‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बलौदाबाजार, 9 फरवरी। बलौदाबाजार में हाल ही में नाबालिगों के कार में स्टंट करने का वीडियो सामने आया था। इस मामले में पुलिस ने बालिगों पर कड़ी कार्रवाई की थी, साथ ही साथ नाबालिगों के अभिभावकों को बुलाकर सख्त हिदायत देते हुए पुलिस ने चेतावनी दी थी।
यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और नाबालिगों में वाहन चलाते हुए खतरनाक स्टंट करने की प्रवृत्ति को कम करने के लिए पुलिस प्रभावी कदम उठा रही है। इसी कड़ी में 7 फरवरी को पुलिस फेसबुक पेज के माध्यम से ऑनलाइन लाइव कार्यक्रम्य॥्र्यढ्ढ ञ्ज्ररु्यस् का छठवां एपिसोड आयोजित किया गया।
नाबालिगों के वाहन चलाने को लेकर हिदायत
्य॥्र्यढ्ढ ञ्ज्ररु्यस् संवाद में नाबालिग के यातायात नियमों के उल्लंघन को मुख्य विषय बनाया गया. इस लाइव कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता ने स्वयं फेसबुक पर लाइव आकर यातायात नियमों के पालन, खतरनाक स्टंट के दुष्परिणाम और इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। कार्यक्रम में हजारों की संख्या में छात्र, अभिभावक, शिक्षक और आम नागरिक जुड़े और इसे गंभीरता से सुना।
स्कूल प्रबंधन से भी अपील
कार्यक्रम के दौरान स्कूल प्राचार्यों और शिक्षकों से भी अपील की गई कि वे नियमित रूप से छात्रों को यातायात नियमों की जानकारी दें. स्कूल स्तर पर जागरुकता कार्यक्रम, पोस्टर, भाषण और विशेष सत्र आयोजित किए जाएं, ताकि बच्चों में कम उम्र से ही नियमों के प्रति समझ विकसित हो। यह भी कहा गया कि यदि स्कूल के आसपास या छात्रों से जुड़े ऐसे मामले सामने आते हैं, तो तत्काल पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
पुलिस से आम जनता ने पूछे सवाल
इस लाइव कार्यक्रम में स्वामी आत्मानंद स्कूल सिमगा, पलारी, लवन सहित कई स्कूलों के छात्र-छात्राएं ऑनलाइन जुड़े. इसके अलावा अभिभावक, शिक्षक, सामाजिक संगठन और आम नागरिक भी बड़ी संख्या में कार्यक्रम का हिस्सा बने. लोगों ने फेसबुक कमेंट के जरिए सवाल पूछे और अपनी राय भी रखी। कार्यक्रम के अंत में बड़ी संख्या में दर्शकों ने इस पहल की सराहना की और इसे बेहद उपयोगी बताया।
दुर्घटना रोकने के लिए जागरुकता ही समाधान
पूरे कार्यक्रम का सार यही रहा कि यातायात नियमों का पालन केवल कानून का डर होने से नहीं, बल्कि समझ और जिम्मेदारी से होता है. यदि बच्चे, पालक और समाज मिलकर प्रयास करें, तो सडक़ दुर्घटना और अनावश्यक मौतों को रोका जा सकता है. पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसे ही जागरुकता कार्यक्रम लगातार जारी रहेंगे।
और यदि इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन किया गया, तो सख्त कार्रवाई से पीछे नहीं हटा जाएगा।
सोशल मीडिया बना संवाद का मंच
बलौदाबाजार पुलिस का ्य॥्र्यढ्ढ ञ्ज्ररु्यस् कार्यक्रम एक ऐसा मंच बन चुका है, जहां पुलिस सीधे आम जनता से संवाद कर रही है. साइबर अपराध, महिला सुरक्षा, बाल अपराध, यातायात नियम, नशा विरोध जैसे विषयों पर लगातार जानकारी दी जा रही है. इस पहल का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों को पहले से जागरूक करना है ताकि अपराध और दुर्घटनाओं को रोका जा सके।
छठवें एपिसोड में दोपहर 2 बजे से फेसबुक लाइव के जरिए यह कार्यक्रम शुरू हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने पुलिस फेसबुक पेज को फॉलो और लाइक कर हिस्सा लिया।