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Date : 19-Jun-2019

भारत के एक बड़े हिस्से में जलसंकट इतना भयानक है कि सरकारी टैंकरों के इंतजार में महिलाओं का आधा दिन निकल जाता है। तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में चारों बड़े जलाशय पूरी तरह सूख जाने के बाद अब सिर्फ टैंकरों का सहारा है और प्लास्टिक के घड़े ली हुई महिलाएं घंटों इंतजार में बैठी रहती हैं, और उनकी कतारें आधा-एक किलोमीटर तक पहुंच रही हैं।


Date : 19-Jun-2019

ऐसा कम ही होता है कि मोहब्बत और जंग की कोई मिली-जुली तस्वीर मिले। राजधानी रायपुर में म्युनिसिपल दफ्तर के बाहर हिंदुस्तानी जंग से रिटायर हुई एक तोप सजी हुई है। और वहीं पर आज छोटे भाई को गोद में लिए हुए प्यार करते हुए यह बच्ची दिखी, जो कि भीतर किसी सामाजिक पेंशन के लिए आई अपनी मां की राह देखते बाहर बैठी थी। तस्वीर / छत्तीसगढ़ / जय गोस्वामी



Date : 17-Jun-2019

सीएम का मां से जुड़ा बयान अमर्यादित- अमित जोगी, विकास तिवारी का तीखा प्रतिवाद

छत्तीसगढ़ संवाददाता
रायपुर, 17 जून। 
जोगी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल के उनकी मां डॉ. रेणु जोगी से मुलाकात संबंधी कथन को अश्लील, अमर्यादित और छत्तीसगढ़ की सभी माताओं का अपमान करार देते हुए कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री के खिलाफ पुलिस में जल्द ही एफआईआर दर्ज कराने की बात भी कही है। दूसरी तरफ कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी ने अमित जोगी को कड़ी चेतावनी दी है। 

विकास तिवारी ने ट्वीट किया कि अमित जोगी बताए कि किसे चरित्रहीन कह रहे हैं-खबरदार, अगर किसी ने भी आदरणीया श्रीमती रेणु जोगी के लिए चरित्रहनन जैसे शब्दों का उपयोग किया तो! श्रीमती जोगी हमारी माता समान है, उनका बहुत सम्मान है, उन पर किसी तरह की अभद्र टिप्पणी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। 

प्रदेश अध्यक्ष जोगी ने ट्वीट कर दो सवाल पूछे थे। उन्होंने कहा कि मेरी मां डॉ. रेणु जोगी ने बंद कमरे में श्री बघेल से क्या मुलाकात हुई, इसका भी खुलासा कर न केवल उनका पुत्र होने के नाते मेरी निजी जिज्ञासा समाप्त करें, बल्कि जो उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से छत्तीसगढ़ के इतिहास महिला विधायक, चिकित्सक-लेखिका और समाज-सेविका का चरित्र हनन का दुष्प्रयास कर मुझसे अपनी भड़ास निकालने की कोशिश की है, उसके लिए सार्वजनिक तौर पर उनसे और छत्तीसगढ़ की महिलाओं से माफी मांगे।


Date : 17-Jun-2019

रायपुर, 17 जून। जिला कांग्रेस की ओर से शहर के बीचों-बीच  करोड़ों की लागत से बनाए जा रहे स्काई वॉक को तोडऩे या न तोडऩे पर आम जनता से सुझाव मांगे जा रहे हैं। उनके इस सुझाव पर लोग अपने-अपने ढंग से सुझाव दे रहे हैं। छत्तीसगढ़ के फोटोग्राफर ने स्काई वॉक  की छांव में अपने एक छोटे बच्चे को गोद में लेकर चल रही महिला से स्काई वॉक की उपयोगिता पूछा। जवाब में महिला ने कहा-सर मुझे तो इसकी उपयोगिता मालूम नहीं, पर मुझे और मेरे बच्चे को छांव में चलने की जगह अवश्य मिल गई।


Date : 15-Jun-2019

बस्तर के आदिवासियों के पारंपरिक गौर नृत्य में गौर के सीगों का श्रृंगार किया जाता है। ढोल-मांदल की लय पर गौरसींंग का मुकुट पहनकर आदिवासी युवा थिरकते हैं, और अपने देवों का आह्वान करते हैं। तीन दिन पहले कोंटा के एक मेले में पहुंचे एक आदिवासी युवक ने अपनी मोटरसाइकिल का श्रृंगार भी गौरसींग लगाकर किया था। उसने कहा कि जब  हम पहन सकते हैं तो मोटरसाइकिल पर क्यों नहीं लगा सकते।  यह तस्वीर एक सामाजिक कार्यकर्ता  ने  फेसबुक पर पोस्ट की है।


