छत्तीसगढ़ » रायपुर

18-Apr-2021 6:08 PM 53

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 18 अप्रैल। लॉकडाउन के बावजूद दुकान खोलकर सामान बेचते दो दुकानदारों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उनका दुकान सील कर दिया है।

कलेक्टर एस भारतीदासन ने पूरे जिले को कंटेनमेंट जोन घोषित किया है। 19 तारीख से कुछ छूट दी गई है। मगर इससे पहले ही नहीं बल्कि ठेले के माध्यम से किराना सामान बेचने की अनुमति दी हैं लेकिन तेलीबांधा व मंदिरहसौद क्षेत्र में दुकानदारों ने बकायता शटर उठाकर लोगों को सामान देना शुरु कर दिए थे। सूचना मिलने पर पहुंची तत्काल वहां पहुंची और दोनों दुकानों को सील करने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया।

बताया गया कि जय जवान चौक के समीप किराना दुकानदार सुशील कुमार ने लॉकडाउन के नियमों का खुला उल्लंघन करते हुए शटर को पूरी तरह से उठाकर बकायदा लोगों को सामान बेच रहा था। तेलीबांधा थाने को इसकी सूचना मिली तो पेट्रोलिंग पुलिस मौके पर पहुंची और पुलिस ने दुकानदार को आलू, प्याज और अन्य किराना सामान बेचते हुए गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ धारा 269, 270 के तहत मामला दर्ज किया।

इसी तरह मंदिर हसौद के सत्यवाटिका कॉलोनी में किराना दुकान खोलकर संचालन कर रहे लॉकडाउन का नियमों का उल्लंघन करते हुए दुकान खोलकर सामान बेच रहा था। सूचना पर मंदिरहसौद पुलिस मौके पर पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया।


18-Apr-2021 6:08 PM 16

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 18 अप्रैल। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामोद्योग मंत्री गुरु रूद्रकुमार ने आज  बढ़ते कोरोना संक्रमण के मद्देनजर विधानसभा अहिवारा के सभी समाज प्रमुखों और जनप्रतिनिधियों के साथ वर्चुअल बैठक की। मंत्री गुरु रुद्रकुमार ने कोरोना पीडि़तों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए जरूरी कदम उठाने की बात कही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कोरोना संक्रमण के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए चिकित्सा संबंधी बेहतर से बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करा रही है। इस विषम परिस्थिति में कोरोना संक्रमण को रोकने सामाजिक संगठनों, प्रमुखों और जनप्रतिनिधियों द्वारा बढ़-चढक़र जो अपनी सहभागिता निभा रहे हैं वह सराहनीय है।

इस वर्चुअल बैठक में कुर्मी समाज के श्री उमेश बघेल ने भिलाई-3 स्थित कुर्मी समाज के सामुदायिक भवन (मंगल भवन) को कोविड सेंटर बनाने व कोरोना से मृत व्यक्ति के अंतिम संस्कार के लिए मुक्तिधाम में लकड़ी की उपलब्धता  सुनिश्चित करने की मांग की।

वहीं गुजराती समाज के प्रमुख श्री प्रकाश लोहाना ने कहा कि नए बनने वाले कोविड सेंटर में गुजराती समाज, भिलाई-3 के व्यापारी संघ के साथ मिलकर कोविड सेंटर में भर्ती मरीजों के लिए जलपान व भोजन की मुफ्त में उपलब्धता करने की बात कही।


18-Apr-2021 6:06 PM 19

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 18 अप्रैल। राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके शनिवार को महावीर जयंती के अवसर पर 17 से 25 अप्रैल तक आयोजित अष्ट दिवसीय समारोह तथा जैन मुनि आचार्य डॉ.लोकेशजी के जन्मदिवस पर आयोजित समारोह में वर्चुवल रूप से शामिल हुई। उन्होंने इस अवसर पर भगवान महावीर स्वामी का नमन किया और जैन मुनि आचार्य लोकेश को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं दी। राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान महावीर के दर्शन और उपदेश का सार्वभौमिक और प्रासांगिक है। जैन धर्म का जियो और जीने दो का संदेश आज भी पूरे विश्व को राह दिखाने वाला है। जैन धर्म में पांच महाव्रत है। इन व्रतों का पालन कर कोई भी व्यक्ति अपने जीवन को सफल बना सकता है। कोरोना संक्रमण के भयावह संकट से गुजर रहे हैं। भगवान महावीर स्वामी तप एवं अनुशासन और संयम पर बल देते थे। जैन मुनियों तथा समस्त संतों के जीवन आदर्शों का पालन करें तो प्रकृति के अनुकुल रहेंगे और सदैव निरोगी रहेंगे और संक्रामक बीमारियों से भी रक्षा होगी।

 राज्यपाल ने कहा कि आचार्य लोकेश जी की धर्म को समाज सेवा से जोड़ा, उसे सामाजिक बुराइयों को मिटाने का माध्यम बनाया। उनके नेतृत्व में अहिंसा विश्व भारती संस्था द्वारा कन्या भ्रुण हत्या के खिलाफ, नशें के खिलाफ जो अभियान चला रही है उसकी जितनी सराहना की जाए वो कम है। सुश्री उइके ने कहा कि सेवा सद्भावना का शुभारंभ ऐसे समय में हो रहा है जब विश्व में चारों ओर अशांति का वातावरण है। मेरा मानना है कि अशांत विश्व को अगर कोई शांति का सन्देश दे सकता है, इस दुनिया को हिंसा व आतंकवाद से निजात दिला सकता है, तो वह भगवान महावीर का अहिंसा व अनेकांत का दर्शन है, और आचार्य डॉ लोकेश जी उस दर्शन को लेकर पिछले 38 वर्षो से विश्व भर में निरंतर प्रयासरत है। उल्लेखनीय है कि अहिंसा विश्व भारती संस्था द्वारा उनके साठवें जन्मदिवस को सेवा सद्भावना वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है।

