ मलय में उत्तरी बोर्नेयो, सारावाक और सिंगापुर मिला कर नया देश बनाया गया। मलय में सिंगापुर का सि मिला कर मलेशिया किया गया।

 हालांकि 1965 में इस संघ से सिंगापुर अलग हो गया। मलेशिया मूल रूप से मलय राजशाही से निकला है। 18वीं सदी की यह राजशाही ब्रिटिश उपनिवेश का हिस्सा बनाई गई। मलेशियाई प्रायद्वीप के हिस्सों को सबसे पहले 1946 में मलय यूनियन के तहत एक किया गया। फिर 1948 में इसे फेडरेशन ऑफ मलय बनाया गया।

 मलय को 31 अगस्त 1957 के दिन ब्रिटिश सत्ता से मुक्ति मिली। आज मलेशिया पूर्वी और पश्चिमी हिस्से बंटा है। पूर्वी सरावाक और सबाह इंडोनेशिया से जुड़ा है, बीच में दक्षिणी चीन सागर है और फिर पश्चिमी मलेशिया है, जहां देश की राजधानी क्वालालंपुर भी है। सरकार हालांकि पुत्रजय में बैठती है। देश में 13 राज्य और तीन संघीय प्रदेश हैं। ब्रिटिश शासन से आजादी के बाद से मलेशिया की आर्थिक स्थिति अच्छी ही रही है। प्राकृतिक संसाधनों के कारण उसे काफी फायदा भी हुआ।

देश के संविधान में इस्लाम राष्ट्रीय धर्म है जबकि धर्म की आजादी भी संविधान में सुनिश्चित की गई है। ब्रिटिश उपनिवेश का असर यहां कुछ इस तरह दिखता है कि सरकारी तंत्र वेस्टमिनस्टर संसदीय प्रणाली जैसी है और कानून इंग्लिश कॉमन लॉ से प्रेरित है। देश का प्रमुख तो वैसे राजा है, जिसे हर पांच साल में नौ मलय राज्य चुनते हैं। जबकि सरकार का प्रमुख प्रधानमंत्री होता है। फिलहाल वर्तमान में मलेशिया के प्रधानमंत्री नजीब रजाक हैं।


16-Sep-2021 11:03 AM (32)

इंडिया इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस कंपनी लिमिटेड  यानी  आईआईएफसीएल की स्थापना जनवरी 2006 में पूर्ण रूप से भारत सरकार के स्वामित्व वाली कंपनी के रूप में की गई, इसका प्रचालन अप्रैल 2006 में आरम्भ हुआछ। इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में वित्तीय प्रवाह को प्रगाढ़ बनाने के उद्देश्य से वर्ष 2005-06 के आम बजट में इंफ्रास्ट्रक्टर आधारित परियोजनाओं के लिए वित्तीय प्रवाह को एक विशिष्ट उद्देश्यगत वाहक  (स्श्चद्गष्द्बड्डद्य क्कह्वह्म्श्चशह्यद्ग ङ्कद्गद्धद्बष्द्यद्ग) के माध्यम से किए जाने का प्रस्ताव किया गया था। यह प्रस्ताव किया गया कि एसपीवी दीर्घकालिक परिपक्वता हेतु ऋण के रूप में सीधे तौर पर परियोजना को वित्त मुहैया कराएगा। यह वित्तीय सहायता बैंकिंग एवं वित्तीय संस्थाओं की ओर से जारी प्रवाह का संपूरक होनी है।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आईआईएफसीएल  को वर्ष 2013-14 के दौरान 44 करोड़ रुपये की पूंजी निधि प्रदान करने के प्रस्ताव को 13 सितम्बर 2013 को मंजूरी दी। इसमें यह शर्त रखी गई कि अधिकृत पूंजी के भीतर अतिरिक्त राशि वित्त मंत्री की स्वीकृति से जारी होनी है जो कि उपलब्ध बजटीय आवंटन पर निर्भर होनी है। इससे इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस कंपनी लिमिटेड, दीर्घकालिक  ऋण के जरिए व्यवहार्य ढांचागत परियोजनाओं हेतु निधि उपलब्ध करा सकेगा।


16-Sep-2021 11:03 AM (21)

चेना (Proso millet) मोटा अन्न है। इसे  पुनर्वा  भी कहते हैं। इसे सबसे पहले कहां उगाया गया, यह ज्ञात नहीं है, किंतु एक फसल के रूप में यह काकेशिया तथा चीन में 7 हजार वर्ष पूर्व से उत्पादित किया जा रहा है। माना जाता है की इसे स्वतंत्र रूप से उगाया जाना सीखा गया होगा। इसे आज भी भारत, रूस, यूक्रेन, मध्य पूर्व एशिया, तुर्की तथा रोमानिया में बड़े पैमाने पर उगाया जाता है। इसे स्वास्थ्य रक्षक माना जाता है। इसमें ग्लूटेन नहीं होने से वे लोग भी इसे प्रयोग कर सकते हंै जिन्हें गेंहू से एलर्जी हो जाती है।

 यह कई प्रकार के जलवायु में उग जाता है। बहुत कम जल की जरूरत होती है, तथा कई प्रकार की मृदा में उग जाता है। इसे उगने के लिए कम समय की जरूरत होती है, सूखे क्षेत्रों हेतु यह आदर्श फसल है , मुख्य अन्नों में यह न्यूनतम जल मांगती है। इसका पादप 4 फीट तक ऊंचा हो सकता है, बीज गुच्छों में उगते हंै तथा 2-3 मिलीमीटर के होते है, ये पीले, संतरी, या भूरे रंग के हो सकते हंै।   यह घास है लेकिन अन्य मोटे अन्नों से इसका कोई रिश्ता नहीं है।

 कंगनी की तरह इस फसल के जंगली पूर्वजों की पहचान नहीं हो सकी है। फिऱ भी माना जाता है कि यह मध्य एशिया में से शेष विश्व में फ़ैली है।  नवपाषाण युग में इसे उगाया जाने लगा था, जिसके प्रमाण जोर्जिया में मिलते हैं। यह उन मोटे अन्नों में से है जो अफ्रीका में नहीं उगाये जाते हंै, विकसित देशों में इसे पशु चारे के रूप में ही उगाते हंै।


16-Sep-2021 11:02 AM (15)

अंतरिक्ष में भ्रमण जैट नोदन पश्च पैक की प्रौद्योगिकी युक्ति पर निर्भर है। जब एक गैस का जैट एक वस्तु से निष्कासित किया जाता है, तो न्यूटन के सिद्घांत के अनुसार विपरीत दिशा में गति करता है। बैक पैक में 24 नाइट्रोजन प्रणोदक द्वारा ऊर्जा दी जाती है। प्रत्येक प्रणोदक में एक किग्रा से कम प्रणोद होता है। ये यूनिट के चारों ओर स्थित होते हैं, जिससे किसी भी दिशा में गति की जा सकती है। इस यूनिट का भार लगभग 150 किग्रा होता है। जब यान-चालक अंतरिक्ष यान से बाहर निकलता है, तो वह 28 हजार  किमी प्रति घंटे की गति से उड़ रहा होता है।

मानव युक्ति यूनिट संरचनात्मक भुजाओं पर धारण करके दो हाथ नियंत्रकों के प्रयोग से लहराती है। दक्षिण हस्तनियंत्रक ऊंचाई पर अधिकार करने, गति में परिवर्तन करने तथा पिच व किसी स्थिर बिंदु के चारों ओर चक्कर लगाने के लिए प्रयोग किया जाता है। वाम हस्तनियंत्रक एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाने के लिए काम में आता है।


16-Sep-2021 11:01 AM (26)

 1. राष्ट्रध्वज की लंबाई और चौड़ाई का अनुपात क्या है?