Date : 15-Jun-2019

नीति आयोग की बैठक के लिए दिल्ली पहुंचे छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से अलग से भी मुलाकात की। मोदी के दुबारा पीएम बनने के बाद सीएम की उनसे यह पहली मुलाकात है। इसके बाद भूपेश बघेल ने कहा कि उन्होंने मोदीजी को नई सरकार के गठन पर बधाई दी, और छत्तीसगढ़ के 70 लाख आदिवासियों, 58 लाख गरीब परिवारों से जुड़े लंबित विषयों के शीघ्र निराकरण का अनुरोध किया।


Date : 14-Jun-2019

आज विश्व रक्तदान दिवस पर रायपुर में स्वास्थ्य विभाग में तैनात आईएएस अधिकारी प्रियंका शुक्ला ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अन्य लोगों के साथ खुद भी रक्तदान किया, और लोगों को याद दिलाया कि देश में हर बरस 20 लाख बोतल खून की कमी रहती है क्योंकि कुल एक फीसदी भारतीय रक्तदान करते हैं।


Date : 13-Jun-2019

ओडिशा में कल रायगड़ा जिले के सीआरपीएफ कैंप में किंग कोबरा नस्ल का एक सांप निकला। यह 12 फीट लंबा और 30 किलो वजन का था। एक स्थानीय सांप पकडऩे वाले आटो ड्राइवर ने इसे पकड़ा और वन विभाग के हवाले कर दिया जिसे ले जाकर जंगल में छोड़ा गया। ओडिशा के इस जिले में मिलने वाली सांपों की यह नस्ल दुनिया में सबसे जहरीली नस्लों में से एक है, और वन विभाग ने लोगों को सावधान किया है कि अगर जानकार न हों तो इसे पकडऩे की कोशिश न करें।


Date : 13-Jun-2019

हिंदुस्तान के बहुत बड़े हिस्से में ऐसा भयानक जलसंकट है कि जानवरों का मरना शुरू हो गया है। गुजरात के सुरेंद्रनगर जिले के राणागढ़ गांव में एक बंजारा गड़ेरिया अपनी मरी हुई भेड़ों के साथ। देश के सैकड़ों ऐसेे गांव हैं जहां पूरे के पूरे परिवार छोड़कर बाहर चले गए हैं, और पीछे रह गए हैं बीमार और बूढ़े लोग। ब्रिटिश अखबार गार्डियन के संवाददाता सैम रेल्फ ने महाराष्ट्र में भी ऐसे गांव देखे जहां एक के बाद एक अनगिनत गांवों से 90 फीसदी तक लोग बस्ती छोड़कर चले गए हैं, और वहां सिर्फ बूढ़े और बीमार अपने हाल पर पड़े हैं। बाहर 45 डिग्री गर्मी की लू चल रही है, और राज्य शासन का कहना है कि यह 1972 के सूखे से भी अधिक खराब हाल है। दिसंबर से शुरू यह सूखा ढाई करोड़ लोगों को प्रभावित कर रहा है। महाराष्ट्र के 72 फीसदी जिले, और पड़ोस के कर्नाटक के 80 फीसदी जिले सूखाग्रस्त हैं और फसल खो बैठे हंै। महाराष्ट्र के शिवाजी नगर की उषा जाधव ने इस संवाददाता को बताया कि लोगों ने अब शौचालय का इस्तेमाल बंद कर दिया है और अंधेरे में खुले में जाते हैं क्योंकि खरीदे हुए पानी में से 5-10 लीटर पानी फ्लश करने में खर्च नहीं किया जा सकता।


Date : 11-Jun-2019

आरजेडी के मुखिया, जेल में बंद और अस्पताल में दाखिल लालू यादव के जन्मदिन पर आज राबड़ी देवी ने तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा है- प्राणप्रिय आदरणीय लालू प्रसादजी को 72वें अवतरण दिवस की अनंत बधाईयां, आपको हमारी भी उम्र लग जाए।


Date : 05-Jun-2019

मध्यप्रदेश को लगातार पन्द्रहवें बरस यह गौरव हासिल हुआ है कि वह देश में शिशु मृत्यु दर में सबसे आगे है। भारत सरकार के सैम्पल रजिस्ट्रेशन सिस्टम के 2017 के आंकड़े शुक्रवार को जारी हुए, और उनके मुताबिक मध्यप्रदेश में प्रति हजार जन्म पर मरने वाले बच्चों की संख्या 47 है। इसका मतलब यह होता है कि ये 47 बच्चे पहले जन्मदिन तक नहीं पहुंच पाते। मध्यप्रदेश का यह रिकॉर्ड लगातार पन्द्रहवें बरस भी कायम रहा है, और यह देश के किसी भी दूसरे राज्य के मुकाबले अधिक कुपोषित, और अधिक शिशु मृत्यु दर वाला राज्य है। पूरे देश का शिशु मृत्यु दर औसत प्रति हजार 33 बच्चों का है। मध्यप्रदेश से बेहतर हालत ओडिशा की है जहां यह संख्या 41 है, और पिछले बरस 44 थी जिससे घटकर उसने हालत सुधारी है। (तस्वीर/श्रावणी सरकार/ द वीक)


