सरगुजा

महंगाई भत्ता के लिए विधानसभा ट्विटर कैम्पेन 25 को,
22-Jul-2021 8:26 PM (111)
महंगाई भत्ता के लिए विधानसभा ट्विटर कैम्पेन 25 को,

  मुख्यमंत्री को टैग कर मांगेंगे केंद्र के बराबर महंगाई भत्ता    

अम्बिकापुर, 22 जुलाई। छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के सरगुजा जिला अध्यक्ष मनोज वर्मा ने कहा है कि लंबित मंहगाई भत्ता नहीं मिलने से कर्मचारियों को प्रतिमाह 3.50 हजार से 16 हजार तक का नुकसान हो रहा है। 01 जुलाई 2019 से अब तक के लंबित मंहगाई भत्ता का कैबिनेट बैठक में निर्णय नहीं होने से शिक्षक व कर्मचारियों निराश हैं, उन्हें केबिनेट बैठक में केंद्र के बराबर 28 प्रतिशत महंगाई भत्ता के निर्णय की आस थी। कर्मचारी समयबद्ध लंबित 16 प्रतिशत महंगाई भत्ता चाहते थे। एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष संजय शर्मा ने मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, सचिव सामान्य प्रशासन विभाग छत्तीसगढ़ शासन, रायपुर को पत्र लिखकर 01 जुलाई 2019 से अब तक लंबित मंहगाई भत्ता का आदेश शीघ्र जारी करने की मांग की थी।

छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेशाध्यक्ष संजय शर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष हरेंद्र सिंह, प्रांतीय पदाधिकारी भरत सिंह ,  विनीता सिंह , जिलाध्यक्ष मनोज वर्मा तथा सरगुजा जिले के जिला पदाधिकारीसहित जिला पदाधिकारी अमित सिंह, प्रदीप राय ,काजेश घोष, अरविंद सिंह , अनिल तिग्गा , राजेश गुप्ता , लव गुप्ता , रामबिहारी गुप्ता,संजय चौबे , सुरित राजवाड़े, रोहिताश शर्मा , प्रशांत चतुर्वेदी ,राकेश दुबे , करण जोगी, विक्रम श्रीवास्तव,कंचनलता श्रीवास्तव,कुमुदिनी मिंज नाजिम खान, संजय अम्बष्ट,अरविंद राठौड़ , लखन राजवाड़े, राकेश पांडेय, अमित सोनी, रणबीर सिंह चौहान, जवाहर खलखो, शुशील मिश्रा, ने कहा कि जुलाई 2019 से लंबित 5 प्रतिशत मंहगाई भत्ता एवं जनवरी 2020 से लंबित 4 प्रतिशत मंहगाई भत्ता, जुलाई 2020 से लंबित 3 प्रतिशत भत्ता, जनवरी 2021 से लंबित 4 प्रतिशत भत्ता को मिलाकर जून 2021 की स्थिति में 28 प्रतिशत मंहगाई भत्ता देने की मांग को लेकर 26 जुलाई को विधानसभा सत्र प्रारम्भ होने के पूर्व टीचर्स एसोसिएशन के आह्वान पर 25 जुलाई को ट्विटर में मुख्यमंत्री जी को टैग कर हजारों शिक्षक व कर्मचारी केंद्र के बराबर 28 प्रतिशत महंगाई भत्ता समयबद्ध तिथि से देने की मांग करेंगे। केंद्र सरकार के निर्णय के बाद छत्तीसगढ़ सरकार को लंबित महंगाई भत्ता की किश्त जारी करते हुए 28 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने का निर्णय कैबिनेट की बैठक में लिए जाने की उम्मीद प्रदेश भर के कर्मचारियों को थी, अब प्रदेश के समस्त कर्मचारियो में रोष व्याप्त है।

 छत्तीसगढ़ में 01 जुलाई 2019 से अभी तक लंबित मंहगाई भत्ता का आदेश जारी नहीं किया गया है,जबकि इस अवधि में महंगाई सूचकांक में लगातार वृद्धि हुआ है, जिससे कर्मचारी परिवार पर महंगाई के भारी बोझ होने से उनका घरेलू बजट बिगड़ गया है, महंगाई भत्ता जारी होने से कुछ राहत मिलेगी, आखिर महंगाई की मार कर्मचारी भी झेल रहे हंै।

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