छत्तीसगढ़ » बिलासपुर

Previous12Next
Date : 21-Aug-2019

जोड़े ने मैसेज भेजा और फांसी लगा ली

छत्तीसगढ़ संवाददाता
करगीरोड-(कोटा), 21 अगस्त।
जल संसाधन-विभाग-घोंघा जलाशय के पुराने कार्यालय के पास एक नवविविाहित जोड़े ने पेड़ पर एक ही रस्सी के सहारे फांसी लगा ली।  मृतक कोटा थाना-अंतर्गत ग्राम पंचायत लिटिया के निवासी हैं। घटनास्थल पर एक 2-व्हीलर पुरानी  बाइक खड़ी थे।

घटना-स्थल पर मृतक के मोबाइल पर लगातार फोन बज रहे थे, कुछ देर बाद मृतक के छोटे भाई ने पहुचकर मृतक व मृतका को भाई और भाभी के रूप में पहचाना मृतक का नाम नारायण साहू ग्राम पंचायत लिटिया निवासी के रूप में पहचान की गई,। मृतक नारायण साहू के छोटे भाई ने बताया कि दोनों के दोनों पुरानी होंडा साइन की गाड़ी से सुबह 10 बजे से अस्पताल जाने के लिए घर से निकले थे शाम को 3-30से 04 बजे के लगभग मृतक नारायण साहू ने अपने घर के मोबाइल पर व्हाट्सएप करके आत्महत्या करने की बात लिख कर घरवालों को जानकारी दी। जिसके बाद घरवाले हड़बड़ा गए, हड़बड़ाहट में छोटा भाई घटना स्थल तक पहुंच पाता तब तक काफी देर हो चुकी थी।  मृतक नारायण साहू पेशे से वाहन चालक था, बड़े बड़े ट्रेलर चलाता था, 5 से 6 माह पहले ही  उसकी शादी हुई थी। फिलहाल मौत का कारण अज्ञात है।

 

 

 


Date : 19-Aug-2019

स्कूल बस पेड़ से टकराई, दो को मामूली चोट

छत्तीसगढ़ संवाददाता
करगीरोड (कोटा), 19 अगस्त।
आज दोपहर एक स्कूल बस पेड़ से टकरा गई। हादसे में दो बच्चों को मामूली चोट आई है। 
ग्रामीणों के अनुसार आज दोपहर दो बजे बस कोटा ग्राम पंचायत रानी सागर स्थित सेंट जेवियर्स स्कूल से बेलगहना की ओर आ रही थी। ्रझिंगटपुर, श्री पारा के पास सामने से आ रही मेटाडोर से बचने के लिए स्कूल बस चालक ने बस को सड़क किनारे उतार दिया, जिससे बस एक पेड़ से टकरा गई।ग्रामीणों ने बताया कि स्कूल बस तेज रफ्तार में थी जिससे चालक बस पर से नियंत्रण खो दिया था। अगर बस पलटती तो निश्चित ही 4 से 5 फीट नीचे खेतों में गिरती जिससे कोई बड़ा हादसा हो सकता था। बस में रोज 45- 50 बच्चे बेलगहना ग्रामीण क्षेत्र के स्कूल जाते हैं। 

स्कूल प्रबंधन को घटना की जानकारी मिलते ही दूसरी बस की व्यवस्था कर बच्चों को वापस स्कूल भिजवाया गया जहां से उन्हें घर भेजा गया। कोटा ग्राम पंचायत रानीसागर में सेंट जेवियर स्कूल जाने के रास्ते में काफी गड्ढे हैं। बारिश के दिनों में स्कूल पहुंचाने वाले पालकों को कीचड़ व गंदगी से चलकर जाना पड़ता है। 


Date : 17-Aug-2019

पद्मश्री कुष्ठसेवक बापट का निधन, सिम्स में देहदान

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर/चांपा, 17 अगस्त।
कुष्ठ रोगियों के लिए अपनी पूरी जिंदगी समर्पित करने वाले पद्मश्री दामोदर गणेश बापट नहीं रहे। वे 87 साल के थे। भारतीय कुष्ठ निवारक संघ के संरक्षक, पदमश्री दामोदर गणेश बापट का निधन 17 अगस्त को रात्रि 2.30 बजे अपोलो हॉस्पिटल में हो गया।

पद्मश्री से सम्मानित बापट पूरे जीवन पर्यंत कुष्ठ रोगियों की सेवा कर पूरे देश में प्रेरणा के स्रोत रहे। लंबे समय से बीमार चल रहे बापट काफी दिनों से बिलासपुर के अपोलो अस्पताल में भर्ती थे। मरणोपरांत भी चिकित्सा के क्षेत्र में मेडिकल छात्रों के अध्ययन हेतु देहदान का संकल्प लिया। उनका पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए आज प्रात: 9 से दोपहर 1 बजे तक कुष्ठ निवारक संघ कात्रे नगर चाम्पा में रखा गया है। दोपहर 3.30 बजे से सिम्स बिलासपुर में देहदान के पूर्व श्रद्धांजलि सभा रखी गई। कुष्ठ रोगियों के लिए आजीवन समर्पित रहे गणेश बापट को साल 2018 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। 40 साल से कुष्ठ रोगियों के लिए समर्पित बापट ने अपने देहदान का संकल्प लिया था, उस संकल्प के तहत उनका देहदान किया जाएगा।

बता दें कि सामाजिक कार्यकर्ता गणेश बापट न सिर्फ मरीजों के साथ रहते हैं बल्कि उनके हाथ का पकाया खाना भी खाते थे। मरीजों के साथ खाना-पीना साझा कर उनका दर्द भी साझा कर लेते थे और जागरूकता भी फैलाते थे। कहा जाता है कि बापट ने 26 हजार मरीजों की जिंदगी में रोशनी भरी है। मूल रूप से ग्राम पथरोट, जिला अमरावती, महाराष्ट्र निवासी दामोदर बापट ने नागपुर से बीए और बीकॉम की पढ़ाई पूरी की और अपने पिता के देहांत के बाद नौकरी ढू्ंढने की कोशिश की। वे छत्तीसगढ़ के वनवासी कल्याण आश्रम जशपुरनगर पहुंचे और बच्चों को पढ़ाने लगे। इस बीच कुष्ठ रोगियों के संपर्क में आए और सदा के लिए यहीं के होकर रहे। इस दौरान वे भारतीय कुष्ठ निवारक संघ (बीकेएनएस) जाते थे, जहां मरीजों से मिलते थे। 

बता दें कि इस कुष्ठ आश्रम की स्थापना साल 1962 में कुष्ठ पीडि़त सदाशिवराव गोविंदराव कात्रे ने की थी, जहां वनवासी कल्याण आश्रम के कार्यकर्ता गणेश बापट सन 1972 में पहुंचे और कात्रे जी के साथ मिलकर उन्होंने कुष्ठ पीडि़तों के इलाज और उनके सामाजिक-आर्थिक पुनर्वास के लिए सेवा के अनेक कार्यक्रमों की शुरुआत की।