राज्यपाल ने कहा कि मुझे विश्वास है अहिंसा विश्व भारती संस्था द्वारा सेवा सद्भावना वर्ष के अंतर्गत देश के कोने-कोने में साल भर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों से समाज के जरूरतमन्द वर्ग को बहुत बड़ी राहत मिलेगी। ऐसे कार्यक्रमों की जितनी सराहना की जाए वो कम है। उन्होने कहा कि आज हम यह देखते हैं कि जैन मुनि-संत अहिंसा पर बल देते हुए हमेशा अपने मुख को ढंके हुए रहते हैं। इससे अहिंसा का पालन तो होता ही है साथ में शरीर को नुकसान पहुंचाने वाले रोगाणु-विषाणु से रक्षा होती है।

आज ऐसी परिस्थितियां आई है कि आज सभी को मास्क पहनने का आग्रह कर रहे हैं और मास्क पहनना पड़ रहा है। इससे यह प्रतीत होता है कि यदि जैन-मुनियों के जीवन दर्शन का पालन करते रहे तो ऐसे संकट का सामना नहीं करना पड़ता। भगवान महावीर ने अपने संदेश में कहा था कि कोई भी जन्म से निर्धन नहीं अथवा धनी नहीं होता। उन्होंने कहा कि व्यक्ति को अपने जन्म से नहीं बल्कि कार्यों द्वारा जानना चाहिए। ऐसे सिद्धांत पर अमल करने से आधुनिक समाज के निर्माताओं द्वारा संकल्पित न्यायपूर्ण सामाजिक व्यवस्था के आदर्श को बढ़ावा मिलेगा।

इस वेबिनार में आचार्य लोकेश मुनि ने भी अपना संबोधन दिया। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल, केंद्रीय मंत्री  पुरूषोत्तम रूपाला, योगगुरू बाबा रामदेव, रविशंकर महाराज तथा अन्य गणमान्य नागरिक वर्चुवल रूप से उपस्थित थे।


17-Apr-2021 5:13 PM 79

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

महासमुंद, 17 अप्रैल। कोरोना के वजह से स्कूलों में ताले लगे हैं और नर्रा एटीएल के छात्र घर में बैठकर ऑनलाइन मोड से टिंकर फ्रॉम होम की तर्ज पर नई तकनीकी सीख रहे हैं।

शासकीय कुलदीप निगम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय एटीएल नर्रा की छात्रा हिमांशी देवांगन और यमुना यादव ने ऑनलाइन पढ़ाई और ऑनलाइन एग्जाम के दौरान किसी भी प्रकार के नकल गतिविधियों को रोकने के लिए सॉफ्टवेयर तैयार किया है। इस सॉफ्टवेयर की मदद से ऑनलाइन एग्जाम के दौरान अगर कोई छात्र सवालों को हल करने के लिए मोबाइल या बुक अथवा किसी अन्य व्यक्ति की मदद लेते हुए नकल करने की कोशिश करते हैं तो इस सॉफ्टवेयर की मदद से उन्हें पकड़ा का सकता है। इस से ऑनलाइन एग्जाम भी सही तरीके से करने मदद मिलेगी। छात्राओं के मुताबिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डाटा साइंस  तकनीक का उपयोग करते हुए इंटेल की वैज्ञानिकों की मदद से इस सॉफ्टवेयर को तैयार किया है। छात्रा हिमांशी और यमुना ने बताया कि ग्रामीण स्कूल में पढ़ते हुए भी ऐसी सुविधाएं और मंच उपलब्ध कराने में विद्यालय के व्याख्याता सुबोध कुमार तिवारी ने महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया है।

 


17-Apr-2021 5:08 PM 33

रायपुर, 17 अप्रैल। राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने प्रदेशवासियों से कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण के मद्देनजर सजगता और सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा है कि कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए शासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें और विशेष सावधानी बरतें। सामाजिक दूरी का पालन करें, मास्क अवश्य लगाएं तथा हाथों को बार-बार धोते रहें।  उन्होंने कहा है कि हम अपना आत्मबल बनाए रखें, धैर्य रखें। हमने कोरोना संक्रमण के पहले चरण में एकजुट होकर सामना किया था। इस बार भी एकजुटता दिखानी है। यह सभी के लिए संकट का समय है, जैसा भी हो सके सेवा कार्य के लिए आगे आए। इस समय मानवता के लिए की गई सेवा राष्ट्र के प्रति सच्ची सेवा होगी। उन्होंने कहा कि यह प्रयास करना है कि हरसंभव एक-दूसरे की मदद करें। यह संकट का समय है, इच्छाशक्ति, संयम और एकता से हम इस कोरोना संक्रमण को अवश्य हरा पाएंगे।


17-Apr-2021 5:07 PM 21

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल। डॉ.भीमराव अंबेडकर स्मृति चिकित्सालय के क्रिटिकल केयर विषेषज्ञ डॉ ओ पी सुंदरानी ने कहा कि हर कोविड पॉजिटिव मरीज को रेमडेसिविर इंजेक्शन की आवश्यकता नही होती है । इस से  केवल मॉडरेटली सीवियर और सीवीयर कोविड मरीजों को लाभ हो  सकता है-पर यह भी दावे से नही कह सकते कि  रेमडेसिविर लगाने से मरीज ठीक ही हो जाएगा या नही लगेगा तो ठीक नही होगा ।