(अ) 2:1 (ब) 3:2 (स) 4:3 (द) 5:4

2. हमारा राष्ट्रीय वृक्ष क्या है?

(अ) आम (ब) सागौन (स) बरगद (द)पीपल

3. डीवीडी का पूरा नाम क्या है?

(अ) डिमांड व्हीडियो डिस्क (ब) डिजिटल व्होलेटिक डिस्क   (स) डिजिटल व्हायेबल डिस्क (द) डिजिटल व्हर्सटाइल डिस्क  

4. सूर्य किस दिशा में निकलता है?

(अ) पूर्व (ब) पश्चिम (स) उत्तर (द) दक्षिण

5. एक फुट में कितने इंच होते हैं?

(अ) 8 इंच (ब) 12 इंच (स)16 इंच (द) 20 इंच

6. टेलीफोन नं. 100 का प्रयोग निम्नलिखित में से किसके लिए किया जाता है?

(अ) सेना (ब) डॉक्टर (स) पुलिस (द)एम्बुलेंस

7. संसार की सबसे लंबी नदी कौन सी है?

(अ) मिसीसिपी (ब) नील (स) अमेजान (द)गंगा

8. समकोण कितने अंश का होता है?

(अ)45 अंश (ब) 90 अंश (स)135 अंश (द)180 अंश

9. सर्वप्रथम किन्होंने प्रतिपादित किया कि सूर्य हमारे सौरमण्डल का केंद्र है और पृथ्वी उसकी परिक्रमा करती है?

(अ) गैलीलियो (ब) कोपरनिकस (स) न्यूटन (द) आइंस्टीन

10. बरगद के पेड़ के तने से नीचे लटकने वाली मोटी जड़ें क्या कहलाती हैं?

(अ) वलयाकार मूल (ब) वायवीय मूल (स) स्तंभ मूल (द) आरोही मूल

11. इंदिरापति किसे कहा जाता है?

(अ) ब्रह्मïा (ब) विष्णु (स) वरुण (द) कुबेर

12. रेशम कीट की किस अवस्था में रेशम प्राप्त होता है?

(अ) वयस्क (ब) अंडा (स) कोकून (द) कैटरपिलर

13. व्यापार के लिए भारत आने वाले प्रथम यूरोपीय कौन थे?

(अ) फ्रांसीसी (ब) पुर्तगाली (स) डच (द) अंग्रेज

14. भारत में राष्टï्रीय आय के अनुमान निम्नलिखित के द्वारा तैयार किए जाते हैं?

(अ) भारतीय सांख्यिकी संस्थान (ब) केंद्रीय सांख्यिकी संगठन (स) राष्टï्रीय नमूना सर्वेक्षण (द) भारत सरकार का वित्त मंत्रालय

15. निम्नलिखित में से कौन एक धार्मिक स्थल गढ़वाल क्षेत्र में नहीं है?

(अ) पूर्णागिरि (ब) हेमकुंठ साहिब (स) काली मठ (द) यमुनोत्री

16. फल पकने में सहायक हॉर्मोन कौन सा है?

(अ) जिबरेलिन (ब) मार्फेक्टिन (स) इथीलीन (द) आई.बी.ए.

17. हम हल्दी उसके पौधे के किस भाग से पाते हैं?

(अ) तना (ब) जड़ (स) फल (द) फूल

18. निम्न में से कौन सा दायित्व ग्रामीण रोजगार गारंटी 2005 के अंतर्गत ग्राम सभा का नहीं है?

(अ) ग्राम पंचायत को परियोजनाओं की संस्तुति करना और संभावित कार्यों की सूची बनाना (ब) कार्य के लिए प्रार्थना पत्र प्राप्त करना और उसकी प्राप्ति तिथि अंकित करते हुए जारी करना (स) ग्राम पंचायत में हो रहे कार्यों के निष्पादन का अनुश्रवण करना (द) ग्राम पंचायत के अंतर्गत कार्य हेतु ली गई सभी परियोजनाओं का नियमित रूप से सामाजिक अंकेक्षण

19. सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए और उसे चुनिए जो प्रावधानित नहीं है अथवा विशिष्टï रूप से विमुक्त है?

(अ) यह जम्मू कश्मीर राज्य में लागू नहीं है (ब) आवेदक जो सूचना हेतु अनुरोध करता है, उसे सूचना मांगे जाने के कारणों को देना होगा (स) मुख्य सूचना आयुक्त का हटाया जाना (द) प्रत्येक सूचना आयुक्त अपने पद पर 5 वर्ष की आयु का हो जाए, दोनों में से जो पहले हो, तक पद पर बना रहेगा

20. किन यूरोपियों ने भारत में सबसे पहले सामुद्रिक व्यापारिक केंद्र स्थापित किए?

(अ) अंग्रेज (ब) फ्रांसीसी (स) पुर्तगाल (द) डच

21. स्याद्वाद सिद्घांत निम्न में से किससे संबंएिधत है?

(अ) लोकायत धर्म का (ब) शैव धर्म का (स) जैन धर्म का (द) वैष्णव धर्म का

22. निम्नलिखित में से किस महीने में चेन्नई की जलवायु गरम होती है?

(अ) जनवरी (ब) जुलाई (स) अप्रैल (द) सितंबर

23. भारत के किस राज्य में शीतकाल में सबसे अधिक वर्षा होती है?

(अ) केरल में (ब) पंजाब में (स) तमिलनाडु में (द) पश्चिम बंगाल में

24. सर्दियों में पंजाब और हरियाणा में वर्षा होने का कारण निम्नलिखित में से कौन सा है?

(अ) पश्चिमी विक्षोभ  (ब) बंगाल की खाड़ी में चक्रवात (स)प्रशांत महासागर से उठने वाले प्रतिचक्रवात का प्रभाव (द) इनमें से कोई नहीं

25. अधिकतम तापमान दिन में किस समय होता है?

(अ) दो बजे (ब) तीन बजे (स) एक बजे (द) बारह बजे

26. मौसम में होने वाले किस प्रकार के परिवर्तन में भारत में मानसून आते हैं?

(अ) तापमान की एक समानता (ब)जल एवं थल क्षेत्र की ऊष्मा में अंतर (स) मध्य एशिया से आने वाली ठंडी हवाएं (द) महासागरीय ज्वार

27. भारत के किस भाग में बंगाल की खाड़ी और अरब सागर, दोनों ओर के मानसून से वर्षा होती है?

(अ)  पश्चिम बंगाल (ब) महाराष्टï्र (स) छोटा नागपुर का पठार (द) पंजाब के मैदानी भाग

28. पृथ्वी की स्फटिक (क्रिस्टल) परत निम्नलिखित में से कौन सी है?