सीएम की श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने  दामोदर गणेश बापट के निधन पर गहरा दु:ख प्रकट किया है। श्री बापट का बीती रात बिलासपुर के एक अस्पताल में निधन हो गया। मुख्यमंत्री ने अपने शोक सन्देश में कहा है कि स्वर्गीय श्री बापट ने अपना पूरा जीवन कुष्ठ रोगियों की सेवा में समर्पित कर दिया। चांपा शहर के नजदीक ग्राम सोठी में भारतीय कुष्ठ निवारक संघ द्वारा संचालित आश्रम में कुष्ठ पीडि़तों के इलाज के साथ उनके पुनर्वास के अनेक कार्यों की उन्होंने शुरुआत की। कुष्ठ रोग के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए भी उन्होंने महत्वपूर्ण योगदान दिया।
 मानवता की सेवा के प्रति स्वर्गीय श्री बापट का समर्पण अनुकरणीय और देहदान का संकल्प प्रेरणादायक है। उनका निधन छत्तीसगढ़ के लिए अपूरणीय क्षति है। मुख्यमंत्री ने उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की है।

 


Date : 17-Aug-2019

मप्र की तस्करी शराब से भरी कार घाटी में गिरी, दो मौतें

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 17 अगस्त।
शनिवार तडक़े मध्यप्रदेश से तस्करी कर लाई जा रही शराब से भरी कार मप्र की सीमा से 3 किमी छत्तीसगढ़ में करंगरा घाटी में गिर गई। जिससे कार में सवार दो लोगों की मौत हो गई है, जिनकी पहचान नहीं हो पाई है। जिला मुख्यालय से 200 किमी पर गौरेला थाना अंतर्गत करंगरा घाटी में आज तडक़े 4 बजे बजरंगबली मंदिर के पास शराब से भरी कार गिर गई। जिससे कार में सवार दो लोगों की मौत हो गई है। समाचार लिखे जाने तक कार में एक और आदमी के फंसे होने की जानकारी मिल रही है जिसे गंभीर रूप से घायल बताया जा रहा है, लेकिन उसे अभी तक कार से बाहर नहीं निकाला जा सका है। कार में झारखंड का नंबर प्लेट लगा हुआ है। एसडीओपी और टीआई घटनास्थल पर मौजूद है।

कार से बहुत सारी शराब वहां पहुंचे तमाशबीन उठाकर ले गए हैं। बड़ी संख्या में वहां पर बोतलें जिनमें से अधिकांश खाली है, पड़ी हुई है। ज्ञात हो कि मध्यप्रदेश की सीमा से लगातार शराब और गांजे की तस्करी हो रही है। कुछ दिन पहले गांजे से भरी कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी।

 

 


Date : 13-Aug-2019

ननि सीमा वृद्धि को लेकर कांग्रेस संगठन ने अपने ही विधायकों से दूरी बनाई, इशारों में सावधान रहने कहा

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
नगर निगम की सीमा वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने वालों से कांग्रेस नेताओं ने सावधान रहने को कहा है। इस पर जारी वक्तव्य में पार्टी के कई छोटे-बड़े नाम शामिल हैं पर जिले के दोनों कांग्रेस विधायकों के नाम गायब हैं।
जिले में किसके समर्थक का दबदबा रहे इसे लेकर कांग्रेस नेताओं में मची खींचतान अक्सर सामने आ जाती है। संगठन के अधिकांश पदाधिकारी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के करीबी हैं। संगठन की ओर से विधायक शैलेष पांडेय की उपेक्षा प्राय: चर्चा में रहती है। दूसरी ओर तखतपुर विधायक रश्मि सिंह भी हैं जिन्हें विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरण दास महन्त समर्थक माना जाता है। रश्मि सिंह की संगठन के नेताओं से दूरी नहीं रही है, बल्कि जिला अध्यक्ष विजय केशरवानी भी डॉ. महन्त के खेमे के हैं। पर नगर निगम सीमा वृद्धि को लेकर समीप के नगरीय निकायों से उठे विरोध को लेकर कांग्रेस के नेता एक बार फिर उलझ पड़े हैं।

कांग्रेस की ओर से एक विज्ञप्ति जारी कर नगर निगम बिलासपुर के सीमा विस्तार को अति-आवश्यक बताते हुए 'उन लोगोंÓ से सावधान रहने के लिये कहा है जो इस प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं। विज्ञप्ति में भाजपा या किसी विरोधी दल पर साफ-साफ निशाना नहीं साधा गया है। प्रदेश महामंत्री अटल श्रीवास्तव, बिल्हा के कांग्रेस प्रत्याशी राजेन्द्र शुक्ला, बेलतरा प्रत्याशी राजेन्द्र साहू, पूर्व विधायक दिलीप लहरिया, जिला कांग्रेस अध्यक्ष विजय केशरवानी, शहर अध्यक्ष नरेन्द्र बोलर, प्रदेश प्रवक्ता अभय नारायण राय, प्रदेश सचिव महेश दुबे, रामशरण यादव तथा प्रमोद नायक की ओर से जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि नगर निगम की सीमा वृद्धि कर इसमें 29 ग्राम पंचायतों को शामिल करने का प्रस्ताव वर्षों पहले का है, जिस पर निर्णय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने लिया। कुछ लोग जनता के बीच भ्रम फैला रहे हैं उनकी अफवाहों पर ग्रामीण और मतदाता ध्यान न दें। यह एक ठोस कदम है। 

शहर को बी ग्रेड का दर्जा मिलेगा और स्मार्ट सिटी के रूप में केन्द्र से भी निश्चित फंड मिलेगा। लोग टैक्स में वृद्धि होने, नक्शा पास कराने के लिए बिलासपुर चक्कर लगाने तथा झोपडिय़ां टूटने की अफवाह फैला रहे हैं, जबकि बघेल सरकार घोषणा कर चुकी है कि किसी की झोपड़ी नहीं टूटेगी उन्हें पट्टा दिया जायेगा। किसी एक का भी मकान नहीं टूटेगा। जब तक नये शामिल क्षेत्रों में विकास नहीं हो जाता कोई नया टैक्स नहीं लगेगा। नगर-निगम को 10 जोन में बांटा जायेगा, जिनमें सक्षम अधिकारी नक्शा पास करने के लिए रहेंगे। राज्य बनने के बाद भी बिलासपुर संकुचित दायरे में सिमटा हुआ है, जबकि रायपुर,रायगढ़, राजनांदगांव का सीमा विस्तार पहले से ही हो चुका है। मुख्यमंत्री की बिलासपुर के विकास के लिए योजनाबद्ध कार्य करना चाहते हैं। बिलासपुर का विकास चाहने वाले सभी लोगों को इसका समर्थन करना चाहिए तथा विरोध करने वालों की पहचान होनी चाहिए।