ऐसा किसी रिसर्च में प्रमाणित नही हुआ है। बिना रेमडेसिविर के भी बहुत मरीज ठीक होते हैं और रेमडेसिविर लगा कर भी कई मरीज ठीक नही हो पाते हैं। इसलिए इस इंजेक्शन को लेकर ज्यादा घबराने की जरूरत नही है। इस दवाई से कुछ मरीजों में रिकवरी तेज हो जाती है यह पता चला है- पर ऐसा कुछ ही मरीज़ों में हुआ है। उन्होने कहा कि मरीज अपनी मर्जी से यह इंजेक्शन न लगाएं,यह चिकित्सक के ऊपर छोड़ दें, जो उन्हे बेहतर इलाज लगेगा वे करेंगे।

डॉ. प्रणीत फटाले -सब रिजनल टीम लीडर विश्व स्वास्थ्य संगठन -एन पी एस पी का कहना है कि रेमडेसिविर इंजेक्शन का उपयोग कोविड 19 के मरीजों पर कितना प्रभावी होता है और किन मरीजों पर इसका असर सकारात्मक होता है , इसका कोई प्रमाण नही मिला है। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा कराए गए परीक्षण में यह पाया गया कि इस इंजेक्शन के उपयोग से मरीजों की मृत्यु दर,मेकेनिकल वेंटीलेशन, क्लिनिकल सुधार, अस्पताल में रूकने की अवधि आदि पर भी कोई महत्वपूर्ण परिणाम नहीं दिखा है।

उपलब्ध डाटा के आधार पर यह नही कहा जा सकता कि यह मरीज की संपूर्ण स्थिति में सुधार लाता है।ब्रिटिश मेडिकल जर्नल में छपी एक स्टडी अनुसार कोविड-19 के उपचारों के सम्बंध में किए गए सबसे बड़े ट्रायल में भी रेमडेसिविर से बीमारी के दौरान या मृत्यु पर कोई परिमेय प्रभाव देखने को नहीं मिला है।    केन्द्र शासन ने भी हाल ही में इस दवाई के अंधाधुध उपयोग पर चिंता जताई और कहा कि डॉक्टरों को इसका उपयोग नैशनल कोविड प्रोटोकाल के अनुसार एवं केवल आक्सीजन सपोर्ट वाले मरीजों पर सोच-समझ कर करना चाहिए। यह एक इंवेस्टिगेशनल दवाई है।

 


17-Apr-2021 5:07 PM 20

राज्य के 3391 विचारों का चयन मानक अवार्ड के लिए

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल।  भारत सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा इंस्पायर अवार्ड मानक योजना के अंतर्गत विज्ञान एवं सामाजिक अनुप्रयोगों में मूल विचार एवं नवाचारों के नामांकन के लिए छत्तीसगढ़ को देश के तृतीय सर्वश्रेष्ठ राज्य के रूप में चयनित किया गया है। इंस्पायर अवार्ड मानक योजना के तहत राज्य से विज्ञान एवं सामाजिक अनुप्रयोगों में मूल विचारों एवं नवाचारों हेतु भेजे गए कुल 55 हजार 565 नामांकन में से 3391 विचारों एवं नवाचारों का चयन मानक अवार्ड के लिए किया गया है।

भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सचिव आशुतोष शर्मा ने छत्तीसगढ़ राज्य के प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा डॉ. आलोक शुक्ला को प्रेषित पत्र में छत्तीसगढ़ राज्य की इस उल्लेखनीय उपलब्धि की सराहना की है। उन्होंने इंस्पायर अवार्ड मानक योजना के तहत मूल विचारों एवं नवाचारों को बेहतर बनाने के लिए विभाग द्वारा शिक्षकों का प्रशिक्षण राज्यों एवं केन्द्रशासित प्रदेशों में किए जाने तथा इसके लिए सलाहकार डॉ. संजय मिश्रा, संचालक डॉ. विपिन कुमार को इसके लिए राज्यों के शिक्षा विभाग से संपर्क किए जाने की जानकारी दी है।

उन्होंने उम्मीद जताई है कि इस कार्यक्रम को सफल बनाने और शिक्षकों को युवा छात्रों के बीच रचनात्मक नवाचार की बेहतर समझ और प्राकृतिक संस्कृति के प्रशिक्षण के लिए आपका आवश्यक सहयोग एवं मार्गदर्शन प्राप्त होगा। गौरतलब है कि विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा सफलतापूर्वक इंस्पायर अवार्ड मानक योजना 10 से 15 वर्ष की उम्र के बच्चे जो कि कक्षा छठवीं से कक्षा दसवीं में अध्ययरत हैं, उन्हें विज्ञान और सामाजिक अनुप्रयोगों की तरफ आकर्षिक और प्रेरित करने उनमें महत्वपूर्ण विचार एवं नवप्रवर्तन की भावना उत्पन्न करने के लिए संचालित किया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य नवसृजन एवं नवाचार, रचनात्मक और अभिनव सोच को स्कूली छात्रों में बढ़ावा देना है।


17-Apr-2021 5:06 PM 14

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के दिशानिर्देश पर मुख्यमंत्री सहायता कोष से कोरोना संकमण की रोकथाम हेतु  दी जाने वाली राशि का स्वविवेक से उपयोग करने की सभी जिला कलेक्टरों को अनुमति प्रदान की गई है।

मुख्यमंत्री सचिवालय से सभी कलेक्टरों को इस संबंध में पत्र प्रेषित कर दिशानिर्देश दिए गए हैं। पत्र में उल्लेखित है कि नोवेल कोरोना वायरस (कोविड-19) के संक्रमण की रोकथाम हेतु ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की शासकीय अधोसंरचना को विकसित करने हेतु जीवनदीप समितियों के माध्यम से मुख्यमंत्री सहायता कोष से आबंटित राशि के उपयोग की अनुमति दी गई है।