Date : 05-Jun-2019

ईद पर घरवालों से मिलने रायपुर जेल पहुंचे परिवार मायूस बैठे हैं क्योंकि  गिरफ्तार करके लाए गए छत्तीसगढ़ी फिल्म कलाकारों की वजह से उनकी मुलाकात में देर हो रही है। तस्वीर / छत्तीसगढ़


Date : 05-Jun-2019

रायपुर, 5 जून। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बुधवार सुबह ईद के मौके पर शहर के ईदगाह भाठा मैदान पहुंचे। श्री बघेल ने वहां मुस्लिम समाज के लोगों से गले लगकर उन्हें ईद की मुबारकबाद दी। इस दौरान विधायक सत्यनारायण शर्मा, कुलदीप जुनेजा, रमेश वाल्र्यानी एवं जामा मस्जिद समेत समाज के कई पदाधिकारी और सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित थे। इसके पहले ईदगाह में मुस्लिम समाज के लोगों ने ईद की नमाज अदा की। तस्वीर / छत्तीसगढ़


Date : 03-Jun-2019

ज्येष्ठ अमावस्या के मौके पर सोमवार को अखंड सुहाग की कामना से महिलाओं द्वारा विधिवत रूप से वट सावित्री की पूजा की गई। रायपुर  के बूढ़ेश्वर मंदिर के निकट स्थित विशाल वट वृक्ष तले पूजा और वृक्ष की फेरी की सुविधा के कारण व्रतधारी महिलाओं की सुबह से भीड़ उमड़ी रही। महिलाओं ने रोली, अक्षत लगाकर वट वृक्ष की पूजा की और वृक्ष को जल और बांस का पंखा अर्पित किया। इस अवसर पर व्रतधारी महिलाओं ने मुख्य रूप से गुड़ और आटे का बना बरगदा, आम और चने का भोग लगाया। विधिवत पूजा के पश्चात नियमानुसार महिलाओं ने फेरी लगाई तथा सावित्री सत्यवान की कथा सुनी। तस्वीर/छत्तीसगढ़

 


Date : 31-May-2019

दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय के एकदम करीब वायुसेना प्रमुख निवास के बाहर राफेल विमान की एक प्रतिकृति लगाई गई है। समाचार एजेंसी एएनआई ने यह तस्वीर जारी की तो दिल्ली के मीडिया ने लिखा- कांग्रेस दफ्तर के सामने राफेल तैनात।


