छत्तीसगढ़ » बलरामपुर

02-Dec-2020 8:37 PM 9

  लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ की समीक्षा बैठक  

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रामानुजगंज, 2 दिसंबर। छत्तीसगढ़ लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ की समीक्षा बैठक कुसमी में आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न समस्याओं पर चर्चा किया गया।

इस दौरान आदिम जाति कल्याण विभाग के सैकड़ों चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के द्वारा यह अवगत कराया गया कि वे विगत 10-12 वर्षों से आदिम जाति कल्याण विभाग में कलेक्टर दर/मजदूरी दर पर निरंतर कार्य करते आ रहे हैं। लेकिन जब से करोना के चलते राज्य में लॉक डाउन लगा है, तब से उन्हें आजाक विभाग द्वारा कार्य से हटा दिया गया है।कार्य से पृथक कर दिए जाने के कारण उन्हें वेतन मजदूरी भी नहीं दिया जा रहा है। जिसकी वजह से संबंधित कर्मचारी परिवार सहित भूखों मरने की स्थिति में आ गए हैं।

उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन अवधि में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के द्वारा बार-बार अपील किया गया है, कि किसी भी कर्मचारी या मजदूर को कार्य से ना निकाला जाए। उनका कोई वेतन भत्ते वगैरह ना रोका जाये। लेकिन आदिम जाति कल्याण विभाग बलरामपुर द्वारा समस्त अपील को सिरे से खारिज करते हुए चतुर्थ वर्ग कर्मचारियों को कार्य से हटाकर उनके परिवार के समक्ष रोजी-रोटी की समस्या उत्पन्न कर दिया गया है।

छत्तीसगढ़ लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ बलरामपुर के जिलाध्यक्ष शंभू प्रसाद गुप्ता ने बताया कि सहायक आयुक्त, आदिम जाति कल्याण विभाग से मिलकर समस्या का समाधान हेतु निवेदन किया जायेगा। यदि संबंधित कर्मचारियों को शीघ्र कार्य पर वापस नहीं लिया गया और लॉक डाउन अवधि का वेतन भुगतान नहीं किया गया, तो न्याय हेतु संघ बाध्य होकर उग्र आंदोलन करेगा।


02-Dec-2020 8:36 PM 14

रामानुजगंज, 2 दिसंबर। डॉ. शरद कुमार गुप्ता ने संस्था ग्राम विकास समिति, उदय शान्ति बालगृह (बालक) बलरामपुर में निवासरत बच्चों को 40 कम्बल प्रदान किया। जिससे बच्चों में काफी उत्साह देखने को मिला। जिस पर संस्था ने आभार जताया है।

 


01-Dec-2020 9:26 PM 45

   लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ की समीक्षा बैठक  

रामानुजगंज,1 दिसंबर। छत्तीसगढ़ लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ की समीक्षा बैठक कुसमी में आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न समस्याओं पर चर्चा किया गया।

इस दौरान आदिम जाति कल्याण विभाग के सैकड़ों चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के द्वारा यह अवगत कराया गया कि वे विगत 10-12 वर्षों से आदिम जाति कल्याण विभाग में कलेक्टर दर/मजदूरी दर पर निरंतर कार्य करते आ रहे हैं। लेकिन जब से करोना के चलते राज्य में लॉक डाउन लगा है, तब से उन्हें आजाक विभाग द्वारा कार्य से हटा दिया गया है।कार्य से पृथक कर दिए जाने के कारण उन्हें वेतन मजदूरी भी नहीं दिया जा रहा है। जिसकी वजह से संबंधित कर्मचारी परिवार सहित भूखों मरने की स्थिति में आ गए हैं।

उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन अवधि में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के द्वारा बार-बार अपील किया गया है, कि किसी भी कर्मचारी या मजदूर को कार्य से ना निकाला जाए। उनका कोई वेतन भत्ते वगैरह ना रोका जाये। लेकिन आदिम जाति कल्याण विभाग बलरामपुर द्वारा समस्त अपील को सिरे से खारिज करते हुए चतुर्थ वर्ग कर्मचारियों को कार्य से हटाकर उनके परिवार के समक्ष रोजी-रोटी की समस्या उत्पन्न कर दिया गया है।