(अ)सियाल (ब) साइमा (स)प्रावार (मैंटल)(द) धात्विक क्रोड

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सही जवाब-1.(ब)3:2, 2.(स)बरगद, 3.(द)डिजिटल व्हर्सटाइल डिस्क, 4.(अ) पूर्व, 5.(ब) 12 इंच, 6.(स)पुलिस, 7.(ब) नील, 8.(ब) 90 अंश, 9.(ब)कोपरनिकस, 10.(स) स्तंभ मूल, 11.(ब) विष्णु, 12.(स) कोकून, 13.(ब) पुर्तगाली, 14.(ब) केंद्रीय सांख्यिकी संगठन, 15.(अ) पूर्णागिरि, 16.(स) इथीलीन, 17.(अ) तना, 18.(ब) कार्य के लिए प्रार्थना पत्र प्राप्त करना और उसकी प्राप्ति तिथि अंकित करते हुए जारी करना, 19.(ब) आवेदक जो सूचना हेतु अनुरोध करता है, उसे सूचना मांगे जाने के कारणों को देना होगा, 20.(स) पुर्तगाल, 21.(स) जैन धर्म का, 22.(स) अप्रैल, 23.(स) तमिलनाडु में, 24.(अ) पश्चिमी विक्षोभ, 25.(ब) तीन बजे, 26.(ब)जल एवं थल क्षेत्र की ऊष्मा में अंतर, 27.(द) पंजाब के मैदानी भाग, 28.(अ) सियाल


16-Sep-2021 10:16 AM (27)

मार्शल ऑफ द एयर फोर्स अर्जन सिंह ने जो मुकाम हासिल किया है, वह भारतीय वायुसेना में अभी तक कोई भी अफसर नहीं कर सका है. पांच सितारा पद वाले मार्शल ऑफ द एयर फोर्स को हासिल कर पाने वाले एक मात्र व्यक्ति थे. यह पद थल सेना में फील्ड मार्शल के समकक्ष माना जाता है. चार साल पहले ही 16 सितंबर 1917 को ही उनका दिल्ली में देहांत हुआ था. अर्जन सिंह को 1965 की जंग में भारतीय वायुसेना की बहादुरी और निर्णयाक नेतृत्व के लिए हमेशा याद किया जाता रहा है. वे देश की वायु सेवा करने वाले सबसे बुजुर्ग सैनिक के तौर भी जाने जाते हैं.

आजादी से पहले ही दिखाया कौशल
अर्जन सिंह का जन्म 15 अप्रैल 1919 को अविभाजित पंजाब के लयालपुर में हुआ था. सिंह ने 19 साल की उम्र में ही क्रैनवेल के द रॉयल एयरफोर्स कॉलेज में प्रवेश किया और 1939 में अपनी स्तातक पढ़ाई पूरी कर एक पायलट अधिकारी के रूप में नियुक्त हुए. उन्होंने 1944 में भारतीय वायुसेना की नंबर एक स्वाड्रन का अराकान अभियान में नेतृत्व किया और उसी साल फ्लाइंग क्रास से सम्मानित भी हुए.

कोर्ट मार्शल का सामना
अर्जन सिंह को फरवरी 1945 में केरल के एक रिहायशी इलाके के बहुत से नीचे से उड़ान भरने के आरोप में कोर्ट मार्शल का सामना करना पड़ा. इस मामले में उन्होंने अपना बचाव यह कहते हुए किया कि वे एक ट्रेनी पायलट दिलबाग सिंह का मनोबल बढ़ाने के लिए कोशिश ऐसा कर रहे थे. बाद में यही दिलबाग सिंह भारत के एयर चीफ मार्शल भी बने.

आजादी के दिन लाल किले के ऊपर से
1947 में भारत की आजादी के दिन अर्जन से  रॉयल इंडियन एयर फोर्स के पहले फ्लाई पास्ट का नेतृत्व किया जिसने दिल्ली के लाल किले के ऊपर से उड़ान भरी थी. उस समय उन्होंने ग्रुप कैप्टन के रूप में अंबाला के एयर फोर्स स्टेशन की कमान संभाली थी. 1950 में वे भारतीय वायुसेना, एओसी, ऑपरेशनल कमांड के एयर कमोडोर रहे. 1959 तक वे एयर वाइस मार्शल बन गए थे.

1965 युद्ध में भारतीय वायुसेना नेतृत्व
अर्जन सिंह केवल 44 साल के ही थे जब भारत और पाकिस्तान के बीच हुए 1965 के युद्ध में अपना साहस, इच्छाशक्ति और नेतृत्व का प्रदर्शन किया था. चीफ ऑफ एयर स्टाफ के रूप में उन्होंने बहुत ही चतुराई से वायुसेना का निर्देशन किया जब पाकिस्तान ने अपने ऑपरेशन ग्रैंड स्लैम की शुरुआत जम्मू कश्मीर के अखनूर क्षेत्र से की.  जब उनसे पूछा गया कि भारतीय वायुसेना कितनी देर में हमला करने के लिए तैयार होगी तब उन्होंने छोटा सा जवाब दिया कि एक घंटे में. उन्होंने अपनी बात को कायम रखा और एक घंटे के अंदर ही भारतीय वायुसेना पाकिस्तान पर जवाबी हमला शुरू कर चुकी थी.

एक राजनयिक
15 जुलाई 1969 में रिटायर होने के बाद अर्जन सिंह एक राजनियक, नेता और भारत सरकार के सलाहकार के रूप में कार्यरत रहे. वे स्विट्जरलैंड, होली सी, लीचेन्स्टीन में भारत के राजदूत रहे  और फिर कीनिया में हाई कमिश्नर के रूप में भी सेवारत रहे. उन्होंने 1989 से 1990 तक दिल्ली के उपराज्यपाल के तौर पर भी अपने सेवाएं दीं.

डॉ कलाम को श्रद्धांजलि
जनवरी 2002 में अर्जन सिंह को भारतीय वायुसेना का मार्शल बनाया गया. इसके बाद जब 27 जुलाई 2015 को भारत के पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम की अचानक मौत हुई तब उनका शरीर दिल्ली लाया गया. उन्हें श्रद्धांजलि देने अर्जन सिंह भी पहुंचे थे. अर्जन उस समय व्हील चेयर पर थे, लेकिन इसके बाद भी उन्होंने खड़े होकर डॉ कलाम को सेल्यूट देकर श्रद्धांजलि दी.

सिख हवलदार ईश्वर सिंह का क्यों सम्मान कर रहा है ब्रिटेन

इसके दो साल बाद 16 सितंबर 2017 को सिंह को दिल का दौरा पड़ने की वजह से अस्पताल में भर्ती करना पड़ा, यहां उनकी हालत बहुत गंभीर बताई गई. उसी दिन उन्होंने अंतिम सांस ली और 98 वां साल उनके जीवन का अंतिम वर्ष हो गया. इससे पहले 14 अप्रैल 2016 में पश्चिम बंगाल के परगना बेस का नाम उनके सम्मान में एयर फोर्स स्टेशन अर्जन सिंह रखा गया. (news18.com)


16-Sep-2021 10:15 AM (36)

पृथ्वी पर जीवों के विकास क्रम में महाविनाश की क्रियाओं ने हमेशा ही बाधा डाली है. आज से छह करोड़ साल पहले जब महाविनाश की घटना हुए थी उसमें डायनासोर सहित पृथ्वी की दो तिहाई प्रजातियां नष्ट हो गई थीं. क्रिटेशियस काल के अंत में हुए इस महाविनाश की शुरुआत एक क्षुद्रग्रह के पृथ्वी से टकराने पर हुई थी. ताजा अध्ययन में शोधकर्ताओं ने पता लगाया है और आज के सभी जीव सर्पों की प्रजातियां उस महाविनाश में बचे जीवों से विकसित हुई हैं. कि वह महाविनाश एक रचनात्मक विनाश था जिससे सांपों की प्रजाति में नई विविधता आ सकी जिन्होंने अपने पूर्ववर्ती प्रतिद्वंदियों की जगह ले ली. 