प्रदेश में वर्तमान में नोवेल कोरोना वायरस (कोविड-19) महामारी के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए जीवनदीप समितियों के माध्यम से आबंटित राशि के उपयोग की दी गई अनुमति में शिथिलता प्रदान करते हुए कोरोना महामारी की रोकथाम हेतु जिला कलेक्टर्स को उनके द्वारा अपने स्वविवेक से मुख्यमंत्री सहायता कोष द्वारा आबंटित राशि के उपयोग की अनुमति दी जाती है।

एम्बुलेंस के लिए 20-20 लाख दिए

सांसद सुनील सोनी ने सांसद निधि से स्वास्थ्य सुविधाओं में बढ़ोत्तरी के लिए पहल की है, और 20 लाख रूपए रायपुर जिले में एम्बुलेंस खरीदने के लिए दिए हैं। इसी तरह बलौदाबाजार जिले को भी 20 लाख रूपए देने पर सहमति दी है। ताकि दुरस्थ जगहों पर मरीजों को इलाज के लिए एम्बुलेंस से अस्पताल तक लाया जा सके।


17-Apr-2021 5:05 PM 15

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल। श्रम मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया ने श्रम कानून का पालन के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कोविड काल में किसी प्रकार से कर्मचारियों के साथ अन्याय किए जाने की शिकायत सामने आने पर वैधानिक कार्यवाही की चेतावनी भी दी है। इस संबंध में श्रम विभाग द्वारा सभी जिला कलेक्टरों को निर्देशित किया गया है कि जिलों में नगरीय निकायों/नगर पंचायतों के अधीन ठेकेदारों के माध्यम से कार्यरत सफाई कर्मकारों की सुध लेते हुए उन्हें शासन द्वारा उपलब्ध सुविधाएं मुहैया कराई जाए। ठेकेदारों के अधीन कार्यरत ऐसे सफाई कर्मचारियों पर किसी तरह अन्याय न हो इसके लिए विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं।

कोरोना वायरस के संकटापन्न स्थिति में जिलों के प्रथम पंक्ति के कार्यकर्ता के रूप में सफाई का कार्य संपादित कर रहे हैं, इन सफाई कर्मियों को आवश्यकतानुसार सुरक्षा उपकरण जैसे मास्क, ग्लव्स इत्यादि उपलब्ध नहीं कराने और  कोई चिकित्सा बीमा नहीं होने की शिकायत सामने आई है। सफाई कर्मियों को लॉकडाउन अवधि में  कार्य से पृथक करने की धमकी देने की शिकायत भी कुछ ठेकेदारों द्वारा दी जा रही है। ठेकेदारों पर कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं।

श्रम विभाग द्वारा बताया गया है कि संविदा श्रमिक (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम 1970, कर्मचारी भविष्य निधि एवं विविध प्रकीर्ण अधिनियम 1952, तथा कर्मचारी राज्यबीमा अधिनियम 1948 के तहत  प्रमुख नियोजक का यह दायित्व है कि उसके अधीन कार्यरत ठेकेदार द्वारा नियोजित ठेका श्रमिकों के हित संरक्षण के लिए आवश्यक प्रावधान किए गए हैं। जिसमें कार्यस्थल के लिये आवश्यक सुरक्षा उपकरण प्रदाय करना, 10 या 10 से अधिक श्रमिक नियोजित करने पर कर्मचारी राज्य बीमा के तहत श्रमिकों को बीमित कराया जाकर स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदाय करना अथवा 10 से कम श्रमिक नियोजित होने की स्थिति में संबंधित श्रमिकों को असंगठितकर्मकार मानते हुए, छत्तीसगढ़ असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल के तहत पंजीयन कराया जाना आवश्यक है। एवं ऐसे पंजीकृत असंगठित श्रमिकों की दुर्घटना अथवा सामान्य मृत्य की स्थिति में नामित को रूपये 1 लाख एवं स्थायी अपंगता की स्थिति में श्रमिक को रूपये 50 हजार अनुदान राशि प्रदाय करने का प्रावधान छ0ग0 असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल में किया गया है।

बिना पूर्व सूचना एवं नियमानुसार आवश्यक स्वत्वों (नोटिस पे, छंटनी मुआवजा,उपादान,कार्य अवधि के अवकाश नगदीकरण इत्यादि) के भुगतान के बिना कोई भी ठेकेदार ठेका श्रमिकों को कार्य से पृथक नहीं कर सकता। 20 या 20 से अधिक श्रमिक नियोजित होने की दशा में नियमानुसार भविष्य निधि के अनुसार अंशदान जमा करना अन्यथा अन्य समूह पेंशन योजना का लाभ प्रदाय करना सुनिश्चित किया जाना चाहिए। शासन द्वारा नगरीय निकाय/नगर पंचायत में ठेकेदारों के माध्यम से कार्यरत सफाई कर्मकारों को श्रम कानूनों के प्रावधानों के अनुरूप लाभ प्रदाय करने संबंधितों को निर्देशित करने कहा गया है। शिकायत सामने आने पर  संविदा श्रमिक अनिधिनियम के तहत उल्लंघन मानते हुए संबंधितों के खिलाफ वैधानिक कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है। सफाई कर्मकारों को वर्तमान संकटापन्न स्थिति को देखते हुए सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए हैं।


17-Apr-2021 5:05 PM 22

रायपुर, 17 अप्रैल। स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव ट्वीट के माध्यम से जानकारी साझा करते हुए बताया है कि छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य विभाग ने 90 हजार रेमडिसवीर इंजेक्शन का ऑर्डर दिया है। जिसमें से 2 हजार इंजेक्शन 2 दिनों के भीतर और अगले 28 हजार इंजेक्शन एक हफ्ते के भीतर प्रदेश को मिल जाएंगे। इसके उपरांत प्रति सप्ताह 30 हजार इंजेक्शन राज्य को प्राप्त होंगे। इसके साथ ही उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को उनके कार्यों और कठिन समय मे लिए गए फैसलों के लिए बधाई भी दी है।