छत्तीसगढ़ लघु वेतन शासकीय चतुर्थ वर्ग कर्मचारी संघ बलरामपुर के जिलाध्यक्ष शंभू प्रसाद गुप्ता ने बताया कि सहायक आयुक्त, आदिम जाति कल्याण विभाग से मिलकर समस्या का समाधान हेतु निवेदन किया जायेगा। यदि संबंधित कर्मचारियों को शीघ्र कार्य पर वापस नहीं लिया गया और लॉक डाउन अवधि का वेतन भुगतान नहीं किया गया, तो न्याय हेतु संघ बाध्य होकर उग्र आंदोलन करेगा।


01-Dec-2020 8:07 PM 23

रामानुजगंज,1 दिसंबर। ग्राम आरागाही निवासी इंडो ग्रीन क्रॉप साइंस के मैनेजिंग डॉयरेक्टर सच्चिदानंद तिवारी के पिता चंद्रिका तिवारी (85 वर्ष) का आज सुबह निधन हो गया। वे अपने पीछे चार बेटियों एवं एक बेटा का भरा पूरा परिवार छोड़ गए। उनका अंतिम संस्कार आरागाही के मुक्तिधाम में किया गया।


22-Nov-2020 7:31 PM 19

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

बलरामपुर, 22 नवंबर। बलरामपुर-रामानुजगंज जिला के लगभग सभी विकासखंडों में बिना पीपीई किट के गंभीर मरीजों व हल्के सर्दी खांसी वाले मरीजों की जांच स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी कर रहे हैं। कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें बिना पीपीई किट के गांव-गांव में घूमकर कोरोना की जांच करने दबाव बनाया जा रहा है। जिससे कर्मचारियों में दहशत है।

कर्मचारियों का आरोप है कि ब्लॉक स्तर के अधिकारियों द्वारा कोरोना जांच का कोटा पूरा कराने बिना पीपीई किट के जांच करने सीएमओ और कलेक्टर के नाम का धौंस देकर डराया जा रहा है।

 बिना पीपीई किट के जांच करने की स्वास्थ्य कर्मचारियों की तस्वीर भी सामने आई है, जिसमें कर्मचारी अपनी जान जोखिम में डालकर बिना पीपीई किट पहने ग्रामीणों की जांच कर रहे हैं।

शासन के दिशा निर्देशानुसार ही हो रही है जांच- सीएमएचओ

उक्त मामले पर बलरामपुर- रामानुजगंज सीएमएचओ डॉ. बसंत सिंह से ‘छत्तीसगढ़ ’ द्वारा पूछने पर उन्होंने बताया कि शासन के दिशा निर्देश अनुसार ही जिले के विकासखंडों में जांच की जा रही है। मितानिन जो सर्वे करके लिस्ट दे रहे हैं, उसी के अनुसार लक्षणात्मक लक्षण वाले की ही जांच हो रही है।

बिना पीपीई किट के जांच पर श्री सिंह ने बताया कि एंटीजन टेस्ट मास्क लगाकर व सोशल डिस्टेंसिंग रखते हुए कर रहे हैं। पीपीई किट आरटी पीसीआर जांच के समय जरूरत पड़ती है। टारगेट वाली कोई बात नहीं है। जो लक्षणात्मक मिल रहे हैं, उन्हीं की जांच हो रही है।


19-Nov-2020 7:21 PM 22

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

कुसमी, 19 नवंबर। बलरामपुर जिला अंतर्गत कुसमी ब्लाक के उप तहसील चांदो को तहसील बनाने की मांग पर जोर डालते हुए बुधवार को जिला पंचायत सदस्य अंकुश सिंह के नेतृत्व में सांसद प्रतिनिधि विकास मंडल सहित चांदो सहित आस-पास गांवों के ग्रामीणों ने नायब तहसीलदार चांदो को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर इस ओर ध्यान आकर्षित कराया है।

ज्ञात हो कि ग्राम चांदो को तहसील एवं ब्लॉक बनाने की मांग कई वर्षों से क्षेत्र के लोग कर रहे हैं।  बुधवार को इस मांग को तेज करते हुए बलरामपुर जिला पंचायत सदस्य अंकुश सिंह की उपस्थिति में मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा है।