Date : 29-May-2019

-सत्यप्रकाश पाण्डेय
इन दिनों गर्मी से जिंदगी बेहाल है, प्रचंड गर्मी और तपिश के ऊपर नौतपा का कहर लगातार जारी है। गर्मी शुरू होते ही जलसंकट की भयावह तस्वीरें अलग-अलग शक्लों में सामने आने लगती हैं। गर्मी शुरू होने के साथ ही एक तरफ इंसानी आबादी में पानी के लिए हाहाकर मचता है तो दूसरी तरफ जीव-जंतु व पशु-पक्षियों के हलक सूखने लगते हैं। गर्मी के मौसम में जंगल के प्राकृतिक स्रोतों के सूख जाने के कारण वन्य प्राणियों के जीवन पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। जो कुछ जल स्रोत बचे हुए हैं, वे भी जल्दी ही सूखने की कगार पर हैं। ऐसे में वन्य प्राणी अपनी प्यास बुझाने अब गांवों की ओर रुख कर रहे हैं। इसके कारण वन्य प्राणियों पर गांवों के आवारा कुत्तों एवं लोगों द्वारा हमले भी किये जा रहे हैं।
बिलासपुर जिले का हाल भी कुछ ऐसा ही है, लगातार गिरता जल स्तर साल दर साल पानी के संकट को बढ़ाता जा रहा है। जिले के अधिकाँश तालाब, पोखरा व अन्य प्राकृतिक जल स्रोतों में पानी की जगह अब धूल उड़ रही है। शहर से लगे वन क्षेत्रों में भी पानी के प्राकृतिक स्त्रोत सूख चुके हैं। ऐसे में पानी की तलाश में जंगली जीव जंतु बाहर निकल कर गांवों की तरफ जाने लगे हैं। वहीँ पक्षियों का पलायन जारी है। मूक वन्यप्राणी एक-एक बूंद की तलाश में जल स्त्रोत की तरफ भटकते देखे जा सकते हैं। 
प्रकृति की अनमोल देन पानी को मनुष्य ने मनमाने तरीके से दोहन किया। आज चारों तरफ से जल संकट का हाहाकार सुनाई देने लगा है। इससे शहरी और ग्रामीण आबादी तो जूझ ही रही हैं, इसका खामियाजा अब जंगलों में रहने वाले बेजुबानों को भी भुगतना पड़ रहा है। हालात इतने बुरे हैं कि वन्यप्राणियों को अब अपने पीने के पानी की तलाश में लम्बी-लम्बी दूरियाँ तय करना पड़ रही है। इतना ही नहीं कई बार ये पानी की तलाश में जंगलों से सटी बस्तियों की तरफ निकल आते हैं। ऐसे में या तो जानवर गाँववालों या उनके बच्चों पर हमला कर देते हैं या लोग इनसे डरकर इन पर हमला भी कर देते हैं। गर्मी के मौसम में वन्यप्राणियों के शिकार की घटनायें भी बढ़ जाती हैं।  
बिलासपुर से लगा कोपरा जलाशय हो या फिर सीपत क्षेत्र में खोंदरा का जंगल। 
अचानकमार अभ्यारण्य की तरफ देखें या फिर पेंड्रा-मरवाही का वन क्षेत्र। सभी जगह जल संकट। वन विभाग अभ्यारण्य के अलावा कुछ क्षेत्रों में टैंकर के माध्यम से पानी के संकट से वन्यप्राणियों को राहत देने की बात करता जरूर है लेकिन धरातल पर वन्यप्राणी और पक्षी सिर्फ पानी की तलाश में भटकते दिखाई पड़ते हैं। इस हालात के लिए काफी हद तक विभागीय अमला जिम्मेदार है, बारिश के पानी को प्राकृतिक जल स्त्रोतों में बचाने के कोई कारगर प्रयास नहीं होते। गर्मी की शुरुवात के पहले जल संकट से निपटने के प्रयास ना इंसानी आबादी में दिखाई देती है ना जंगल में, लिहाजा जिनका कंठ सूखा है वो चिल्ला रहे हैं और जो बोल नहीं सकते वो नम जमीन पर पानी के इंतजार में बैठे हैं। जब जहां हैंडपंप दिखे, और आसपास कोई प्राणी दिखें, तो कुछ मिनट मेहनत कर लें, कई लोगों की प्यास बुझ सकती है।

 


Date : 28-May-2019

रायपुर के तेलीबांधा तालाब को जैविक तकनीक से साफ करने के लिए तालाब में मंगलवार को 46 राजहंस उतारे गए। तालाब में कलरव करता राजहंसों का दल शहरवासियों के आकर्षण का केंद्र बना रहा। ये राजहंस तालाब के कीड़े-मकोड़े खाएंगे जिससे पानी साफ हो सकेगा। तालाब के किनारे इन राजहंसों के लिए बांस की कुटिया बनाई गई है तथा इनकी सुरक्षा का कड़ा बंदोबस्त किया गया है। राजहंसों में 20 मादा और 26 नर हैं। इनका परिवार तेजी से बढ़ता है। सालभर के भीतर इनकी संख्या दो-ढाई सौ तक पहुंच जाएगी। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत तेलीबांधा तालाब की तहर शहर के अन्य तालाबों में भी जैव विविधता के तहत ऐसे पक्षी पाले जाने की योजना बनाई जा रही है। तस्वीर/छत्तीसगढ़

 


Date : 28-May-2019

ईद के नजदीक आने पर राजधानी में ईद का बाजार गुलजार हो गया है। बैजनाथपारा सहित शहर की अन्य मुख्य स्थलों में तरह-तरह की सुंदर कशीदा की हुई नमाजी टोपियां बिक रही हैं। विक्रेताओं ने बताया कि ईद के लिए लखनऊ, मुंबई सहित अलग-अलग शहरों से रोजेदारों के लिए खास नमाजी टोपियां मंगाई जाती हैं। विदित हो कि रोजेदारों द्वारा 4 जून को 29वां रोजा रखा जाएगा। इस दिन शाम को मगरिब की नमाज के बाद चांद नजर आने पर 5 जून को ईद मनाई जाएगी। चांद की तस्दीक न होने पर 30 रोजे पूरे होने के बाद 6 जून को ईद मनाई जाएगी। तस्वीर/छत्तीसगढ़ 


Date : 25-May-2019

रायपुर, 25 मई। भीषण गर्मी में शहर में लोग बाइक पर तीन से चार, पांच सवारी तक चल रहे हैं और पुलिस से बचकर आगे निकल रहे हैं। इस दौरान वे अपने को गर्मी से बचाने का इंतजाम कर चल रहे हैं, लेकिन जान को खतरों से बचाने का इंतजाम नहीं कर रहे हैं। बिना हेलमेट एक बाइक पर चार सवारी की यह तस्वीर रायपुर के एक प्रमुख चौराहे के पास की है। 


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