17-Apr-2021 5:04 PM 11

रायपुर, 17 अप्रैल। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने प्रदेश के नागरिकों से किया कोरोना टीका लगवाने का निवेदन कहा- आज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोंडागांव पहुंचकर 98 वर्षीय सुंदर बाई कोटडिया माता प्रेमराज कोटडिया को कोरोना की वैक्सीन का दूसरा डोज लगवाया है। आप सभी से निवेदन है कि 45 वर्ष से अधिक आयु के सभी लोग तुरंत टीका लगवाएं। जीतेंगे कोरोना से जंग सभी सावधानियों के संग।


17-Apr-2021 5:04 PM 17

राज्य में प्रति दिन 53 हजार से अधिक लोगों की हो रही कोरोना जांच

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में राज्य सरकार कोरोना वायरस  जैसे महामारी से बचाव एवं नियंत्रण के लिए हर संभव प्रसाय कर रही है। कोरोना संक्रमण की स्थिति को ध्यान में रखते हुए राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के सभी जिलों में सामाजिक, व्यापारिक और स्वयं सेवी संगठनों तथा जनप्रतिनिधियों के सहयोग से प्रशासन निरंतर कोरोना मरीजों के बचाव एवं उपचार और संक्रमण की रोकथाम में जुटा है। जिलों व दूरस्थ अंचलों में ब्लाक स्तर पर स्थित कोविड सेटरों में भी यथासंभव ऑक्सीजन उपलब्ध कराया जा रहा है, ताकि मरीजो की जान बचाई जा सके। कोविड अस्पतालों और कोविड केयर सेंटरों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ-साथ चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टॉफ की सेवा एवं इलाज के चलते कोरोना मरीज जल्द रिकवर भी कर रहे हैं। वहीं राज्य सरकार लोगों को संक्रमण से बचाने जिला स्तर पर आरटी-पीसीआर लैब स्थापित करने में जुटी है, ताकि कोरोना का टेस्ट सहजता से अविलम्ब हो सके और कोरोना संक्रमितों की तेजी से इलाज कर उनके जीवन की रक्षा की जा सके।  

 प्रदेश सरकार के प्रयासों का ही परिणाम है कि जांजगीर-चांपा जिले के बलोदा विकासखंड के ग्राम सत्तीगुड़ी में कोरोना पाजीटिव 30 मरीज स्वस्थ होकर सामान्य हो गए हैं। शेष संक्रमित मरीजों का स्वास्थ्य भी पहले से बेहतर है और उनके स्वास्थ्य में लगातार सुधार हो रहा है। पाजीटिव मरीजों का नियमित उपचार और हौसला अफजाई से मरीजों के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार हो रहा है। कुल 680 की आबादी वाले सत्तीगृड़ी गांव में 450 से अधिक लोगों का टेस्ट किया गया, जिसमें अब तक 135 ग्रामीण कोरोना संक्रमित मिले थे, जिला प्रशासन द्वारा इलाज की त्वरित व्यवस्था से संक्रमित लोगों अब स्वस्थ्य होने लगे हैं।

कोरोना संक्रमित गंभीर मरीज जिन्हे ऑक्सीजन सपोर्ट की आवश्यकता है उनके लिए  जनपद पंचायत फिंगेश्वर और जनपद पंचायत छुरा के पदाधिकारियों ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए अपनी ओर से 47 ऑक्सीजन सिलेंडर स्थानीय कोविड केयर सेंटर में उपलब्ध कराया है। उनकी इस मानवीय एवं सवेंदनशील पहल को लोगों ने सराहा है। जनपद पंचायत फिंगेश्वर की अध्यक्ष श्रीमती पुष्पा जगन्नाथ साहू, उपाध्यक्ष श्री योगेश साहू एवं सदस्यगणों द्वारा 25 आक्सीजन सिलेंडर का योगदान दिया गया है, वहंी जनपद पंचायत छूरा के अध्यक्ष श्रीमती तोकेश्वरी मांझी एवं उपाध्यक्ष श्री गौरव मिश्रा और सदस्यों द्वारा 22 ऑक्सीजन सिलेंडर प्रदान किया गया है।

इन सिलेंडरों का उपयोग कोविड-19 केयर सेंटर में गंभीर मरीजों ऑक्सीजन की आपूर्ति की जा सकेगी। मुंगेली जिलें भी कोविड-19 मरीजों के उपचार के लिए जिले में 4 कोविड केयर सेंटर स्थापना की गई है। इनमें जिले के ग्राम रामगढ़ मुंगेली में संचालित अनुसूचित जाति बालिका छात्रावास में 50 बिस्तर, विकास खण्ड लोरमी के ग्राम सारधा में संचालित आईटीआई में 100 बिस्तर और विकासखण्ड मुख्यालय पथरिया में संचालित अनुसूचित जाति बालक छात्रावास तथा सरगांव में संचालित कस्तूरबा गांधी हायर सेकेण्डरी स्कूल में 90 बिस्तर की कोविड केयर सेंटर स्थापित की गई है।


17-Apr-2021 5:03 PM 20

रायपुर, 17 अप्रैल। माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने कोरोना की दूसरी लहार के भयंकर संक्रामक होने और प्रदेश को पुन: लॉक डाउन करने के मद्देनजर मोदी सरकार से छत्तीसगढ़ राज्य सरकार को वित्तीय सहायता देने और आवश्यक स्वास्थ्य उपकरण तथा वैक्सीन के पर्याप्त डोज़ उपलब्ध कराने की मांग की है।