नेचर कम्यूनिकेशन्स में प्रकाशित इस शोध में दर्शाया गया है कि आज जीवित करीब 4000 प्रजातियों सहित सांपों की सभी प्रजातियां उस महाविनाश के बाद से ही विकसित होना शुरू हो गई थीं. यह शोध बाध यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों की अगुआई में हुआ है जिसमे ब्रिस्टल, कैम्ब्रिज, और जर्मनी के सहयोगी भी शामिल हैं. शोधकर्ताओं ने सांपों के विकासक्रम को समझने के लिए जीवाश्मों का उपयोग कर आधुनिक सांपों और उनके अनुवांशकीय अंतरों का विश्लेषण किया. इस विश्लेषण से वे यह पता लगाने में सफल रहे कि यह विकासक्रम इतिहास में किस समय शुरू हुआ था. 

इस अध्ययन के नतीजों से पता चला है कि सभी जीवित सांपों की शुरुआत केवल कुछ ही प्रजातियों से विकसित हुई थीं जो 6.6 करोड़ साल पहले क्षुद्रग्रह के टकराव के बाद आए महाविनाश में बच गए थे, जिसमें सभी डायनासोर विलुप्त हो गए थे. शोधकर्ताओं का कहना है कि सांपों में जमीन के अंदर लंबे समय तक रह पाने और लंबे समय तक बिना भोजन के रह पाने की क्षमता ही उनके उस महाविनाश से बचने में मददगार साबित हुई. इस घटना में प्रतिद्वंदी क्रिटेशियस सांप और डायनासोर के विनाश से ही सांप नए इलाकों, नए आवास यहां तक कि नए महाद्वीपों में जा सके थे. 

इसके बाद सांपों में विविधता की शुरुआत हुई जिससे वाइपर, कोबरा, गार्टर स्नेक, पायथन, बोआस जैसी प्रजाति फली फूलीं जिन्होंने नए आवासों की खोज के साथ नए शिकार भी तलाशे. आधुनिक सर्प विविधता, जिसमें पेड़ों पर रहने वाले सांप, जहरीले वाइपर,और कोबरा से लेकर बोआस और पाइथन जैसे जकड़ कर शिकार करने वाले सांप शामिल हैं, सभी केवल डायनासोर के विलुप्त होने के बाद ही विकसित हुए. जीवाश्मों से यह भी पता चला कि कशेरुकी सर्पका आकार भी इस महाविनाश के बाद बदला था, जो क्रिटेशियस वंश के सांप खत्म होने के बाद विकसित हुए थे.नए समूह के सांप 10 मीटर तक लंबे हुआ करते थे. 

जर्मनी के फ्रेडिरिच –एलेक्जेंडर- यूनिवर्सिटेट एनलार्जन न्यूर्नबर्ग में काम करने वाली बाथ से हाल ही में बनीं स्नातक और इस अध्ययन की प्रमुख लेखिका डॉ कैथरीन क्लेइन का कहना है कि यह बहुत अहम है क्योंकि सर्प ना केवल अधिकांश प्रजातियों को विलुप्त करने वाले महाविनाश से खुद को बचा सके, बल्कि कुछ ही लाखों सालो में वे नए आवासों में रहने के नए तरीके भी ईजाद करते रहे. अध्ययन में बताया गया है कि इस दौरान सांप पूरी दुनिया में फैल भी गए. इनके पूर्वज कहीं दक्षिणी गोलार्द्ध में रहा करते थे, लेकिन पता चलता है कि ये महाविनाश के बाद पहले एशिया में फैले. 

इस अध्ययन के पत्र व्यवहारी लेखक और बाथ यूनिवर्सिटी में मिल्नेर सेंटर फॉर इवोल्यूशन के डॉ निक लॉन्गरिच ने बताया कि उनका शोध सुझाता है कि महाविनाश ने एक तरहसे रचनात्मक विनाश का काम किया जिसमें पुरानी प्रजातियां साफ हो गईं और उससे बची प्रजातियों को पारिस्थितिकी तंत्र में आई कमी का उपयोग करने का मौका मिल गया जिससे वे नई जीवनचर्चा और नए आवासों के प्रयोग कर सके. यह उद्भव का सामान्य हिस्सा लगता है. बड़े विनाश के फौरन बाद के समय में बहुत जंगली प्रयोगात्मक और नया उद्भव देखने को मिला. 

लॉन्गरिच का कहना है कि जैवविविधता का विनाश नई चीजों के उबरने और नए भूभाग में बस्तियां बसाने की गुंजाइश पैदा करता है. जिससे अंततः जीवन पहले के मुकाबले और ज्यादा विविध हो जाता है. शोध में यह भी पाया गया कि पृथ्वी पर बड़ी विविधता वाली घटनाएं उस समय होती देखी गईं जब दुनिया गर्म ग्रीनहाउस पृथ्वी से ठंडे आइस हाउस जलवायु में बदल रही थी, जिससे हिम युग की शुरुआत हुई. सांपों के विकास के पैटर्न से पता चलता है कि प्रचंड, तेज और वैश्विक पर्यावरणीय विनाशों में उद्भव बदलाव प्रमुख भूमिका क्या होती है. (news18.com)


16-Sep-2021 10:15 AM (32)

बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) ने हाल ही में एक कोर्स शुरू किया है, जो इन दिनों खबरों में है. इस कोर्स का नाम है हिंदू स्टडीज. ये इसी साल के शैक्षिक सत्र से यूनिवर्सिटी में शुरू किया जा रहा है. ये कोर्स मास्टर्स डिग्री यानि एमए कोर्स होगा. इसे बीएचयू का भारत अधय्यन केंद्र की फैकल्टी ऑफ आर्ट्स शुरू कर रहा है.

हालांकि हिंदू स्टडीज के हल्के फुल्के कोर्स तो अब तक कई संस्थाएं कराती रही हैं. लेकिन किसी विश्वविद्यालय ने पहली बार इस तरह का एक कोर्स तैयार किया है और एमए के स्तर पर इसकी पढाई होगी. माना जा रहा है कि ना केवल देश के छात्र बल्कि विदेशी छात्र भी इसे पढ़ने में दिलचस्पी दिखाएंगे.

दरअसल ये कोर्स प्राचीन भारत के गौरव से जुड़ा हुआ ज्यादा है. इसमें फिलास्फी, भाषा, परंपरा, धर्म, वैदिक परंपराएं सभी कुछ आ जाएंगे. इस कोर्स के जरिए छात्र भारतीय संस्कृति और हिंदूज्म से तार्किक दृष्टिकोण के साथ परिचित होंगे. इस कोर्स में बीएचयू के कई विभाग अपना योगदान देंगे.

इस कोर्स को क्यों शुरू किया गया
यूनिवर्सिटी का कहना है कि वो इस तरह के कोर्स पर लंबे समय से विचार कर रहे थे. अब इसे शुरू कर दिया गया है. इसकी जरूरत इसलिए भी महसूस की गई क्योंकि ऐसा कोई कोर्स कहीं इस तरह से नहीं था. क्रिश्चियन और इस्लामिक देशों में धर्म आधारित बहुत से कोर्स चलते रहते हैं लेकिन भारत में अब तक पूरी तरह तैयार किया गया ऐसा कोई कोर्स हिंदू स्टडीज को लेकर नहीं था.