ज्ञापन के माध्यम से बताया है कि पूर्व में विगत कई वर्षों से ग्राम चांदो को तहसील बनाने हेतु कई बार मांग की गई है। यह क्षेत्र आदिवासी बाहुल्य होने के साथ-साथ वर्तमान में तहसील कार्यालय से अत्यंत दूर है। साथ ही बाहुल्य क्षेत्र होने के कारण क्षेत्र की जनता को अपने रोजमर्रा के कार्य हेतु अत्यंत दूरी तय करके तहसील जाना पड़ता है, जिससे क्षेत्रवासियों में ड्डको काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। विधानसभा चुनाव के समय टीएस सिंहदेव के द्वारा क्षेत्र की जनता को आश्वासन दिया गया था कि चांदो को तहसील बनाया जाएगा, लेकिन वर्तमान में शासन के द्वारा जो नई तहसीलों का निर्माण किया गया है, उसमें चांदो को तहसील नहीं बनाया गया है. जिससे क्षेत्र की जनता में अत्यंत रोष व्याप्त है।

जिला पंचायत सदस्य अंकुश सिंह ने मुख्यमंत्री से विनम्र आग्रह किया है कि क्षेत्र की आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए चांदो को तहसील का दर्जा दिया जाए।


18-Nov-2020 9:23 PM 23

बलरामपुर, 18 नवम्बर। कलेक्टर  श्याम धावड़े की अध्यक्षता में जिला स्तरीय निर्यात संवर्धन समिति की बैठक संयुक्त जिला कार्यालय, बलरामपुर के एनआईसी कक्ष में आयोजित की गई। बैठक में डीजीएफटीआरए से नामित प्रतिनिधि सत्य राजा शेखर द्वारा ड्राफ्ट एक्शन प्लान की जानकारी दी गई। साथ ही व्यापार एक्षन प्लान के तहत पहचान किये जाने वाले निर्यात उत्पादों के बारे में जिला स्तर पर विभिन्न विभागों से जानकारी एकत्र करने की बात कही ताकि जिला निर्यात प्लान को अंतिम रूप दिया जा सके।

 कलेक्टर श्याम धावड़े द्वारा विभिन्न विभाग के अधिकारियों को निर्देषित किया गया कि ड्राफ्ट प्लान में चाही गई जानकारी यथाषीघ्र जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र, बलरामपुर को उपलब्ध कराया जावे, जिससे निर्यात संवर्धन हेतु विभिन्न सेक्टरों पर आधारित उत्पादों का संवर्धन जिले में सुनिष्चित किया जा सके।

बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, श्री हरिष एस द्वारा जिले के विभिन्न उत्पाद जैसे मक्का, राईस, मिर्ची, रागी, महुवा, सरसों की अत्यधिक मात्रा में उपलब्धता की जानकारी दी गई। ताकि इसके आधार पर वेल्यू एडिषन (मूल्य संवर्धन) के द्वारा निर्यात उत्पादों की पहचान किया जा सके। संयुक्त संचालक, उद्योग श्री एस.के.सिन्हा ने जानकारी देते हुए कहा कि कि जिले में निर्यात इकाईयों को भी उत्पाद अनुसार नई औद्योगिक नीति के आधार पर अनुदान की पात्रता होगी। जिले में कृषि तथा वनोपज आधारित फूड प्रोसेसिंग उद्योग की अपार संभावनाएं हैं, जिनका अन्य देशों में निर्यात किया जा सकता है।

ज्वाईंट डायरेक्टर, शंभाजी ए. चौहान,  लक्ष्मण सिंह, महाप्रबंधक जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र बी.पी.वासनिक सहित विभिन्न विभाग के अधिकारी-कर्मचारीगण उपस्थित थे।


18-Nov-2020 9:21 PM 21

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

बलरामपुर, 18 नवम्बर। कोरोनाकाल में सुरक्षा के दृष्टिकोण से शिक्षण संस्थाएं को पूर्ण रूप से बंद रखा गया है। राज्य शासन ने शैक्षणिक संस्थाओं के बंद होने से शिक्षा अवरूद्ध न हो इसके लिए ‘‘पढ़ई तुहंर दुआर’’ जैसी ऑनलाईन तथा मोहल्ला क्लास जैसी ऑफलाईन वैकल्पिक व्यवस्था प्रारंभ की। बलरामपुर-रामानुजगंज में भी ऑनलाईन तथा ऑफलाईन माध्यमों से बच्चों को पढ़ाया जा रहा है, जिसके सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं।