उल्लेखनीय है कि सकरी नगर पंचायत को नगर निगम में शामिल करने का विरोध करने वालों के साथ तखतपुर की कांग्रेस विधायक रश्मि सिंह ने प्रदर्शन किया था। बिलासपुर विधायक शैलेष पांडेय ने सीमा वृद्धि का विरोध नहीं किया है पर उन्होंने लोगों को सहमत कर आगे बढऩे की बात कही है।


Date : 13-Aug-2019

एनटीपीसी सीपत का निरीक्षण कर लखमा ने विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया समझी

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
उद्योग एवं वाणिज्यकर मंत्री कवासी लखमा ने सीपत स्थित एनटीपीसी का निरीक्षण किया। इस दौरान बिलासपुर विधायक शैलेष पाण्डेय एवं मस्तूरी के पूर्व विधायक दिलीप लहरिया भी मौजूद थे। 

उद्योग मंत्री ने एनटीपीसी परिसर के प्रतिरूप कक्ष एवं स्टेज-एक कंट्रोल रूम का अवलोकन कर विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया को करीब से देखा और उसकी बारीकियों को समझा। इस दौरान उन्होंने एनटीपीसी के वरिष्ठ अधिकारियों से विस्तृत जानकारी लेकर आवश्यक निर्देश दिये। सीपत एनटीपीसी प्रवास के दौरान उद्योग मंत्री ने जाह्नवी अतिथि गृह परिसर में अन्य कार्यकर्ताओं के साथ पौधारोपण किया। इस अवसर पर एनटीपीसी स्टेशन प्रमुख पदम कुमार राजशेखरन, मुख्य महाप्रबंधक सीपत एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मंत्री का स्वागत किया।

 


Date : 13-Aug-2019

आरोप की आत्महत्या चिट्टी छोड़ हफ्तेभर से लापता डॉक्टर लौटा

जमीन सौदों को लेकर लोगों पर लगाए थे आरोप, अब खुद होकर वापिस...

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
बीते सप्ताह सुसाइड नोट छोडक़र लापता शहर के डॉक्टर प्रकाश चंद्र सुल्तानिया का इंदौर में पता चल गया है। वे फ्लाइट से आज सुबह रायपुर पहुंचे फिर उन्हें बिलासपुर लाया जा रहा है। आज सुबह डॉक्टर प्रकाश सुलतानिया के भाई मुकेश ने पुलिस को जानकारी दी कि उनके भाई ने कल रात परिवार वालों से बात की है और अपने सही सलामत इंदौर में होने की जानकारी दी है। 

इसके साथ ही पुलिस और परिजनों ने राहत की सांस ली है। हालांकि दूसरी तरफ डॉक्टर के खिलाफ पुलिस कार्रवाई किए जाने की संभावना है। उस पर पुलिस को गुमराह करने और कुछ लोगों को परेशान करने के लिए सुसाइड नोट लिखकर डराने और प्रताडि़त करने का आरोप लग सकता है।

पेंड्रा  निवासी डॉक्टर सुलतानिया बीते 7 अगस्त से लापता थे। वे इस दिन क्लीनिक जाने के नाम पर घर से निकले थे। वे क्लीनिक न जा कर अपने एक दोस्त के घर पहुंचे और वहां अपना बैग यह कहकर छोड़ आए कि शाम को ले जाएंगे। इसके बाद वे ईदगाह चौक के पास स्थित मार्क हॉस्पिटल गए। वहां उन्होंने अपनी कार पार्किंग पर लगा दी। गार्ड को उन्होंने चाबी सौंप कर कहा कि वह देर रात तक लौटेंगे। देर शाम तक जब डॉक्टर घर नहीं पहुंचे तो उनकी खोजबीन परिवार वालों ने शुरू की। (बाकी पेजï 5 पर)
उनके दोस्त के घर छोड़े गए बैग से 7 सुसाइड नोट बरामद हुए। 

चिंतित परिजनों ने सिविल लाइन थाने में घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने करीब आधा दर्जन उन लोगों को बुलाकर पूछताछ शुरू की जिनके बारे में डॉक्टर सुल्तानिया ने लिखा था कि यदि उनकी मौत होती है तो यह लोग जिम्मेदार रहेंगे।
डॉक्टर ने इन लोगों के साथ एक जमीन का सौदा किया था। ये करीब एक करोड़ की जमीन बताई जाती है। सुसाइड नोट में डॉक्टर ने लिखा था कि उन्होंने कर्ज लेकर और अपने नाम की जमीन को बेचकर के हॉस्पिटल खोलने के लिए या जमीन ली है, मगर इसे बेचने वाले लोगों ने और प्रॉपर्टी डीलरों ने विवादित बनाकर उन्हें संकट में डाल दिया। वे इस जमीन का कब्जा नहीं ले पा रहे हैं।

इधर पुलिस ने डॉक्टर की तलाश में करीब दो दर्जन और लोगों से पूछताछ की। सीसीटीवी के फुटेज खंगाले गए। 100 से अधिक कैमरों की जांच के बाद भी सुल्तानिया कहां निकल गए   पता नहीं चल पाया। उनका अंतिम लोकेशन तेलीपारा में मिला था। डॉक्टर का पता नहीं चलने को लेकर के पुलिस पर काफी दबाव था। पेंड्रा और गोरेला में व्यापारियों ने नगर बंद भी किया तथा अग्रवाल समाज ने बिलासपुर में एसपी को ज्ञापन सौंपा था।

 


Date : 13-Aug-2019

ननि सीमा वृद्धि को लेकर कांग्रेस संगठन ने अपने ही विधायकों से दूरी बनाई, इशारों में सावधान रहने कहा
छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
नगर निगम की सीमा वृद्धि के प्रस्ताव का विरोध करने वालों से कांग्रेस नेताओं ने सावधान रहने को कहा है। इस पर जारी वक्तव्य में पार्टी के कई छोटे-बड़े नाम शामिल हैं पर जिले के दोनों कांग्रेस विधायकों के नाम गायब हैं।

जिले में किसके समर्थक का दबदबा रहे इसे लेकर कांग्रेस नेताओं में मची खींचतान अक्सर सामने आ जाती है। संगठन के अधिकांश पदाधिकारी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के करीबी हैं। संगठन की ओर से विधायक शैलेष पांडेय की उपेक्षा प्राय: चर्चा में रहती है। दूसरी ओर तखतपुर विधायक रश्मि सिंह भी हैं जिन्हें विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरण दास महन्त समर्थक माना जाता है। रश्मि सिंह की संगठन के नेताओं से दूरी नहीं रही है, बल्कि जिला अध्यक्ष विजय केशरवानी भी डॉ. महन्त के खेमे के हैं। पर नगर निगम सीमा वृद्धि को लेकर समीप के नगरीय निकायों से उठे विरोध को लेकर कांग्रेस के नेता एक बार फिर उलझ पड़े हैं।