इसे कौन पढ़ सकता है
कोई भी इस कोर्स में दाखिल हो सकता है. इसके लिए ये जरूरी नहीं होगा कि उसको आर्ट्स का छात्र होना चाहिए. आईटी तकनीक से लेकर साइंस डिग्री लेने वाले भी इस पढ़ सकते हैं. ये दो साल का एमए होगा. 04 सिमेस्टर्स में 16 पेपर्स की पढ़ाई होगी. हालांकि इसके दाखिले की तारीख तो इस साल निकल चुकी है. इसकी आखिरी तारीख 07 सितंबर थी.

इसमें क्या पढ़ाया जाएगा
इसमें तत्व ज्ञान, धर्म, रामायण और महाभारत की प्रमन विधियां और अभ्यास, पुराण, प्राचीन भारत में संवाद परंपरा, संस्कृत और पश्चिमी देशों की हिंदू धर्म के प्रति उत्सुकता के नजरिए से भी इसे पढाया जाएगा. इस कोर्स में हिंदू फिलास्फी, तत्व मीमांस का गहन विश्लेषण, धर्म कर्म मीमांस और प्रमन मीमांसा जैसी बातें शामिल रहेंगी.संस्कृत भी इसमें शामिल रहेगी.इसमें प्राचीन भारत में सेना,सैन्यकला, सेना में महिलाएं, विज्ञान और रणनीति जैसे विषय भी रहेंगे.

पाठ्यक्रम के संचालन में मुख्य भूमिका फिलॉस्फी डिपार्टमेंट की होगी जो हिंदू धर्म की आत्मा, महत्वाकांक्षाओं और हिंदू धर्म की रूपरेखा के बारे में बताएगा. प्राचीन इतिहास और संस्कृति विभाग इसमें प्राचीन व्यापारिक गतिविधियों, वास्तुकला, हथियारों, महान भारतीय सम्राटों और उनके उपयोग में आने वाले उपकरणों के बारे में जानकारी देने की रहेगी. संस्कृत विभाग प्राचीन शास्त्रों, वेदों और प्राचीन अभिलेखों के व्यावहारिक पहलुओं की जानकारी देगा.

क्या ऐसे कोर्स कहीं और भी पढाए जाते हैं
श्रीश्री यूनिवर्सिटी ने भी ऐसा ही कोर्स शुरू किया है. साथ ही आक्सफोर्ड में हिंदू स्टडीज केंद्र है, जिसमें कई तरह के ऐसे छोटे कोर्स वहां पढाए जाते हैं. जिसमें योग को भी शामिल किया गया है. (news18.com)


14-Sep-2021 9:36 AM (50)

रानीखेत पक्षियों में होने वाली बीमारी है।  यह पैरामाइक्सो वायरस से फैलती है। सबसे पहले यह बीमारी इंडोनेशिया के जावा द्वीप में 1926 में शुरू हुई थी। जल्दी ही यह बीमारी आइलैंड के न्यू कासिल अपॉन टाइन शहर, रानीखेत और कोलम्बो में भी फैल गई। इसीलिए इसे इंग्लैंड के न्यूकासिल बीमारी के रूप में और भारत में रानीखेत बीमारी के रूप में भी जाना जाता है। विभिन्न देशों के बीच मांस के निर्यात - आयात के कारण इसे दुनिया भर में फैलने का मौका मिल गया हालांकि इस बीमारी से बचने के लिए टीका उपलब्ध है, लेकिन इस बीमारी का अब तक कोई इलाज नहीं खोजा गया है।


14-Sep-2021 9:35 AM (46)

प्राचीन काल में पत्थरों पर उकेरे गए चित्रों और लेखों को काला करने के लिए रोशनाई का इस्तेमाल किया जाता है। कोई पांच हजार साल पहले चीनियों ने इसका आविष्कार किया था।

यह रोशनाई चीड के धुंए की कालिख, तेल के दिए और जानवरों की खाल या कस्तूरी से निकले जिलेटिन के मिश्रण से बनाई जाती है।  अन्य प्राचीन सभ्यताओं में भी रोशनाई विकसित हुई, मुख्य रूप से पौधों और खनिजों से प्राप्त रंगों से। लेकिन जब से प्रिंटिंग पे्रस का आविष्कार हुआ है, तब से ऐसे रोशनाई या इंक की आवश्यकता पड़ी जो कागज पर न फैले, तब कालिख, तारपीन के तेल और अखरोट के तेल के मिश्रण से रोशनाई यानी इंक बनाई जाने लगी।


14-Sep-2021 9:34 AM (45)

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (हृड्डह्लद्बशठ्ठड्डद्य ॥द्बद्दद्ध2ड्ड4ह्य ्रह्वह्लद्धशह्म्द्बह्ल4 शद्घ ढ्ढठ्ठस्रद्बड्ड) केंद्रीय सडक़ परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के अधीन काम करता है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण भारत सरकार का एक सार्वजनिक उपक्रम है।  इसका कार्य इसे सौंपे गए राष्ट्रीय राजमार्गों का विकास, रखरखाव और प्रबंधन करना और इससे जुड़े हुए अथवा आनुषंगिक मामलों को देखना है।

संसद के एक अधिनियम, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण अधिनियम, 1988 के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण का गठन किया गया था। प्राधिकरण ने फरवरी 1995 में पूर्णकालिक अध्यक्ष और अन्य सदस्यों की नियुक्ति के साथ कार्य करना शुरू किया।

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (संशोधन) विधेयक-2013 को राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने 10 सितम्बर 2013 को स्वीकृति प्रदान की।  इस विधेयक को लोकसभा ने 2 सितम्बर 2013 और राज्यसभा ने 14 अगस्त 2013 को पारित किया थ।  इस विधेयक में संशोधन करके 6 पूर्णकालिक और 6 अंशकालिक प्राधिकरण सदस्यों का प्रावधान किया गया।भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (संशोधन) विधेयक-2013 का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण का विस्तार करना है।


14-Sep-2021 9:34 AM (54)

ढाढ़ी एक प्रजाति है, जो मूल रूप से राजस्थान में मिलती है। ढोलियों की तरह ढाढ़ी, हिंदू और मुसलमान दोनों जातियों में मिलते हैं। हिंदू ढाढ़ी केवल ढाढ़ी ही कहलाते हैं, जबकि मुसलमान ढाढ़ी मलानुर नाम से संबोधित किए जाते हैं। इस समुदाय में ज्यादातर लोग आज भी  अधिक पढ़े-लिखे नहीं मिलते।

प्राचीन समय में ये लोग रणभूमि में राजाओं के साथ रहा करते थे और समर हेतु सैनिकों को अपनी सिंधु राग के द्वारा प्रोत्साहित करते रहते थे। इनके गाने के तरीके को सिंधु देना कहा जाता था। कोई-कोई ढाढ़ी राज्याश्रित भी होता था। आज भी सिंधु राग गाने के लिए यह जाति विशेषज्ञ मानी जाती है। ढाढ़ी जाति के लोग अपने पेशे से पेट नहीं भर पाने के कारण कृषि, नौकरी एवं पशुपालन का कार्य भी करते हैं। इस जाति की अनेक उपवर्ग हैं, जिनमें बावरा, सिहोल, बगड़वा, डेडण, चमगा, मालाणा आदि विशेष उल्लेखनीय हैं। ढाढिय़ों की आवाज वीर रस से ओतप्रोत होती है। ढोल और नगाड़ों के साथ इनका गायन चलता है। प्राचीनकाल में ये रणवाद्य बजाने में बड़े कुशल माने जाते थे।