माकपा राज्य सचिवमंडल ने कहा है कि केंद्र सरकार कोरोना संकट से निपटने के लिए अपने संवैधानिक और सामाजिक दायित्व से मुंह नहीं मोड़ सकती। आम जनता और सार्वजनिक संस्थाओं से बटोरे गए हजारों करोड़ रुपयों के पीएम केअर फंड नामक निजी कोष पर वह कुंडली मारकर नहीं बैठ सकती और इसका उपयोग इस संकट से निपटने के लिए किया जाना चाहिए।

माकपा राज्य सचिव संजय पराते ने कहा है कि पिछले 10 दिनों से जारी लॉक डाउन के कारण प्रदेश के असंगठित क्षेत्र के मजदूर और ग्रामीणजन फिर से भूखमरी की कगार पर पहुंच गए है और उन्हें मुफ्त अनाज, नगद वित्तीय मदद और रोजगार के जरिये राहत पैकेज की जरूरत है। माकपा ने कहा है कि आम जनता की इन न्यूनतम बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए देश में संसाधनों की कमी नहीं है। इसके लिए मोदी सरकार को केवल अपनी कॉर्पोरेटपरस्त नीतियों में बदलाव करने की जरूरत है। पार्टी ने कोरोना संकट से निपटने के लिए जीडीपी का 5त्न खर्च किये जाने की मांग की है।

माकपा नेता ने कहा है कि प्रवासी मजदूरों की रक बार फिर घर वापसी को देखते हुए उनके सुरक्षित रूप से घर लौटने का इंतज़ाम केंद्र सरकार को करना चाहिए और उन्हें मनरेगा में काम देने के लिए अतिरिक्त आबंटन किया जाना चाहिए। सभी गैर-आयकर दाता परिवारों को 75 सौ रुपये मासिक की मदद की जाए। केवल इसी तरीके से घरेलू मांग को बढ़ाकर अर्थव्यवस्था को उत्प्रेरित किया जा सकता है, वरना अर्थव्यवस्था और ज्यादा मंदी का शिकार होगी।

माकपा नेता ने कहा है कि पिछले एक साल में कोरोना संकट से निपटने के नाम पर कॉरपोरेटों की तिजोरियों को भरने के जो अवसर खोजे गए और स्वास्थ्य क्षेत्र के निजीकरण को बढ़ावा दिया गया, उसका दुष्परिणाम है कि कोरोना की यह दूसरी लहर जन स्वास्थ्य के लिए और ज्यादा खतरनाक साबित हो रही है और इससे निपटने के लिए हमारे पास आवश्यक  ढांचागत सुविधा, पर्याप्त चिकित्सक और प्रशिक्षित नर्स तक उपलब्ध नहीं है।

 


17-Apr-2021 5:02 PM 26

रायपुर, 17 अप्रैल। स्वास्थ्य चेतना विकास समिति छत्तीसगढ़ एवं संयुक्त पेंशनर्स फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र नामदेव ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा  सेवानिवृत्त चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मचारियों को संविदा नियुक्ति देने की गई घोषणा का स्वागत किया है,इसे देर से पर सही निर्णय बताते हुए कहा है कि इसी माह अप्रेल और बाद में रिटायर होने वाले स्वास्थ्य अमले पर कोई योजना घोषित नही होने से यह अच्छा निर्णय अधूरा होकर रह जायेगा। इसी तरह संविदा नियुक्ति की प्रक्रियाओं में समय जाया न हो इस पर ध्यान रखने की जरूरत पर बल दिया है। अन्यथा यह घोषणा निर्रथक हो जायेगा।

स्वास्थ्य विभाग से सेवानिवृत्त पूर्व कर्मचारी नेता वीरेन्द्र नामदेव ने आगाह किया है कि संविदा नियुक्ति में आपदा पर अवसर बनाकर पैसा बनाने वालों पर अंकुश लगाने संविदा आवेदन पर जिला स्तर में बिना किसी प्रकार रुकावट के सीधे नियुक्ति आदेश जारी किये जाने का सुझाव दिया है और इसके लिए अनावश्यक प्रक्रिया को छोडक़र सीधे इच्छुक से आवेदन लेकर   उन्हें काम पर लगाना उचित होगा।  

उल्लेखनीय है कि मिली जानकारी अनुसार अनेक सेवानिवृत्त चिकित्सक एवं कर्मचारी स्वयं इच्छुक होकर पुन: सेवा के लिए आवेदन देकर काम मे वापस लौटने निवेदन भी किया है। इनके आवेदन सरकारी तामझाम में महीनों से मंत्रालय उलझे लम्बित पड़े हैं, सरकार से ऐसे आवेदन पर तत्काल निर्णय लेने की जरूरत पर जोर दिया है।


17-Apr-2021 5:02 PM 27

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 17 अप्रैल। भाजपा विधायक एवं पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने कोरोना की  अनियंत्रित स्थिति को देखते हुए उसके रोकथाम के लिए व व्यवस्थाओं के लिए  विधायक विकास निधि से जिला चिकित्सालय रायपुर को ऑक्सीजन सिलेंडर वेंटीलेटर व कोरोना से संबंधित अन्य डिवाइस की खरीदी के लिए 35 लाख रुपया की स्वीकृति दी है।

श्री अग्रवाल ने कलेक्टर रायपुर व जिला योजना अधिकारी को प्रेषित पत्र में वर्ष 2021-22 के विधायक क्षेत्र विकास निधि से 25 लाख रुपया वेंटिलेटर ऑक्सीजन सिलेंडर व अन्य कोरोना नियंत्रण डिवाइस की खरीदी हेतु व एक अन्य पत्र में इसी वित्तीय वर्ष में 10 लाख रुपया शासन द्वारा स्थापित आइसोलेशन सेंटर के भोजन व अन्य व्यवस्था के लिए संबंधित विभाग को जारी करने के लिए लिखा है। 