कांग्रेस की ओर से एक विज्ञप्ति जारी कर नगर निगम बिलासपुर के सीमा विस्तार को अति-आवश्यक बताते हुए 'उन लोगों से सावधान रहने के लिये कहा है जो इस प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं। विज्ञप्ति में भाजपा या किसी विरोधी दल पर साफ-साफ निशाना नहीं साधा गया है। प्रदेश महामंत्री अटल श्रीवास्तव, बिल्हा के कांग्रेस प्रत्याशी राजेन्द्र शुक्ला, बेलतरा प्रत्याशी राजेन्द्र साहू, पूर्व विधायक दिलीप लहरिया, जिला कांग्रेस अध्यक्ष विजय केशरवानी, शहर अध्यक्ष नरेन्द्र बोलर, प्रदेश प्रवक्ता अभय नारायण राय, प्रदेश सचिव महेश दुबे, रामशरण यादव तथा प्रमोद नायक की ओर से जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि नगर निगम की सीमा वृद्धि कर इसमें 29 ग्राम पंचायतों को शामिल करने का प्रस्ताव वर्षों पहले का है, जिस पर निर्णय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने लिया। कुछ लोग जनता के बीच भ्रम फैला रहे हैं उनकी अफवाहों पर ग्रामीण और मतदाता ध्यान न दें। यह एक ठोस कदम है। 

शहर को बी ग्रेड का दर्जा मिलेगा और स्मार्ट सिटी के रूप में केन्द्र से भी निश्चित फंड मिलेगा। लोग टैक्स में वृद्धि होने, नक्शा पास कराने के लिए बिलासपुर चक्कर लगाने तथा झोपडिय़ां टूटने की अफवाह फैला रहे हैं, जबकि बघेल सरकार घोषणा कर चुकी है कि किसी की झोपड़ी नहीं टूटेगी उन्हें पट्टा दिया जायेगा। किसी एक का भी मकान नहीं टूटेगा। जब तक नये शामिल क्षेत्रों में विकास नहीं हो जाता कोई नया टैक्स नहीं लगेगा। नगर-निगम को 10 जोन में बांटा जायेगा, जिनमें सक्षम अधिकारी नक्शा पास करने के लिए रहेंगे। राज्य बनने के बाद भी बिलासपुर संकुचित दायरे में सिमटा हुआ है, जबकि रायपुर,रायगढ़, राजनांदगांव का सीमा विस्तार पहले से ही हो चुका है। मुख्यमंत्री की बिलासपुर के विकास के लिए योजनाबद्ध कार्य करना चाहते हैं। बिलासपुर का विकास चाहने वाले सभी लोगों को इसका समर्थन करना चाहिए तथा विरोध करने वालों की पहचान होनी चाहिए।

उल्लेखनीय है कि सकरी नगर पंचायत को नगर निगम में शामिल करने का विरोध करने वालों के साथ तखतपुर की कांग्रेस विधायक रश्मि सिंह ने प्रदर्शन किया था। बिलासपुर विधायक शैलेष पांडेय ने सीमा वृद्धि का विरोध नहीं किया है पर उन्होंने लोगों को सहमत कर आगे बढऩे की बात कही है।


Date : 13-Aug-2019

एनटीपीसी सीपत का निरीक्षण कर उद्योग एवं वाणिज्यकर मंत्री लखमा ने विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया समझी

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
उद्योग एवं वाणिज्यकर मंत्री कवासी लखमा ने सीपत स्थित एनटीपीसी का निरीक्षण किया। इस दौरान बिलासपुर विधायक शैलेष पाण्डेय एवं मस्तूरी के पूर्व विधायक दिलीप लहरिया भी मौजूद थे। 

उद्योग मंत्री ने एनटीपीसी परिसर के प्रतिरूप कक्ष एवं स्टेज-एक कंट्रोल रूम का अवलोकन कर विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया को करीब से देखा और उसकी बारीकियों को समझा। इस दौरान उन्होंने एनटीपीसी के वरिष्ठ अधिकारियों से विस्तृत जानकारी लेकर आवश्यक निर्देश दिये। सीपत एनटीपीसी प्रवास के दौरान उद्योग मंत्री ने जाह्नवी अतिथि गृह परिसर में अन्य कार्यकर्ताओं के साथ पौधारोपण किया। इस अवसर पर एनटीपीसी स्टेशन प्रमुख पदम कुमार राजशेखरन, मुख्य महाप्रबंधक सीपत एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मंत्री का स्वागत किया।

 


Date : 13-Aug-2019

बिलासपुर से चलने वाली ट्रेनों को रद्द करने का फैसला वापस, 14 से 18 तक था निरस्त..  

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने रक्षाबंधन और स्वतंत्रता दिवस को देखते हुए बिलासपुर मंडल से चलने वाली दो ट्रेनों को रद्द करने का फैसला वापस ले लिया है। बिलासपुर टाटानगर पैसेंजर को 14 अगस्त से लेकर 18 अगस्त कर रद्द कर दिया गया था, जिसे फिर से शुरू करने का निर्देश जारी कर दिया गया है। अब ये ट्रेन अपने तय समय पर चलेगी।

इसी तरह बिलासपुर गेवरा रोड, बिलासपुर मेमू भी रद्द कर दी गई थी, लेकिन त्यौहार के मद्देनजर अब ये ट्रेन भी 14 अगस्त से लेकर 18 अगस्त तक अपने तय समय पर चलती रहेंगी। इन ट्रेनों का परिचालन शुरू होने से हजारों यात्रियों को फायदा पहुंचेगा और त्यौहार के मौसम में उन्हें भटकना नहीं पड़ेगा।

 


Date : 13-Aug-2019

कर्ज दे रकम हड़पी, बैंक मैनेजर-एजेंट के खिलाफ जुर्म दर्ज 

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
दो किसानों के नाम पर बैंक के डिप्टी मैनेजर ने 11 लाख 40 हजार रुपये का लोन मंजूर किया और दस्तावेजों के साथ दो कोरे चेक पर हस्ताक्षर भी ले लिये। बाद में एजेंट के साथ मिलकर रकम एजेंट के साथ मिलकर बांट ली। कुर्की नोटिस आने के बाद किसानों के होश उड़ गये। पुलिस ने शिकायत दर्ज नहीं की तो वे कोर्ट गये। कोर्ट के आदेश के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ सरकंडा थाने में चारसौबीसी का अपराध दर्ज किया गया है।

