रायगढ़

रायगढ़, गोमर्डा अभ्यारण्य को बारिश में चार माह के लिए किया गया था बंद, वन्यप्राणी बिना भय के जंगल में स्वच्छंद विचरण कर सके, पर्यटकों के लिए खोल दिया
रायगढ़, गोमर्डा अभ्यारण्य को बारिश में चार माह के लिए किया गया था बंद, वन्यप्राणी बिना भय के जंगल में स्वच्छंद विचरण कर सके, पर्यटकों के लिए खोल दिया
Date : 06-Nov-2019

गोमर्डा अभ्यारण्य को बारिश में चार माह के लिए किया गया था बंद, वन्यप्राणी बिना भय के जंगल में स्वच्छंद विचरण कर सके, पर्यटकों के लिए खोल दिया
छत्तीसगढ़ संवाददाता
रायगढ़, 6 नवंबर।
जिले का एकमात्र गोमर्डा आभ्यरण्य को बारिश में चार माह के लिए बंद कर दिया गया था ताकि वन्यप्राणी बिना भय के जंगल में स्वच्छंद विचरण कर सके, लेकिन हर साल की तरह इस वर्ष भी एक नवबंर से गोमर्डा अभ्यारण्य का गेट पर्यटकों के लिए खोल दिया गया है और अब पर्यटक वन्यप्राणियों को देख सकेंगे।

विदित हो कि गर्मी के मौसम के दौरान पर्यटकों की काफी भीड़ इस आभ्यरण्य में देखी जाती है। वन्यप्राणियों को सुरक्षित रखने के लिए उन पर वनकर्मी निरंतर निगरानी करते हैं। वहीं जंगल में वन्यप्राणियों के पीने का पानी के लिए अलग-अलग स्थानों में पानी की टंकी में पानी की व्यवस्था भी गई थी। जहां वन्यप्राणी पानी पीने आते थे और पर्यटक खुले में विचरण करते देख रहे थे, लेकिन बारिश के मौसम में चार माह के लिए गोमर्डा अभ्यारण्य का गेट बंद कर दिया गया था और यहां भ्रमण करना पूरी तरह प्रतिबंधित था, लेकिन एक नवंबर से एक बार फिर से गोमर्डा अभ्यारण्य का गेट खोल दिया गया है और एक बार फिर से वन्यप्राणियों को खुले में विचरण करते हुए पर्यटक देख सकेंगे। ऐसे में अब यहां भ्रमण के लिए बुकिंग भी शुरू कर दिया गया है। हालांकि बताया जा रहा है कि अभी बहुत ज्यादा संख्या में वन्यप्राणी नजर नहीं आ रहे हैं, क्योंकि अभी हर जगह पर्याप्त रूप से वन्यप्राणियों के लिए खाना व पानी मौजूद है। 

तत्कालीन अधीक्षक का प्रयास सराहनीय
गोमर्डा अभ्यारण्य में करीब 6-7 वर्ष पूर्व यहां बहुत ही कम मात्रा में वन्यप्राणियों को देखा जाता था, लेकिन तत्कालीन गोमर्डा अधीक्षक एके व्यास ने जब यहां पदभार संभाला तो उन्होंने गंभीरता से कार्य करने सभी कर्मचारियों को निर्देशित करते हुए अभ्यारण्य के भीतर असामजिक तत्वों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगवा दिया। जगह-जगह बेरियर बनवा दिया गया ताकि कोई भी यहां प्रवेश न कर सके और उत्पात न मचाए। 

अभ्यारण्य के भीतर असामाजिक तत्वों के प्रवेश पर पूरी तरह लगाम लग गया और नतीजा हुआ कि यहां वन्यप्राणियों की संख्या लगातार बढ़ते गई। वर्तमान में काफी संख्या में अब यहां वन्यप्राणियों को झुंड में देखा जाता है। 

गोमर्डा अभ्यारण्य एक नवंबर से पर्यटकों के लिए खोल दिया गया है। वाहन बुकिंग कराकर पर्यटक यहां भ्रमण कर सकते हैं। अभ्यारण्य के भीतर वनों व वन्यप्राणियों की सुरक्षा के लिए लगातार निगरानी की जा रही है 
आरके सिसोदिया
अधीक्षक, गोमर्डा अभ्यारण्य

Related Post

Comments