शिक्षकों ने नए-नए तरीके इजाद कर पढ़ाई को रूचिकर बनाया है, ऐसे कई शिक्षक हैं जिन्होंने इस कठिन समय में भी शिक्षा का अलख जगाए रखा। आज बात ऐसे ही कुछ शिक्षकों की है जिन्होंने सीमित संसाधनों में बच्चों को पढ़ाते हुए चुनौतियों को बौना साबित कर दिया है। नगरों से लेकर सुदूर ग्रामीण पारा टोलों तक मोहल्ला क्लास संचालित कर रहे हैं।

प्राथमिक शाला धनवार में पदस्थ सहायक शिक्षक रश्मि पाण्डेय के प्रयास ने बच्चों की पढ़ाई को रूचिकर बना दिया है, रश्मि स्थानीय भाषा और प्रतीकों का प्रयोग कर बच्चों को आसानी से पशु-पक्षियों तथा वस्तुओं के नाम से परिचय करवाती है। बच्चों को भी सरलता के साथ इन प्रतीकों के माध्यम से मात्रा तथा वस्तुओं का ज्ञान हो जाता है।

कुछ ऐसा ही प्रयास पूर्व माध्यमिक शाला ढोढी में पदस्थ शिक्षक संजीव सिंह पटेल ने भी किया है जो बच्चों को रैपर(विभिन्न सामग्रियों के खाली पैकेट) के माध्यम से बच्चों को अंग्रेजी तथा गणित की शिक्षा देने का कार्य कर रहे हैं।  संजीव बताते है कि खाली पैकेटों में अंगे्रजी तथा हिन्दी में नाम के साथ ही अन्य जानकारियां लिखी होती है, जिससे बच्चों को शब्दों का ज्ञान हो जाता है।

इसी प्रकार अंजू ध्रुव जो शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय बरतीकला में शिक्षक हैं जिन्होंने बच्चों को ऑनलाईन पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित कर सराहनीय पहल की है। हिन्दी की व्याख्याता अंजू बच्चों को गद्य, पद्य सहित हिन्दी के विभिन्न विधाओं से परिचय करा रहे हैं। बच्चें भी इनसे ऑनलाईन जुड़ कर पढऩे में बड़ा ही सहज बोध करते हैं।


18-Nov-2020 9:18 PM 23

बलरामपुर, 18 नवम्बर। संचालनालय भौमिकी तथा खनिकर्म के आदेश के परिपालन में जिला में ओवर लोडिंग तथा निर्धारित भार क्षमता से अधिक मात्रा में परिवहन करने वाले वाहनों के रोकथाम के लिए कलेक्टर श्री श्याम धावड़े ने आदेश जारी करते हुए समस्त अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को निर्देशित किया है कि वे जिला परिवहन अधिकारी एवं संबंधित क्षेत्र के थाना प्रभारी के साथ वाहनों की जांच करें।

जांच के दौरान यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि निर्धारित भार क्षमता से अधिक मात्रा में खनिज आदि का परिवहन करते पाये जाने पर खनिज नियमों के साथ-साथ प्रकरण जिला परिवहन अधिकारी को मोटरयान अधिनियम के तहत कार्यवाही किये जाने हेतु प्रेषित किया जाये। साथ ही समय-सीमा की बैठक में की गई कार्यवाहियों का अधोहस्ंताक्षरकर्ता को प्रतिवेदन प्रस्तुत करें।


07-Nov-2020 5:06 PM 40

मामला वन विभाग द्वारा किसान के ट्रैक्टर जब्ती का, छुड़ाने पैसे मांगने का आरोप

छत्तीसगढ़ संवाददाता

राजपुर/बलरामपुर , 7 नवम्बर। वन विभाग के सेमरसोत अभ्यारण्य के दरोगा के घर के पास एक किसान ने जहर सेवन कर आत्महत्या करने का प्रयास किया है। जानकारी लगते ही वन अमले ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। वहीं पीडि़त किसान संजय सिंह के परिजनों ने वन अमले पर पैसे मांगने का आरोप लगाया है।

मामला बलरामपुर रेंज के सेमरसोत अभ्यारण्य का है जहां वन विभाग के सेमरसोत अभ्यारण्य के बलरामपुर रेंज में पदस्थ व्ही के तिवारी के घर ग्राम टंगरमहरी निवासी किसान संजय सिंह ने आज सुबह पहुंचकर जहर सेवन कर आत्महत्या करने की कोशिश की, जिसके बाद उसे आनन-फानन में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उसकी हालत स्थिर बनी हुई है। वहीं किसान संजय सिंह के परिजनों का आरोप है कि कुछ दिन पूर्व अभ्यारण्य क्षेत्र के वन अमले ने संजय सिंह के ट्रैक्टर को जब्त किया था और ट्रैक्टर छोडऩे के एवज में पैसे की मांग कर रहे थे।