उमरिया, पथरिया निवासी रामदास धृतलहरे और मुकेश नोरगे के साथ यह ठगी की गई। सन् 2013 में धौंराभाठा, हिर्री के हीरालाल साहू ने दोनों को झांसा दिया कि वे उनके खेत के एवज में किसान क्रेडिट कार्ड बनवाकर बड़ी रकम का लोन दिला सकता है। उसकी एक्सिस बैंक की सरकंडा शाखा में अच्छी जान-पहचान है। जनवरी माह में दोनों किसानों को हीरालाल राजकिशोरनगर स्थित एक्सिस बैंक की शाखा गया। वहां उसने उनकी मुलाकात बैंक के डिप्टी मैनेजर प्रबोध कुमार दास से कराई। दास  के सामने दोनों किसानों ने हीरालाल से बी-वन खसरा, पंचसाला नकल, ऋण पुस्तिका आदि लिये। साथ ही बैंक में खाता खुलवाकर दो-दो कोरे चेक भी लिये। 

सभी दस्तावेजों पर दोनों किसानों से दस्तावेजों में हस्ताक्षर करा लिये गये। दस्तावेज जमा करने के बाद लोन दोनों किसान हीरालाल के चक्कर लगाते रहे। हीरालाल उन्हें झांसा देता रहा कि कुछ ही दिनों में उनका लोन पास हो जायेगा। सितम्बर 2014 में उनके नाम पर एक्सिस बैंक से ऋण जमा करने की नोटिस आई और कुर्की की चेतावनी दी गई। दोनों के होश उड़ गये। बैंक जाकर उन्होंने पता किया तो मालूम हुआ कि  बैंक से रामदास के नाम पर सात लाख 90 हजार रुपये तथा मुकेश नोरगे के नाम पर तीन लाख 50 हजार रुपये का ऋण सन् 2013 में ही पास कर दिया गया था। 

एक्सिस बैंक का एजेंट हीरालाल ने पूरी राशि उनके चेक का इस्तेमाल कर निकाल लिया था। ठगे गए किसानों ने पुलिस थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज करानी चाही लेकिन उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। पुलिस अधिकारियों से भी उन्होंने शिकायत की पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद दोनों किसानों ने कोर्ट में बैंक के डिप्टी मैनेजर दास व एजेंट हीरालाल के खिलाफ परिवाद दायर किया। कोर्ट ने सरकंडा पुलिस को अपराध दर्ज कर कार्रवाई करने का निर्देश दिया। कोर्ट के आदेश पर एक्सिस बैंक के तत्कालीन डिप्टी मैनेजर प्रबोध दास व एजेंट हीरालाल के खिलाफ अपराध दर्ज किया है।

 


Date : 13-Aug-2019

कलेक्टर की अनुमति के बावजूद नहीं खरीदी जा सकती आदिवासी की जमीन-हाईकोर्ट 

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 13 अगस्त।
कलेक्टर के आदेश के बाद भी अब अनूसूचित जनजाति की भूमि नहीं खरीदी जा सकती। हाईकोर्ट ने अनुसूचित जनजाति की भूमि को लेकर यह आदेश देते हुए  बचेली के जमीन बिक्री को  शून्य घोषित कर दिया है। दंतेवाड़ा जिले के बड़े बचेली में गैर अनुसूचित जनजाति वर्ग के कुछ लोगों ने कलेक्टर से अनुमति प्राप्त कर अनुसूचित जनजाति वर्ग की भूमि को खरीदा था। बस्तर के कमिश्नर ने प्रावधान नहीं होने के कारण कलेक्टर द्वारा दी गई अनुमति को निरस्त कर दिया। इसके खिलाफ खरीददारों ने हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की। इसमें कहा गया कि छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता के अनुसार नगर पालिक क्षेत्र में कलेक्टर से अनुमति प्राप्त कर अनुसूचित जनजाति वर्ग की जमीन गैर आदिवासी भी खरीद सकते हैं। इसलिए खरीदी अवैध नहीं है।

हाई कोर्ट ने सुनवाई उपरांत आदेश में कहा कि छत्तीसगढ़ भू राजस्व संहिता 1959 की धारा 165 (6), (1) के अनुसार अनुसूचित क्षेत्र में कलेक्टर से अनुमति प्राप्त होने के बाद भी अनुसूचित जनजाति की जमीन गैर अनुसूचित जनजाति का व्यक्ति नहीं खरीद सकता है। कोर्ट ने खरीदी बिक्री के लिए हुए व्यवहार को शून्य घोषित किया है।

 


Date : 12-Aug-2019

इंटरनेट पर दोस्ती, विदेशी ने शादी का झांसा देकर की एक लाख 35 हजार की ठगी 

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर,
12 अगस्त। शादी का झांसा देकर विदेश के एक युवक ने सरकंडा की युवती को एक लाख 35 हजार रुपये का चूना लगा दिया। शिकायत के बाद सरकंडा पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। 

सरकंडा की इस युवती का प्रोफाइल जीवनसाथी डॉट कॉम में दर्ज था। इसे देखकर अपने आपको इंग्लैंड का नागरिक बताते हुए फैं्रड रिक्वेस्ट भेजा। दोनों के बीच सोशल साइट्स पर चैटिंग होने लगी। आपस में उन्होंने फोन नंबर भी आदान-प्रदान किये और उसके बाद वाट्सएप पर भी बातचीत होने लगी। 

युवक ने वाट्सअप पर ही युवती को शादी का प्रस्ताव दिया। उसने यह भी बताया कि वह 21 जुलाई को मिलने के लिए भारत पहुंचेगा। 22 जुलाई को एक युवती जिसने अपना नाम शालिनी बताया था, उसने सरकंडा की युवती को कॉल किया। उसने बताया कि लियो रुद्रा को मुम्बई एयरपोर्ट पर चेकिंग के दौरान पकड़ लिया गया है। वह अपने साथ बहुत सारा रुपया लेकर आ रहा था, जिसे कस्टम ड्यूटी दिये बिना नहीं छोड़ा जाएगा। इसके लिए उसे तत्काल रुपये की जरूरत है। 

इसके बाद युवती ने अनेक बैंक खातों के जरिये कई किश्तों में एक लाख 35 हजार रुपये जमा कराये। इसके बाद लगातार रुपयों की मांग होने पर युवती को संदेह होने लगा और उसे अपने ठगे जाने की आशंका हुई। युवती ने भारत स्थित ब्रिटिश दूतावास में सम्पर्क किया तो पता चला कि इंग्लैंड के किसी नागरिक को मुम्बई एयरपोर्ट में अथवा भारत के किसी दूसरे एयरपोर्ट पर नहीं रोका गया है। संदेह के यकीन में बदल जाने के बाद युवती ने सरकंडा थाने में घटना की शिकायत दर्ज कराई है, जिस पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। 