14-Sep-2021 9:33 AM (29)

दुनिया में 14 सितंबर का दिन एम्पायर स्टेट एक्सप्रेस के नाम से दर्ज है। आज  से 122 साल पहले 100 किलोमीटर की गति से ट्रेन चलाना भी एक रिकॉर्ड होता था। 14 सितंबर 1891 को एम्पायर स्टेट एक्सप्रेस नाम की ट्रेन ने न्यूयॉर्क सिटी से बफेलो तक की, 702 किलोमीटर की दूरी सात घंटे और छह मिनट में पूरी की। इस दिन यह ट्रेन अपनी सबसे ज्यादा स्पीड, 132 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चली. जबकि इसकी औसत स्पीड 98.8 किलोमीटर प्रति घंटा थी।

 यह ट्रेन जल्दी ही मशहूर हो गई। इसे बाद में ओहायो के क्लीवलैंड तक बढ़ा दिया गया, यानी इसे 998 किलोमीटर की कुल दूरी तय करनी होती थी। न्यूयॉर्क सिटी से अलबैनी तक यह ट्रेन 230 किलोमीटर की दूरी नॉनस्टॉप तय करती थी। इससे पहले सबसे तेज रफ्तार ट्रोन ब्रिटेन में थी. लंदन से एडिनबरो जाने वाली ट्रेन की रफ्तार 1888 में 84.5 किलोमीटर प्रति घंटा थी। फिलहाल भारत की सबसे तेज ट्रेन भोपाल शताब्दी एक्सप्रेस 161 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलती है।


14-Sep-2021 9:32 AM (28)

चेंचु, दक्षिण भारत में पाई जानी वाली एक जनजाति है।  इनकी जनसंख्या लगभग 24 हजार। चेंचु मूल रूप से आंध्रप्रदेश राज्य के निवासी हैं। ये लोग क्षेत्र की द्रविड़ भाषा तेलुगु की एक भिन्न बोली बोलते हैं। इनके घासफूस से बने गोल घर, क्षेत्र में रहने वाले अन्य लोगों के घरों से अलग होते हैं। कुछ चेंचु अपना भोजन शिकार द्वारा और जंगलों से खाद्य पदार्थ, विशेषकर कंद एकत्र करके प्राप्त करते हैं।

धनुष और बाण, धातु के शीर्ष वाली खुदाई की छड़, कुल्हाड़ी और साधारण चाकू उनके हथियार हैं। चेंचु भारत के मूल निवासियों में से है, जो प्रभावशाली हिंदू सभ्यता से सबसे ज्यादा अलग-थलग है। इनके रीति रिवाज बहुत कम और साधारण हैं। धार्मिक और राजनीतिक विशिष्टïताएं भी नगण्य हैं, छोटे संयुग्मी परिवारों का बाहुल्य है, जिनमें महिलाओं को पुरुषों के बराबर दर्जा हासिल है और वे परिपक्वता के बाद ही विवाह करती हैं।

अधिकांश चेंचु बढ़ते कृषक समुदाय के कारण कृषि तथा वन मजदूर बन गए हैं और अपनी घुमंतू, भोजन एकत्र करने वाली जीवन शैली से बाहर आ गए हैं। अधिकांश लोगों ने हिंदू देवताओं और प्रथाओं को अपना लिया है और उन्हें अपेक्षाकृत ऊंची जातीय हैसियत प्राप्त है।

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14-Sep-2021 9:28 AM (28)

 1. निम्नलिखित में सबसे लंबे और सुंदर पंखों वाला पक्षी कौन सा है?

(अ) तीतर (ब) तोता (स) सारस (द) मोर

2. सबसे शुभ माना जाने वाला पक्षी है?

(अ) नीलकंठ (ब) मोर (स) शुतुरमुर्ग (द) सारस

3. निम्नलिखित में से किस जीवन के दांत सबसे अधिक हैं?

(अ) गाय (ब) घोड़ा (स) खरगोश (द) गिलहरी

4. एस्टर ग्रह किसके चारों ओर चक्कर लगाते हैं?

(अ) ग्रह (ब) सूर्य (स) उपग्रह (द) इनमें से कोई नहीं

5. सबसे ज्यादा समय लेकर सूर्य के चारों ओर निम्नलिखित में से कौन सा ग्रह घूमता है?

(अ) यूरेनस (ब) प्लूटो (स) नेप्च्यून (द) बृहस्पति

6. अपक्षय कहां होता है?

(अ) समतापमंडल (ब) क्षोभमंडल (स)बहिर्मंडल (द) आयनमंडल

7. वायुमंडल की किस परत का तापमान एक समान रहता है?

(अ) क्षोभमंडल (ब) बहिर्मंडल (स) समतापमंडल (द) आयनमंडल

8. बादल क्या है?

(अ) संचित भाप (ब) अवपाती वर्षा (स) छोटी-छोटी बूंदें तथा बर्फ के कणों के रूप में घनीभूत नमी (द) घनीभूत नमी

9. पक्षाभ का अर्थ क्या है?

(अ) ओलों से युक्त बादल (ब) निम्न बादल (स) संचित भाप (द) उच्च बादल

10. बर्फीले तूफान किस क्षेत्र में आते हैं?

(अ) शीतोष्ण क्षेत्र (ब) भूमध्य क्षेत्र (स)उष्णकटिबंधीय क्षेत्र (द) अंटार्कटिक क्षेत्र (दक्षिणी धु्रव)

11. गरम हवा ऊपर क्यों उठती है?

(अ) गरम हवा भारी होती है (ब) गरम हवा हल्की तथा कम घनी होती है (स) यह गरम हवा की प्रकृति होती है (द) इनमें से कोई नहीं

12. निम्नलिखित राष्टï्रीय उद्यान या वन्यजीव अभयारण्य में से कौन सा जबलपुर तथा नागपुर के बीच राष्टï्रीय राजमार्ग संख्या सात के समीप स्थित है?

(अ) बांधवगढ़ (ब) पन्ना (स) पेंच (द) तडोबा

13. ओजोन पृथ्वी के वायुमंडल में ज्यादातर?

(अ) पांच किमी तथा 10 किमी के बीच पाई जाती है (ब) 10 किमी तथा 20 किमी के बीच पाई जाती है (स)20 किमी तथा 50 किमी के बीच पाई जाती है (द) 50 किमी तथा 100 किमी के बीच पाई जाती है

14. सोडियम का सबसे अधिक पाया जाने वाला लवण निम्नलिखित में से है?

(अ) फ्लोराइड (ब) आर्सेनाइड (स) क्लोराइड (द) साइनाइड

15. माचिस में निम्नलिखित में से कौन सा फास्फोरस प्रयोग किया जाता है?

(अ) पीला (ब) सफेद (स) लाल (द) काला

16. निम्नलिखित में से कौन सर्वाधिक ऊंचाई पर है?

(अ) अन्नपूर्णा (ब) बद्रीनाथ (स) धौलागिरी (द) नंदादेवी

17. उत्तर-पश्चिम ऑस्ट्रेलिया में उग्र उष्णकटिबंधीय परिक्रामी तूफान क्या कहलाते हैं?

(अ) टाइफून (ब) टोरनाडो (स) हरीकेन (द) विली-विली

18. सीड ड्रेसर का प्रयोग कहां होता है?