गौरतलब है कि संजय सिंह सेमरसोत अभ्यारण्य क्षेत्र के झपरा बीट पर लम्बे समय से खेती करते आ रहा था। जिसके बाद इसी महीने अभ्यारण्य क्षेत्र के वन अमले ने अवैध कब्जा वाले वन भूमि में खेत जोत रहे संजय सिंह के ट्रैक्टर को जब्त किया था। अपने ट्रैक्टर के जब्त होने के बाद संजय सिंह लगातार अपने वाहन को छुड़वाने को लेकर अभ्यारण्य क्षेत्र के दफ्तर का चक्कर लगा रहा था। शनिवार की सुबह भी वह वन विभाग के दरोगा से मिलने गया था।

सेमरसोत अभ्यारण्य के अधिकारियों के कहना है कि उन्होंने संजय को जंगल में खेत बनाने के लिए जुताई करते 2 नवम्बर को पकड़ा था, जिसके बाद प्रकरण बनाकर वरिष्ठ कार्यालय के सुपुर्द कर दिया था। मामले में अभी भी जांच जारी है, लेकिन संजय सिंह के द्वारा उन्हें ट्रैक्टर छोडऩे के लिए दबाव बनाया जा रहा था।

बहरहाल किसान की हालत स्थिर बनी हुई है। किसान के परिजन अब भी अपनी ट्रैक्टर छुड़ाने की मांग पर अड़े हुए हंै, जबकि वन अमला अपनी कार्यवाही को वाजिब बता रहा है।


07-Nov-2020 5:01 PM 21

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 7 नवंबर। राजधानी रायपुर के आमानाका क्षेत्र में पत्थर मारकर एक महिला की हत्या कर दी गई। उसका शव यहां ओवरब्रिज के नीचे लहूलुहान हालत में पाया गया। पुलिस मामला दर्ज कर जांच में लगी है, फिलहाल आरोपियों का पता नहीं चल पाया है।

पुलिस के मुताबिक शव की पहचान मोतीलाल नगर कोटा की काली बाई नायक (42) के रूप में की गई है। उसके सिर पर पत्थर मारकर उसकी हत्या की गई है। घटना की जानकारी आमानाका ओवरब्रिज से होकर आने-जाने वालों ने पुलिस को दी। आमानाका पुलिस, शव चीरघर भेजकर घटना की जांच में लगी है।

पुलिस का कहना है कि शव देखने पर ही हत्या का मामला लग रहा है। महिला के सिर पर कोई भारी पत्थर मारा गया है। शव की पहचान  कर ली गई है। अब परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। उनका मानना है कि आरोपी जल्द ही पकड़ लिए जाएंगे।

 


01-Nov-2020 7:51 AM 22

'छत्तीसगढ़' संवाददाता

कुसमी, 31 अक्टूबर। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष शालिनी राजपूत, पूर्व महिला प्रदेश अध्यक्ष पूजा बिधानी, भाजपा उपाध्यक्ष उधेश्वरी पैकरा, महिला मोर्चा पदाधिकारी सकुंतला पोर्ते सहित अन्य महिला मोर्चा की पदाधिकारियों का नये दायित्व के बाद संगठनात्मक दौरा में प्रथम कुसमी नगर आगमन हुआ।

दौरा में पहुंचे अतिथियों का कुसमी आगमन पर ढोल-बाजे व अतिशबाजी के साथ पुष्प गुच्छ से स्थानीय वन विभाग विश्रामगृह में भाजपा पूर्व जनपद उपाध्यक्ष जन्मजय सिंह सहित अन्य भाजपा पदाधिकारियों व युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं द्वारा भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान सभी ने बारी-बारी से सभी महिला मोर्चा के पदाधिकारियों को पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया।

स्वागत कार्यक्रम के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करते हुए शालिनी राजपूत एवं उधेश्वरी पैकरा ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार की क्रियान्यवन पर सवाल खड़ी करते हुए कहा कि आज कांग्रेस की सरकार में महिला अपने आप को राज्य में सुरक्षित महसूस नहीं कर रही हैं। प्रदेश में महिलाओं पर अत्याचार बढ़ता जा रहा है। इस अव्यवस्था को दूर करने प्रदेश में भाजपा शासन लाने सभी ने संकल्प लिया।