श्री अग्रवाल ने पिछले वित्तीय वर्ष में भी अस्पताल में कक्ष निर्माण, कोरोना से संबंधित सामग्री क्रय करने डॉ. भीमराव अंबेडकर हॉस्पिटल मेकाहारा व जिला हॉस्पिटल को व मास्क के लिए व कोरोना से मृत लोगो के अंतिम संस्कार के लिए सेड निर्माण हेतु लगभग 50 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की है।


16-Apr-2021 5:40 PM 37

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 16 अप्रैल। राज्य सरकार द्वारा अत्यावश्यक सेवाओं में कार्य करने से इंकार किये जाने का प्रतिषेध किया गया है। छत्तीसगढ़ शासन गृह विभाग द्वारा जारी आदेश में उल्लेखित है कि लोक हित में यह आवश्यक तथा समीचीन है कि अत्यावश्यक सेवाओं में कार्य करने से इंकार किये जाने का प्रतिषेध किया जाए। अतएव छत्तीसगढ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम 1979 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए राज्य सरकार समस्त शासकीय एवं निजी स्वास्थ्य एवं चिकित्सकीय संस्थानों में समस्त स्वास्थ्य सुविधाएं, डॉक्टर, नर्स और स्वास्थ्य कर्मी, स्वास्थ्य संस्थानों में स्वच्छता कार्यकर्ता, मेडिकल उपकरणों की बिक्री, संधारण एवं परिवहन, दवाईयों एवं ड्रग्स की बिक्री, परिवहन एवं विनिर्माण, एम्बुलेंस सेवाएं, पानी एवं विद्युत की आपूर्ति, सुरक्षा संबधी सेवाएं, खाद्य एवं पेयजल प्रावधान एवं प्रबंधन तथा बी.एम डब्ल्यू प्रबंधन कार्य करने से इंकार किये जाने का प्रतिषेध करती है।

 

 

 


16-Apr-2021 5:39 PM 27

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 16 अप्रैल। रायपुर जिले के चार विकासखंडों के सभी 417 ग्राम पंचायतों में क्वॉरंटाइन सेंटरों की व्यवस्था कर ली गई है। इन कोरेनटाइन सेंटरों में बाहर से आने वाले श्रमिकों तथा नागरिकों के रुकने, ठहरने और आश्रय आदि की व्यवस्था है। यहां उनके लिए पेयजल, सूखा राशन, भवन में बिजली, सुरक्षा, शौचालय आदि की व्यवस्था की गई है।

 कलेक्टर रायपुर डॉ. एस भारतीदासन और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. गौरव कुमार सिंह ने गत दिवस वर्चुअल बैठक लेकर सभी जनपदों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को राज्य शासन के निर्देशानुसार सभी ग्राम पंचायतों में क्वॉरंटाइन सेंटर बनाने के निर्देश दिए थे।

अभनपुर जनपद के अंतर्गत 99 ग्राम पंचायतों, तिल्दा जनपद के अंतर्गत 101 ग्राम पंचायतों, आरंग के अंतर्गत 144 और धरसीवा के अंतर्गत  79 कोरेनटाइन सेंटर बनाएं गए हैं। इसी तरह जिले की नगर पालिका परिषदों और नगर पंचायतों में भी कोरेनटाइन सेंटर बनाए जा रहे हैं।


16-Apr-2021 5:39 PM 40

रायपुर, 16 अप्रैल। प्रदेश  में कोविशील्ड वैक्सीन की दो लाख डोज पहुंच गई है जिसे सभी जिलों में भी पहुंचा दिया गया। राज्य टीकाकरण अधिकारी डॉ अमर सिंह ठाकुर ने उक्त जानकारी दी।

राज्य में 14 अप्रैल तक की स्थिति में 46 लाख 44 हजार 856 वैक्सीन की डोज लग चुकी है। इसमें से 45 साल से अधिक आयु के कुल 58 लाख 66 हजार 599 में से 62 प्रतिशत यानि 36 लाख 47 हजार 243 को पहली डोज और 1 लाख ग्यारह हजार 149 को दूसरी डोज लग गई है। इसके अलावा 88 प्रतिशत  प्रतिशत हेल्थ केयर वर्कर को, 85 प्रतिशत फ्रंटलाइन वर्कर को कोविड वैक्सीन लग चुकी है।


16-Apr-2021 5:38 PM 32

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 16 अप्रैल। प्रदेश में कोरोना संक्रमित और अन्य गंभीर बीमारियों से पीडि़त मरीजों के लिए ऑक्सीजन गैस की कोई कमी नहीं है। सरकार ने कहा है कि 15 अप्रैल की स्थिति में राज्य में प्रतिदिन 386.92 मीट्रिक टन ऑक्सीजन गैस का उत्पादन राज्य में हो रहा है, जबकि वर्तमान में ऑक्सीजन सपोर्ट वाले 5 हजार 898 मरीजों के लिए प्रतिदिन 110.30 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की ही जरूरत पड़ रही है।

राज्य के सभी शासकीय और निजी चिकित्सालयों में डिमांड के अनुरूप ऑक्सीजन गैस की निरंतर आपूर्ति की जा रही है। कोविड-19 मरीजों के लिए स्थापित कोविड डेडिकेटेड हॉस्पिटल, कोविड केयर सेंटर्स में ऑक्सीजन प्लांट जम्बो ऑक्सीजन सेलेण्डर एवं ऑक्सीजन कंसनटेऊटर के द्वारा मरीजों को ऑक्सीजन की निरंतर उपलब्ध कराई जा रही है। कोरोना पीडि़त मरीजों की मृत्यु गंभीर संक्रमण और बीमारी की वजह से हो रही है।