Date : 12-Aug-2019

अपनों के बीच मांदर बजाकर खूब नाचे मंत्री लखमा, विधायक पांडेय ने भी दिया साथ 
मस्तूरी में फूट पार्क व 10 लाख की लागत से आदिवासी बालक छात्रावास की घोषणा 
छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 12 अगस्त।
ग्राम मानिकचौरी के गोड़वाना भवन परिसर में विश्व आदिवासी दिवस मनाया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि कवासी लखमा उद्योग, आबकारी एवं वाणिज्य मंत्री ने मस्तूरी क्षेत्र में फूड पार्क बनाने की घोषणा की है। उन्होंने यहां आदिवासी बालक छात्रावास की मांग को पूरा करने की घोषणा की, जिसकी लागत 10 लाख रुपये होगी। 

 रविवार को मस्तूरी क्षेत्र के मानिक चौरी में आयोजित कार्यक्रम में सांसद अरूण साव, विधायक शैलेष पांडेय, क्षेत्र के विधायक डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी व पूर्व शिक्षा मंत्री केदार कश्यप भी उपस्थित थे। डॉ. बांधी ने कहा कि वे फूड पार्क के लिए जमीन उपलब्ध कराने का प्रयास करेंगे। कश्यप ने कहा कि क्षेत्र के आदिवासी वर्ग को मस्तूरी में स्थापित उद्योगों में साझेदारी मिलनी चाहिए। सांसद साव एवं विधायक पाण्डेय ने भी सभा को संबोधित किया। 

आदिवासी बालिकाओं की स्थानीय टोली ने इस मौके पर सुआ नृत्य प्रस्तुत किया। आमाटोली के आदिवासी युवाओं ने करमा नृत्य प्रस्तुत किया। मंत्री लखमा ने भी मांदर में थाप देने व साथ में नृत्य करने के लिए मंच पर उतरे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सुमन सिंह पैकरा ने की। पाली-तानाखार विधायक मोहितराम केरकेट्टा ने आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में पूर्व मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया, सुभाष परते, विजय केशरवानी, शंकर यादव, डी.पी.ठाकुर, वेद सिंह मरकाम, वंदना उईके, राजीव ध्रुव, त्रिवेणी पोर्ते सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। 


Date : 12-Aug-2019

आस्था का सफर...,  शिवालय में अभिषेक करने वाले कावडिय़ों का जत्था​

बिलासपुर। रतनपुर स्थित प्राचीन बूढ़ा महादेव के शिवालय में अभिषेक करने वाले कावडिय़ों का जत्था हर साल मिल जाता है। ये सात दिनों में 250 किमी की पदयात्रा करते हैं। किसी-किसी जत्थे में महिला कावडिय़ा भी ये यात्रा करती दिख जाती हैं। ये रतनपुर के आसपास गांव के होते हैं। अमरकण्टक के इस सफर में वे अचानकमार टाइगर रिजर्व को पार करते हैं। पूरी यात्रा पैदल होती है, पर एक वाहन में भोजन और कपड़े साथ लेकर चलते हैं। विश्राम के क्षणों में ये कावड़ को भूमि पर नहीं रखते,टांग देते हैं। राह में गांव वाले इनका स्वागत कर कभी-कभी भोजन भी कराते हैं। 

 

 


Date : 12-Aug-2019

मप्र-महाराष्ट्र की शराब बिकी तो कड़ी कार्रवाई-लखमा

छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 12 अगस्त।
प्रदेश के उद्योग एवं आबकारी मंत्री कवासी लखमा ने चेतावनी दी है कि मध्यप्रदेश से शराब की तस्करी नहीं रोकी गई तो सम्बन्धित अधिकारियों  पर कड़ी कार्रवाई की जायेगी। मंत्री का यह भी कहना है कि अधिकारी उनकी बात नहीं मानते न ही उन्हें कोई जानकारी देते। 

पेंड्रारोड से लगातार मध्यप्रदेश के शराब की तस्करी हो रही है। आबकारी विभाग और पुलिस ने कई बार ऐसी शराब पकड़ी है, लेकिन हाल ही में जिले की वेलकम डिस्टलरी से भारी मात्रा में महाराष्ट्र की शराब और महाराष्ट्र के ही लेबल वाली खाली बोतलें जब्त की थी। डिस्टलरी में निर्मित होने वाली यह शराब केवल महाराष्ट्र में बेची जा सकती है लेकिन इसे छत्तीसगढ़ की दुकानों  में खपाये जाने की शिकायत मिल रही है। 

बिलासपुर प्रवास पर आये विभाग के मंत्री कवासी लखमा ने कहा कि अधिकारी उन्हें इन घटनाओं की जानकारी नहीं देते और न ही उनके आदेश को मान रहे हैं। अब जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई की जायेगी। मंत्री लखमा यह जानकारी दिये जाने पर हतप्रभ रह गये कि मध्यप्रदेश की शराब को खपाने के आरोप में पकड़े गये और 6 माह की सजा भुगतने वाले एक शख़्स विक्की वाधवानी को ईगल हंटर कम्पनी ने मुंगेली में सेल्समैन बना दिया गया है। लखमा ने इस मामले में भी अधिकारियों से जवाब-तलब करने की बात कही है। 
उद्योग विभाग भी संभाल रहे मंत्री लखमा ने कहा कि जिले में कुछ लोग उद्योगों के नाम से जमीन आबंटित करा लिया है पर उसका दूसरा इस्तेमाल कर रहे हैं। इसके लिए बिलासपुर के सभी औद्योगिक क्षेत्रों के लिए जांच कमेटी का गठन कर दिया गया है। जमीन का अन्य प्रयोजन के लिए इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जायेगी।

उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों से चर्चा के दौरान उन्हें जानकारी मिली है कि कई उद्योगों ने स्थानीय लोगों के बजाय बाहरी लोगों को ज्यादा संख्या में रोजगार दे रखा है। उन्हें स्थानीय लोगों को प्रमुखता से रोजगार देने कहा जायेगा। इसके अलावा प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों को भी समझाइश दी गई है। आदेश का पालन नहीं करने वाले उद्योगों को बंद करा दिया जायेगा। 

 

 


Date : 11-Aug-2019

डॉ. सीवी रमन विवि में रोजगार मेला, 118 विद्यार्थी चयनित

बिलासपुर, 11 अगस्त। डॉ.सीवी रमन विश्वविद्यालय द्वारा प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र में शनिवार को रोजगार मेला का आयोजन किया गया। जिसमें देश के 12 बड़ी कंपनियों ने 118 विद्यार्थियों का चयन किया। मेले में लगभग 223 विद्यार्थी शामिल रहे। मुख्य अतिथि सांसद अरुण साव, विशिष्ट अतिथि के रुप में डॉ. बीएल गोयल शामिल हुए। 