(अ) बुवाई से पूर्व बीज को रोग रहित करने के लिए उसमें दवाएं व रसायन मिलाने हेतु (ब) बीज को समान दूरी पर बोने हेतु (स) बीज को उत्तम श्रेणी का बनाने हेतु (द) बीज को अधिक समय तक कार्यशील बनाए रखने हेतु

19. लकड़ी के गहरे गड्ढे बनाने में प्रयोग किया जाने वाला उपकरण कौन सा है?

(अ) वसूला (ब) आरी (स) ड्रा नाइफ (द) रुखानी

20. लकड़ी में फंसी कील निकालने के लिए निम्नलिखित में से किसका प्रयोग किया जाता है?

(अ) पंजेदार हथौड़े से (ब) जंबूर से (स) प्लास से (द) उपर्युक्त सभी यंत्रों से

21.  शेरशाह सूरी ने बड़ी संख्या में सरायें बनवाई थी। इनकी संख्या लगभग कितनी थी?

(अ) दो हजार (ब)  पांच हजार (स) सत्रह सौ (द) अ_ïारह सौ

22.  शेरशाह सूरी के शासन काल में  भूमि नापने के लिए किसका उपयोग किया जाता था?

(अ) बांस (ब) लोहे की छड़ (स) रस्सा (द) इनमें से कोई नहीं

23. दक्षिण भारत में नायनार कौन कहलाते थे?

(अ)शैव धर्मावलम्बी(ब) वैष्णव धर्मावलम्बी(स) ब्राह्मïण धर्मावलम्बी (द) जैन धर्मावलम्बी

24. दक्षिण भारत में अलवार कौन कहलाते थे?

(अ) शैव धर्मावलम्बी (ब) वैष्णव धर्मावलम्बी (स) ब्राह्मïण धर्मावलम्बी (द) जैन धर्मावलम्बी

25. किस अधिनियम के द्वारा सबसे पहले भारतीयों को भारत के प्रशासन में सहयोग देने में सक्षम बनाया गया?

(अ) अधिनियम 1858 ई.  (ब) अधिनियम 1861 ई.  (स) अधिनियम 1909 ई.  (द) अधिनियम 1892 ई.

26. 1935 के अधिनियम  के द्वारा साम्प्रदायिक प्रतिनिधित्व?

(अ) लागू किया गया (ब) समाप्त किया गया (स) वैसे ही रहने दिया गया (द) इनमें से कोई नहीं

27. निम्नलिखित में से किसको आधारिक संरचना क्षेत्र में शामिल नहीं किया जाता ?

(अ) विद्युत उत्पादन (ब) सडक़ों का निर्माण (स) खाद्य उत्पादन (द) हवाई अड्डïों का प्रसार

28. विन्टेज कारों का निर्माण निम्नलिखित में से किस अवधि में हुआ था?

(अ) 1945 और 1960 के बीच में (ब) 1939 और 1945 के बीच में (स) 1930 और 1939 के बीच में (द) 1918 और 1930 के बीच में

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सही जवाब- 1.(द) मोर, 2.(अ) नीलकंठ, 3.(ब) घोड़ा, 4.(ब) सूर्य, 5.(ब)प्लूटो, 6.(ब) क्षोभमंडल, 7.(स) समतापमंडल, 8.(स) छोटी-छोटी बूंदें तथा बर्फ के कणों के रूप में घनीभूत नमी, 9.(द)उच्च बादल, 10.(द)अंटार्कटिक क्षेत्र(दक्षिणी धु्रव), 11.(ब)गरम हवा हल्की तथा कम घनी होती है, 12.(स)पेंच, 13.(स)20 किमी तथा 50 किमी के बीच पाई जाती है, 14.(स)क्लोराइड, 15.(स) लाल, 16.(स) धौलागिरी, 17.(द) विली-विली, 18.(अ) बुवाई से पूर्व बीज को रोग रहित करने के लिए उसमें दवाएं व रसायन मिलाने हेतु, 19.(द) रुखानी, 20.(द) उपर्युक्त सभी यंत्रों से, 21.(स) सत्रह सौ, 22.(स) रस्सा, 23.(अ)शैव धर्मावलम्बी, 24.(ब) वैष्णव धर्मावलम्बी, 25.(ब) अधिनियम 1861 ई., 26.(स) वैसे ही रहने दिया गया, 27. (स) खाद्य उत्पादन, 28.(द) 1918 और 1930 के बीच में।

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13-Sep-2021 10:05 PM (46)

 1. ऋग्वेद के दसवें मंडल में नदी सुक्त है, जिसमें 25 नदियों के नाम हैं, उसमें वर्णित अंतिम नदी है?

