छत्तीसगढ़ » सुकमा

Date : 16-Oct-2019

सिरफिरे शख्स ने दो बच्चियों की बेरहमी से हत्या कर दी,  पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया
छत्तीसगढ़ संवाददाता
सुकमा, 16 अक्टूबर।
आज सुबह सिरफिरे शख्स ने दो बच्चियों की बेरहमी से हत्या कर दी है। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच कर रही है। घटना चिंतागुफा गांव की है। 

बताया जा रहा है कि आरोपी पास के गांव का रहने वाला है। आरोपी मानसिक बीमार भी बताया जा रहा है। उसे इलाज के लिए गांव लाए थे। इसी दौरान वो भाग निकला और पास के एक घर में घुस गया। वहां उसने घर में मौजूद पोडिय़म रामे (4 वर्ष), पोडिय़म नन्दे (2 वर्ष) पर मूसल से जानलेवा वार कर दिया। बच्चियों की मौके पर ही मौत हो गई। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच कर रही है। एसपी शलभ सिंहा ने इस घटना की पुष्टि की है।


Date : 15-Oct-2019

सुकमा में मुठभेड़, एक नक्सली ढेर, हथियार बरामद

छत्तीसगढ़ संवाददाता

सुकमा, 15 अक्टूबर। दक्षिण बस्तर के सुकमा जिले के पुसपाल थाना क्षेत्र के अंतर्गत तुलसी डोंगरी के जंगल में पुलिस व नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई। जिसमें पुलिस ने एक नक्सली को मार गिराया है।

मंगलवार की सुबह पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई है, जिसमें जवानों ने एक माओवादी को ढेर कर दिया है। बताया जा रहा है कि तुलसी डोंगरी की पहाड़ी में यह मुठभेड़ हुई है। दो दिन पहले पुसपाल थाना क्षेत्र से डीआरजी की पार्टी सर्चिंग पर निकली थी। इसी दौरान जंगलों में जवानों का सामना नक्सलियों से हो गया। दोनों ओर से चली गोलीबारी में एक नक्सली को पुलिस ने ढेर कर दिया है। घटना की पुष्टि सुकमा एसपी शलभ कुमार सिन्हा ने की है। उन्होंने बताया कि मुठभेड़ में सुरक्षा बल के जवानों ने एक नक्सली को मार गिराने में कामयाबी हासिल की है।

एसपी के मुताबिक मारे गए नक्सली का शव बरामद कर लिया गया है। वहीं उसके पास से हथियार भी बरामद किया है। एसपी सिन्हा ने बताया कि फिलहाल पुलिस पार्टी मौके से नहीं लौटी है। जवानों के मुख्यालय पहुंचने के बाद ही मुठभेड़ से जुड़ी विस्तृत जानकारी मिल पाएगी। अभी भी क्षेत्र में सर्च आपरेशन चलाया जा रहा है।


Date : 13-Oct-2019

शमशान तक जाने सड़क नहीं, पानी से लबालब खेतों के बीच से निकाली अर्थी 

छत्तीसगढ़ संवाददाता
दोरनापाल, 13 अक्टूबर।
सुकमा जिले के दोरनापाल में बीते एक दशक से शमशान के लिए पक्की सड़क का निर्माण नहीं हो पाया है। जिसके चलते बारिश और उसके आसपास के वक्त शवों को शमशान तक ले जाने काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

सुकमा जिले के दोरनापाल में शुक्रवार को एक महिला की मौत हो गई। अर्थी को अंतिम संस्कार के लिए श्मशान ले जाया जा रहा था। श्मशान जाने वाले रास्ते के खेतों में पूरी तरह पानी भरा हुआ था। जब लोगों को कोई दूसरा रास्ता नहीं मिला तो पानी से लबालब भरे खेतों से ही सुरक्षित निकालने दर्जन भर से अधिक लोगों की मदद से खेतों के बीच से अर्थी को पार कराया साथ ही अर्थी जलाने लकडिय़ां और अन्य सामान पार कराया गया। 

आपको बता दें कि दोरनापाल को नगर पंचायत बने 10 साल हो गए हैं। आज तक शमशान के लिए पक्की सड़क नहीं बन पाई। इसको लेकर लोगों में खासी नाराजगी देखने को मिली। अब तक ना तो जनप्रतिनिधियों ने ध्यान दिया ना ही नगरीय प्रशासन ने। हर साल इस तरह के हालात बनते हैं। प्रशासन ने मुक्ति धाम तो बना दिया मगर पहुंच मार्ग को दुरस्त नहीं कर पाई। 

दोरनापाल में वार्डों से लेकर अन्य पहुंच मार्गों में पक्की सड़कों का निर्माण प्रशासन द्वारा करवाया जाता रहा है, मगर एक दशक से अब तक शवों के अंतिम संस्कार के लिए मुक्तिधाम तक जाने वाले रास्ते पर जनप्रतिनिधि व अधिकारी अब तक पक्की सड़क के लिए रास्ता नहीं निकाल पाए हैं। 

बताया जा रहा है कि उक्त रास्तों पर सालों से खेती हो रही है। कई जगह निजी भूमि होने की वजह से भी सड़क के लिए रास्ता नहीं दिया जा रहा है। इस वजह से हर साल यहां इस तरह की स्थिति बनी रहती है। इसके साथ ही नदी की ढलानों पर भी चबूतरे का निर्माण आज तक नहीं किया जा सका जिसके कारण लोगों को उतरने या चढऩे के दौरान गिरने का खतरा बना रहता हैं ।