श्री साव ने विद्यार्थियों से कहा कि यह विश्वविद्यालय शिक्षित करने के साथ रोजगार देने का कार्य कर रहा है। इसमें कोटा, बिलासपुर के साथ पूरे प्रदेश में युवाओं को रोजगार मिल रहा है। उन्होंने प्रशिक्षण प्राप्त विद्यार्थियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किया। प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र के निदेशक राशिद खान ने बताया कि प्रदेश के 10वीं, 12वीं पास विद्यार्थियों को निशुल्क प्रशिक्षण देकर, उन्हें रोजगार की मुख्यधारा तक लाया जा रहा है।

कुलसचिव गौरव शुक्ला ने बताया कि विश्वविद्यालय स्किल के क्षेत्र में वर्षों से कार्य कर रहा है। स्किल इंडिया, प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र तथा केंद्र और राज्य सरकार के साथ मिलकर युवाओं को दक्ष कर रहे हैं। रोजगार मेले में एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई, यूरेका फोर्बस, होंडा, मारूति सुजुकी प्रा लि, नव किसान, फ्यूजन माईक्रोफाइनेंस, एलएंनटी माईक्रोफाइनेंस, यंग डेंस लाइफ स्टाइल, खुशहाल किसान, एक्सॉन सिक्योरटी व महेंद्रा मोटर्स शामिल रहे। इस अवसर पर विवि के सम-कुलपति प्रो.पी.के.नायक सहित सभी विभागों के विभाग अध्यक्ष ,प्राध्यापक, अधिकारी-कर्मचारी  सहित विद्यार्थी उपस्थित रहे। 


Date : 11-Aug-2019

सीवीआरयू पीएमकेके में रोजगार मेला, 12 कंपिनयों में 118 विद्यार्थी चयनित

मुख्य अतिथि सांसद अरुण साव ने विश्वविद्यालय को बताया प्रदेश का गौरव 
छत्तीसगढ़ संवाददाता
बिलासपुर, 11 अगस्त।
डॉ.सी.वी.रामन विश्वविद्यालय के प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र में आकर देश की 12 बड़ी कंपनियों ने 118 विद्यार्थियों का चयन किया। मेले में कुल 223 विद्यार्थी शामिल हुए थे।  चयनित विद्यार्थी इन कंपनियों ने अपनी सेवाएं देंगे। 

इस अवसर पर मुख्य अतिथि सांसद अरुण साव ने विद्यार्थियों से कहा कि रोजगार देने के लिए बड़ी कंपनियां आपको दस्तक दे रही हैं। सही मायने में डॉ. सी. वी. रामन विश्वविद्यालय शिक्षित करने के साथ रोजगार देने का कार्य कर रहा है। इससे कोटा, बिलासपुर के साथ-साथ पूरे प्रदेश में भी के युवाओं को रोजगार मिल रहा है। विश्वविद्यालय युवाओं की प्रगति के लिए कार्य कर रहा है यह पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है। 

साव ने इस अवसर पर प्रशिक्षण प्राप्त विद्यार्थियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किया। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रुप में उपस्थित सेवानिवृत्त अतिरिक्त संचालक उच्च शिक्षा डॉ. बी.एल.गोयल ने कहा कि रैंकिंग, फ्रेम वर्क  सहित सभी अन्य मापदंडों में सीवीआरयू प्रदेश का अग्रणी विश्वविद्यालय हैं। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र के निदेशक राशिद खान ने प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र की स्थापना के उद्देश्य, संचालित किए जाने वाले टेऊड के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही उन्होंने बताया कि अंचल के दसवीं और बाहरवी पास विद्यार्थियों को निशुल्क प्रशिक्षण दे कर उन्हें रोजगार की मुख्यधारा तक लाया जा रहा है। इस अवसर पर विवि के सम-कुलपति प्रो.पी.के.नायक सहित सभी विभागों के विभाग अध्यक्ष ,प्राध्यापक, अधिकारी, कर्मचारी और विद्यार्थी उपस्थित थे। 

शिक्षा के साथ दीक्षा दे रहा सीवीआरयू-प्रो.दुबे 
कुलपति प्रोफ़ेसर रवि प्रकाश दुबे ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की।  उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय शिक्षा के साथ दीक्षा देने का भी कार्य कर रहा है।  दीक्षा का आशय दक्षता से हैं। हम विद्यार्थियों को शिक्षा देने के साथ किसी कौशल दक्षता प्रदान कर रहे हैं। ताकि उन्हें रोजगार मिले और वह प्रदेश और देश के विकास में सहभागी बने।

युवाओं के पास प्रशिक्षण से पीएचडी तक मंजिल-गौरव
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव गौरव शुक्ला ने बताया विश्वविद्यालय स्किल के क्षेत्र में वर्षों से कार्य कर रहा है। स्किल इंडिया, प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र व केंद्र और राज्य सरकार के साथ मिलकर हम युवाओं को दक्ष कर रहे हैं। स्किल के माध्यम से दसवीं और बारहवीं पास विद्यार्थी पीएचडी तक की पढ़ाई कर सकते हैं। यह आपने आपने महत्वपूर्ण है। छात्र स्किल के क्षेत्र में विभिन्न लेवल को पूरा करते हुए डिप्लोमा,डिग्री एवं पीएचडी भी कर सकते हैं।

कैंपस पहुंचने वाली कम्पनियों में एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई, यूरेका फोर्ब्स, होंडा, मारूति सुजुकी प्रालि, नव किसान, फ्यूजन माईक्रोफाइनेंस, एलएंनटी माईक्रोफाइनेंस, यंग डेंस लाइफ स्टाइल, खुशहाल किसान, एक्सॉन सिक्योरटी व महेंद्रा मोटर्स शामिल थीं।   

 


Date : 11-Aug-2019

अरपा को हसदेव व अहिरन को खारून नदी से जोडऩे की तैयारी, जल संसाधन मंत्री ने अरपा-भैंसाझार बैराज परियोजना का निरीक्षण किया 

छत्तीसगढ़ संवाददाता 
बिलासपुर, 11 अगस्त।
अरपा-भैंसाझार बैराज का निरीक्षण करने के लिए आये कृषि एवं जल-संसाधन मंत्री रविन्द्र चौबे ने कहा है कि प्रदेश में नदियों को जोडऩे के पांच प्रस्तावों पर काम किया जा रहा है, जिनमें से दो बिलासपुर जिले के हैं। इसके तहत अरपा को हसदेव नदी से जोडऩे का प्रस्ताव है। इसके अलावा अहिरन नदी को खारून नदी से जोड़ा जायेगा। 
मंत्री ने भैंसाझार व बिलासपुर में पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि बिलासपुर विधायक शैलेष पांडेय कम से कम चार बार विधानसभा में अरपा नदी की स्थिति को लेकर चिंता जता चुके हैं। अरपा नदी को पुनर्जीवित करने के लिए सरकार कई प्रस्तावों पर काम कर रही है। इसके तहत हसदेव नदी के मिनी माता बांध से अरपा से जोडऩे की योजना भी है। इसके अलावा खारून नदी से अहिरन नदी को भी जोड़ा जाना है। इन दोनों योजनाओं का प्रेजेन्टेशन उन्होंने देखा है, इसमें कहीं दिक्कत नहीं है। बजट में इसे शामिल किया गया है और शीघ्र ही इस पर काम होगा। इससे अरपा नदी को बिलासपुर में जीवंत बनाकर रखने में मदद मिलेगी। अहिरन नदी से जुड़ जाने के बाद खारून नदी में भी अधिक पानी मिल सकेगा, जिसका पेजयल व निस्तार के लिए इस्तेमाल किया जा सकेगा। 