(अ) कुभा (ब) गोसल (स) गोमती (द) गंगा
2. ऋग्वेद में सर्वाधिक सूक्त किस देवता को समर्पित है?
(अ) इंद्र (ब) वरुण (स) अग्नि (द) रूद्र
3. निम्नलिखित चार वेदों में किस एक में जादुई माया और वशीकरण का वर्णन है?
(अ) ऋग्वेद (ब) यजुर्वेद (स) अथर्ववेद (द) सामवेद
4. निवि, परिधान तथा अधिवास क्या थे?
(अ) आर्यों के विभिन्न प्रकार के वस्त्र (ब) आर्य राजाओं के सरकारी अधिकारी (स) प्राचीन भारत के कबीली लोग (द) प्राचीन काल के भारतीयों के संगीत वाद्य
5. भारत में संस्कृत भाषा के प्रथम वैयाकरण पाणिनी किस कालावधि में थे?
(अ) दूसरी शताब्दी में ईसा पूर्व (ब) छठी-पांचवीं शताब्दी ईसा पूर्व (स) दूसरी शताब्दी ई. (द) पांचवीं-छठी शताब्दी ई
6. महावीर तथा प्रमुख तीर्थंकरों की जीवनियां निम्न में से किसमें संकलित हैं?
(अ) आचारांग सूत्र में (ब) समवायांग सूत्र में (स) भगवती सूत्र में (द) नायाधम्मकहासुत में
7. हिदबुधे जाते शाक्यमुनि- यह उद्धरण कहां अंकित है?
(अ) सारनाथ स्तंभ लेख (ब) कौशाम्बी स्तंभ लेख (स) लुम्बिनी स्तंभ लेख (द) इनमें से कोई नहीं
8. गौतम बुद्ध किस कुल के थे?
(अ) ज्ञातृक कुल (ब) शाक्य कुल (स) मल्ल कुल (द) इनमें से कोई नहीं
9. महाभिनिष्क्रिमण बुद्ध के जीवन की किस घटना से संबद्ध है?
(अ) बुद्ध के पैदा होने से (ब) बुद्ध के गृहत्याग से (स) बुद्ध द्वारा ज्ञान प्राप्ति से (द) उपरोक्त सभी से
10. किस बौद्ध ग्रंथ में सोलह महाजनपद के बारें में जानकारी मिलती है?
(अ) दिव्यावदान (ब) महावंश (स) अंगुत्तर निकाय (द) खुद्दक निकाय
11. निम्नलिखित में से किस जैन ग्रंथ में सोलह महाजनपदों का उल्लेख है?
(अ) कल्प सूत्र (ब) भगवती सूत्र (स) आचारांग सूत्र (द) इनमें से कोई नहीं
12. मालवा, गुजरात एवं महाराष्ट्र निम्नलिखित में से किस शासक ने पहली बार जीते?
(अ) हर्ष (ब) स्कंदगुप्त (स) विक्रमादित्य (द) चंद्रगुप्त मौर्य
13. निम्नलिखित में से कौन सा अशोककालीन अभिलेख खरोष्ठी लिपि में है?
(अ) कालसी (ब) गिटिनार (स) शाहबाजगढ़ी (द) मेरठ
14. बिंदुसार ने विद्रोहियों को कुचलने के लिए आशोक को कहां भेजा?
(अ) स्वर्णगिरि (ब) तक्षशिला (स) उज्जैन (द) तोशालि
15. मौर्य स्तंभों के लिए पत्थर प्राप्त किया जाता था?    
(अ) राजमहल पहाडिय़ों से (ब) राजगृह से (स) चुनार से (द) बराबर पहाडिय़ों से
16. कौटिल्य द्वारा प्रयुक्त धर्मस्थीय शब्द का तात्पर्य निम्नलिखित में से क्या था?
(अ) शैक्षणिक संस्था (ब) धार्मिक संस्था (स) न्यायालय (द) राजस्व विभाग
17. निम्नलिखित में से किस भारतीय राज्य को पोलो खेल का उद्गम माना जाता है?
(अ) पश्चिम बंग (ब) मेघालय (स) मणिपुर (द) सिक्किम
18. ऑलिवर काहन महान आधुनिक खिलाडिय़ों में से एक हैं। वह निम्नलिखित में से किस एक खेल से हैं?
(अ) हॉकी (ब) फुटबॉल (स) गोल्फ (द) बास्केटबॉल
19. प्रथम एक दिवसीय विश्व क्रिकेट कप टूर्नामेंट निम्नलिखित में से कहां खेला गया?
(अ) ऑस्ट्रेलिया (ब) इंग्लैंड (स) न्यूजीलैंड (द) वेस्टइंडीज
20. वॉलीबॉल में सर्विस रोटेशन होती है?
(अ) घड़ी की सूई घूमने की दिशा में (ब) घड़ी की सूई घूमने की विपरीत दिशा में (स) हर पांच मिनट बाद बाएं से दाएं (द) हर सेट में दाएं से बाएं
21. पोलवाल्ट का बादशाह किसे कहा जाता है?
(अ) सर्गेई बुबका (ब) एम्का जॉर्ज (स) ग्रिगोरी येगोरोव (द) रिआन बोथा
22. डर्बी घुड़दौड़ किस स्टेडियम पर आयोजित की जाती है?
(अ) ब्लैकहीथ (ब) लॉड्स (स) ओवल (द) इप्सम
23. निम्नलिखित में से कौन-सा एक महाद्वीप सफेद महाद्वीप कहलाता है?
(अ) उत्तरी अमेरिका (ब)अंटार्कटिका (स) पूर्वी एशिया (द) यूरोप
24. भारत में अरब सागर की रानी नाम किस नगर को दिया गया है?
(अ) पणजी (ब) सूरत (स) कोचीन (द) मुंबई
25. सूर्योदय का देश के नाम से कौन सा देश प्रसिद्ध है?
(अ) नॉर्वे (ब) जापान (स) ब्रिटेन (द) फिनलैण्ड
26. मरकत द्वीप के नाम से जाना जाता है?
(अ) आइसलैण्ड (ब) आयरलैण्ड (स) जिब्राल्टर (द) क्यूबा
27. पेट अथवा शरीर के अन्य आंतरिक अंगों के अन्वेक्षण के लिए प्रयुक्त तकनीक, एंडोस्कोपी आधारित है?
(अ) पूर्ण आंतरिक परावर्तन परिघटना पर (ब) व्यतिकरण परिघटना पर (स) विवर्तन परिघटना पर (द) धु्रवण परिघटना पर
28. समान विमाओं वाला युग्म कौन सा है?
(अ) स्थितिज ऊर्जा, रेखीय संवेग (ब) कोणीय संवेग, कार्य (स) कार्य, बल, आघूर्ण (द) गतिज ऊर्जा, वेग
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सही जवाब- 1.(स) गोमती, 2.(अ) इंद्र, 3.(स) अथर्ववेद, 4.(अ) आर्यों के विभिन्न प्रकार के वस्त्र, 5.(अ)दूसरी शताब्दी में ईसा पूर्व, 6.(स) भगवती सूत्र में, 7.(स) मल्ल कुल, 8.(अ) ज्ञातृक कुल, 9.(ब) बुद्ध के गृहत्याग से, 10.(स) अंगुत्तर निकाय, 11.(ब)भगवती सूत्र, 12.(द) चंद्रगुप्त मौर्य, 13.(स) शाहबाजगढ़ी,14.(ब)तक्षशिला, 15.(स) चुनार से, 16.(स) न्यायालय, 17.(स)मणिपुर, 18.(ब) फुटबॉल, 19.(ब)इंग्लैंड, 20.(अ) घड़ी की सूई घूमने की दिशा में, 21.(अ) सर्गेई बुबका, 22.(द) इप्सम, 23.(ब)अंटार्कटिका, 24.(स) कोचीन, 25.(ब) जापान, 26.(ब)आयरलैण्ड, 27.(अ) पूर्ण आंतरिक परावर्तन परिघटना पर, 28.(स) कार्य, बल, आघूर्ण।


13-Sep-2021 9:59 PM (35)

अल्जाइमर बीमारी (एडी) चिरकालिक डिमेंशिया का एक रूप है जो मस्तिष्क के विभिन्न क्षेत्रों में प्लेग एकत्र होने और विभिन्न प्रकार के स्नायुओं के नष्ट होने के कारण होता है। यह आमतौर पर 70 वर्ष की आयु के बाद शुरू होता है। इसके प्रारंभिक लक्षणों में विस्मृति और सुगंध/स्वाद के प्रति संवेदनशीलता में कमी आना शामिल है जिसकी परिणति धीरे धीरे व्यवहार संबंधी समस्याओं के रूप में होती है जैसे अस्थिर चित्त, उग्रता और निद्रादोष प्रकट होना। इनका दुष्प्रभाव भोजन ग्रहण करने और सुरक्षित पोषक तत्वों की बर्बादी के रूप में सामने आता है जिससे पौष्टिक तत्वों की कमी हो जाती है।

 पार्किंसन बीमारी (पीडी) डोपामाइन का समुचित सृजन न हो पाने के कारण होती है। इसकी शुरूआत आमतौर पर करीब 60 वर्ष की आयु या उससे पहले होती है। यह बीमारी महिलाओं की तुलना में पुरुषों में अधिक होती है। इसके लक्षणों में हाथ, भुजा, पैर, जबड़ा और चेहरा कांपना; हाथ, पैर और धड़ का सख्त होना; गति में कमी आना; और संतुलन/समन्वय का अभाव होना शामिल है। कुछ रोगियों को डिप्रेशन और निद्रा संबंधी समस्याएं भी होती हैं।

मन्सूरिया
13 सितम्बर सन 1250 ईसवी को ईसाइयों और मुसलमानों के बीच मन्सूरिया नामक युद्ध आरंभ हुआ। यह युद्ध जिसे क्रूसेड के नाम से भी जाना जाता है, मिस्र में हुआ। फ्रांस के सम्राट सेन्ट लुई मिस्र पर अधिकार जमाने के प्रयास में थे किंतु विख्यात मुस्लिम कमांडर सलाहुद्दीन अयूबी के नेतृत्व में मुसलमान सेना ने ईसाई सेना को पराजित किया और लुई गिरफ़तार कर लिए गये।


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