प्रदेश की खस्ताहाल सड़कों पर सरकार के मौन होने पर सवाल खड़ा करते हुए महिला मोर्चा ने चिंता जाहिर की तथा महिला मोर्चा को मजबूती प्रदान कर आने वाले आगामी चुनाव में प्रचंड बहुमत से छत्तीसगढ़ में जीत दिलाने व प्रदेश में भाजपा की सरकार बनाने की अपील की। वहीं भाजपा वरिष्ठ नेता व पूर्व जनपद उपाध्यक्ष कुसमी जन्मजय सिंह ने कहा कि आने वाले समय में सभी के सहयोग से प्रदेश में भाजपा की सरकार बनाई जाएगी।

अतिथियों का निखिल गुप्ता के नेतृत्व में सैकड़ों युवा कार्यकर्ताओं ने जोशीला स्वागत किया। इस दौरान जन्मजय सिंह, उमेश्वर ओझा, राकेश भारती, शमीम खान, विवेक सिंह , मोहम्मद राबानी, नंदू कश्यप, अरबिंद सिन्हा, गोलू वडेगावकर, विकेश साहू, असलम खान, रितेश गुप्ता सहित सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित थे।


30-Oct-2020 8:56 PM 48

'छत्तीसगढ़' संवाददाता

राजपुर, 30 अक्टूबर। बलरामपुर-रामानुजगंज जिला के ककना जंगल में एक भालू ने शुक्रवार की दोपहर 2 ग्रामीणों को मार डाला। बताया जा रहा है कि दोनों लकड़ी लेकर घर लौट रहे थे। इसी दौरान अचानक भालू ने हमला कर दिया,जिससे उनकी मौत हो गई। सूचना मिलते ही एसडीएम-तहसीलदार समेत वन अमला मौके पर पहुंचा और हो-हल्ला कर भालू को वहां से भगाया। पुलिस व वन अमले ने शव बरामद कर पीएम के लिए अस्पताल भिजवा दिया है। मौके पर काफी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ भी लगी रही।

जानकारी के मुताबिक बरियों चौकी अंतर्गत ग्राम ककना निवासी 35 वर्षीय मोहरलाल व पहाड़पारा निवासी कमला राम (50 वर्ष) शुक्रवार की सुबह गांव से लगे आरा-ककना मार्ग पर स्थित जंगल में लकड़ी लेने गए थे। दोनों दोपहर करीब 2.15 बजे घर लौट रहे थे। इसी दौरान एक भालू ने कमला राम पर हमला कर दिया। कमला राम जान बचाने की कोशिश करने लगा लेकिन भालू ने उसे मार डाला। इधर मोहरलाल ने भालू को हमला करते देख कमलाराम को बचाने की कोशिश की लेकिन भालू ने उस पर भी हमला कर दिया। वह जान बचाने भागने लगा और गड्ढे में गिर गया। इस दौरान भालू ने उसे भी अपने पैने नाखूनों से नोंचकर मार डाला। गांव के पास से गुजरे मुख्य मार्ग से जंगल सटा हुआ है। वहां से गुजर रहे बोलेरो चालक की नजर भालू तथा वहां पड़े शव पर पड़ी तो उसने इसकी सूचना गांव के लोगों को दी।

सूचना मिलते ही ग्रामीण तथा वन अमला मौके पर पहुंचा। वहीं राजपुर एसडीएम आरएस लाल, तहसीलदार सुरेश राय व बरियों चौकी प्रभारी रजनीश सिंह दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे।

शव के पास मंडराता रहा भालू

ग्रामीणों को मौत के घाट उतारने के बाद भालू काफी देर तक दोनों के शव के पास ही मंडराता रहा। वन विभाग की टीम व ग्रामीणों ने हो-हल्ला कर उसे जंगल में भगाया। इधर पुलिस ने दोनों का शव बरामद कर बरियों अस्पताल में पीएम के लिए भिजवाया। ग्रामीणों की मौत से उनके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। फिलहाल वन विभाग ने सुरक्षा की दृष्टि से आरा-ककना मार्ग पर बेरिकेटिंग कर बंद कर दिया है।