ज्ञात हो कि अमृत मिशन योजना के तहत खूंटाघाट से बिलासपुर में पानी लाने की योजना बनाई गई है। खूंटाघाट में पानी की कमी न हो इसके लिए वहां भी अहिरन नदी का पानी लाने की योजना है।  मंत्री चौबे ने अरपा-भैंसाझार बैराज परियोजना का निरीक्षण किया। मंत्री,  विधायक शैलेष पांडेय एवं अन्य अतिथियों ने बैराज स्थल पर वृक्षारोपण भी किया। इस वर्ष 10 हजार हेक्टेयर खेतों तक पानी पहुंचाने का प्रयास किया गया है। इसके साथ ही निस्तारी के लिये भी पानी का उपयोग किया गया है। अभी यह परियोजना पूर्ण नहीं हुई है। मुख्य नहर का काम पूरा होने के बाद इस बैराज से 25 हजार हेक्टेयर में सिंचाई सुविधा मिल सकेगी। 

परियोजना कोटा विकासखंड के ग्राम भैंसाझार के समीप अरपा नदी पर स्थित है। इससे जिले के तीन विकासखंडों कोटा, तखतरपुर और बिल्हा के 102 गांवों को सिंचाई सुविधा मिलेगी। परियोजना के बैराज का निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है। बैराज में अधिकतम जलभराव स्तर 302 मीटर है। परियोजना की मुख्य नहर की लंबाई 56.64 किलोमीटर है जिसका 27 किलोमीटर तक कार्य हो चुका है। इस वर्ष अभी तक नहर किनारे स्थित 10 तालाबों को पेयजल और निस्तारी के लिये भरा जा चुका है। इसके अलावा सिंचाई के लिये चार तालाब भी भरे जा चुके हैं। निरीक्षण के दौरान आशीष सिंह ठाकुर, राजेन्द्र शुक्ला, नरेन्द्र बोलर, विभोर सिंह सहित गणमान्य नागरिक एवं विभागीय अधिकारी मौजूद थे। 


Date : 10-Aug-2019

आईआरसीटीसी की रसोई में कैसे तैयार हो रहा भोजन, अपने मोबाइल फोन पर देखें 

छत्तीसगढ़ संवाददाता 
बिलासपुर, 10 अगस्त ।
भोजन तैयार करने की गुणवत्ता को उन्नत करने के लिए आईआरसीटीसी ने पिछले दो वर्षों में 46 रसोई इकाइयों का उन्नयन किया है । रसोई गतिविधियों की केंद्रीकृत निगरानी सुनिश्चित करने के लिए 38 रसोई इकाइयों में सीसीटीवी लगाए गए हैं । आईआरसीटीसी की वेबसाइट के माध्यम से रसोई इकाइयों की लाइव स्ट्रीमिंग को साझा भी किया जाता है, जिससे यात्री खाना तैयार करने से लेकर पैकिंग और वितरण पर नजऱ रख सकते हैं और कोई गड़बड़ी पाये जाने पर बताये गए नंबरों पर शिकायत भी कर सकते हैं। 

यात्रियों को गुणवत्ता और हाइजीनिक भोजन प्रदान करने के लिए, 27 फरवरी 2017 को एक नई कैटरिंग नीति जारी की गई। इसमें भारतीय रेलवे खानपान और पर्यटन निगम लिमिटेड (आईआरसीटीसी) को भोजन की तैयारी करने एवं भोजन बनाकर ट्रेनों में वितरण करने के लिए कार्य सौपा गया । इस प्रयोजन के लिए  ट्रेनों के भोजन का स्वामित्व आईआरसीटीसी के स्वामित्व और संचालित और प्रबंधित रसोई से लिया जाना है । यात्रियों को स्वच्छ और अच्छी गुणवत्ता वाला भोजन सुनिश्चित करने के लिए, रेलवे द्वारा कई उपाय किये गए हैं। 

फूड सेफ्टी नॉर्म्स, फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एफएसएसएआई) के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक कैटरिंग यूनिट के नामित खाद्य सुरक्षा अधिकारियों से प्रमाणन अनिवार्य कर दिया गया है । खाद्य सुरक्षा और स्वच्छ प्रथाओं की निगरानी के लिए रसोई इकाइयों में खाद्य सुरक्षा पर्यवेक्षकों को तैनात किया गया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों व पर्यवेक्षकों की ओर से एकत्र खाद्य नमूनों को विश्लेषण और मानक अधिनियम के तहत परीक्षण के लिए मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला में भेजा जाता है। असंतोषजनक रिपोर्ट मिलने पर जुर्माना भी लगाया जाता है। 

पेंट्री कार और रसोई इकाइयों में भोजन, स्वच्छता और स्वच्छता की गुणवत्ता की जांच थर्ड पार्टी ऑडिट के माध्यम से की जाती है । थर्ड पार्टी एजेंसियों के माध्यम से ग्राहक संतुष्टि सर्वेक्षण भी किया जाता है । खाद्य सुरक्षा अधिकारियों सहित रेलवे अधिकारियों द्वारा नियमित और औचक निरीक्षण किए जाते हैं।

यात्रियों को स्वच्छ और अच्छी गुणवत्ता वाला भोजन सुनिश्चित करने के लिए क्यूआर कोड और अन्य विवरण जैसे कि भोजन के पैकेट पर रसोई का नाम, पैकेजिंग की तारीख आदि को छापने की प्रणाली शुरू की गई है। रेडी टू इट (आरटीई) भोजन का परिचय।, ट्रेनों में ई-कैटरिंग सेवाओं का प्रावधान किया गया है। केंद्रीयकृत खानपान सेवा निगरानी सेल सीएसएमसी के टोल फ्री नंबर 1800-111-321, ट्विटर हैंडल, सीपी ग्राम्स के माध्यम से भी निगरानी की जा रही है। इसके अलावा वेबसाइट पर उपलब्ध ई मेल आई डी पर भी शिकायत की जा सकती है। 

 


Previous12Next