ऑक्सीजन की कमी की वजह से मरीजों की मृत्यु की बात बिल्कुल भ्रामक है। स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार राज्य में बीते 14 मार्च से ऑक्सीजन सपोर्ट वाले मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि होने से ऑक्सीजन खपत भी बढ़ी है। 14 मार्च की स्थिति में राज्य में ऑक्सीजन सपोर्ट वाले मात्र 197 मरीजों के लिए 3.68 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की आवश्यकता थी, जो आज 15 अप्रैल की स्थिति में बढक़र 110.30 मीट्रिक टन हो गई है। 15 अप्रैल की स्थिति में ऑक्सीजन सपोर्ट वाले मरीजों की संख्या 5 हजार 898 है।

स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार राज्य में पीएसए ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट की संख्या कुल 27 है, इनके द्वारा रोजाना 176.92 मीट्रिक टन ऑक्सीजन गैस का उत्पादन किया जा रहा है। इसके अलावा राज्य के दो लिच्डि मेडिकल ऑक्सीजन मैन्युफेक्चर्स द्वारा रोजाना 210 मीट्रिक टन एयर डेस्टीलेशन युनिट और पीएसए ऑक्सीजन जनरेट किया जा रहा है। इस प्रकार राज्य में कुल 29 प्लांट द्वारा 386.92 मीट्रिक टन ऑक्सीजन का प्रोडक्शन किया जा रहा है, जबकि वर्तमान में मात्र 110.30 मीट्रिक टन ऑक्सीजन गैस का ही उपयोग ऑक्सीजन सपोर्ट वाले मरीजों के लिए हो रहा है।


16-Apr-2021 5:38 PM 22

बृजमोहन अग्रवाल ने की पहल

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 16 अप्रैल। फुण्डहर, धरसींवा और तिल्दा में कोविड केयर सेेंटर शुरू हो गया है। इससे परे कुछ निजी संस्थाओं ने भी कोविड अस्पताल शुरू करने के लिए पहल की है। इस कड़ी में पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल के प्रयासों से विधानसभा मार्ग पर स्थित एक निजी कॉलेज को कोविड अस्पताल में तब्दील किया जा रहा है। दो सौ बेड का यह अस्पताल दो-तीन दिनों में शुरू हो जाएगा।

इस अस्पताल में 50 ऑक्सीजन बेड होगा। यहां अस्पताल के मरीजों की देखरेख डॉ. कमलेश्वर अग्रवाल की निगरानी में होगा। इससे परे सरकार ने फुण्डहर के वर्किंग वूमेन हॉस्टल में बनाए गए कोविड केयर सेंटर और धरसीवां तथा तिल्दा विकासखंड में भी कोविड केयर सेंटर शुरू कर दिया है। 

कलेक्टर डॉ. एस. भारती दासन ने बताया कि इन कोविड सेंटरों में क्रमश: 210, 50 और 50 बेड की व्यवस्था है। इनके शुरु होने से रायपुर जिले में 310 बेड की संख्या और बढ़ गई है। यहां क्रमश  ऑक्सीजन एवं कंसुट्रेटर युक्त बिस्तरों की संख्या क्रमश: 40, 15 और 30 है। इस तरह ऑक्सीजन युक्त बेडों की संख्या भी जिले में 85 और बढ़ गई है। इन तीनों सेंटर के शुरू हो जाने से अब रायपुर जिले में मेडिकल कॉलेज के अलावा बेड की संख्या 1274 हो गई है ,जिसमें 391 ऑक्सीजन युक्त और 523 कंसुट्रेटर युक्त बेड है। जिले में मेडिकल कॉलेज के अलावा 915 ऑक्सीजन सुविधा युक्त बेड की अतिरिक्त व्यवस्था की जा चुकी है।

उल्लेेखनीय है कि हाल ही में रायपुर के सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में कोविड केयर सेंटर प्रारंभ किया गया है। इस सेंटर में कुल 350 बिस्तरों की व्यवस्था है जिसमें 67 ऑक्सीजन सुविधा युक्त बेड है और 219 बेड ऐसे हैं जहां ऑक्सीजन कंसुट्रेटर की व्यवस्था है। इस तरह यहां 286 ऑक्सीजन युक्त बेड है। इस सेंटर में मरीजों के इलाज के लिए 24 घंटे डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ की  समुचित व्यवस्था है।

कोरोना मरीज इन हॉस्पिटल या कोविड केयर सेंटर में भर्ती होने तथा इलाज के लिए जिला कंट्रोल रूम के नंबर में संपर्क कर सकते हैं। वे कंट्रोल रूम में अपनी सुविधा और जरूरत के अनुसार होम आइसोलेशन या कोविड केयर सेंटर का आग्रह कर सकते हैं। कंट्रोल रूम में इन हॉस्पिटल अथवा कोविड केयर सेंटर जाने के लिए एंबुलेंस की मांग भी की जा सकती है।

भर्ती होने के लिए कंट्रोल रूम में किया जा सकता संपर्क जिला स्तरीय कंन्ट्रोल रूम में होम आईसोलेसन के मरीजों के सहायता के लिये (24&7)यानी किसी भी समय इन फोन नंबर 7880100313, 7880100314, 7880100315, 7566100283 7566100284, 7566100285 में संपर्क किया जा सकता है। कोरोना संबंधी  सामान्य जानकारी के लिये (सुबह 8 से रात 10 बजे तक) फोन नं.- 8602270023, 8602290023, 8602780023, 8602920023, 07714320202 पर संपर्क किया जा सकता है।