अंतरराष्ट्रीय

Date : 21-Aug-2019

नई दिल्ली, 21 अगस्त । जम्मू-कश्मीर के मामले पर भारत और पाकिस्तान दोनों देशों के प्रमुखों से बात करने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस मामले पर नया बयान दिया है। ट्रंप ने कहा है कि कश्मीर में तनाव के पीछे धर्म का अहम हाथ है। इसके साथ ही उन्होंने फिर से दोनों देशों के बीच मध्यस्थता की इच्छा जाहिर की है।
जम्मू और कश्मीर पर भारत सरकार के फैसले से पाकिस्तान घबराया हुआ है। इस मुद्दे को पाकिस्तान कई देशों के सामने उठा भी चुका है, लेकिन सभी देशों ने इसे भारत का आंतरिक मामला बताया है। इस मामले में हस्तक्षेप करने से अमेरिका ने भी इनकार किया था।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि वह कश्मीर की तनावपूर्ण स्थिति पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से दोबारा चर्चा करेंगे। पीएम मोदी के साथ यह चर्चा ट्रंप जी-7 समिट के दौरान करेंगे।
डोनाल्ड ट्रंप ने पत्रकारों से कहा, मैं फ्रांस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ रहूंगा, मैंने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान से भी अलग से बातचीत की थी। साथ ही उन्होंने एक बार फिर से दोहराया कि वह फिर से इस मामले में मध्यस्थता करने को तैयार हैं।
जम्मू और कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बना हुआ है। जम्मू और कश्मीर से लद्दाख को अलग करने पर भी पाकिस्तान ने ऐतराज जताया था। भारत ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी कहा है कि जम्मू और कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाना भारत का निजी फैसला था। पाकिस्तान को सच्चाई स्वीकार करनी चाहिए।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि दोनों देशों (भारत और पाकिस्तान) के बीच तनाव है और हम मध्यस्थता करवाने के लिए तैयार हैं। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, मैं पूरी कोशिश करूंगा कि मैं मध्यस्थता करूं या कुछ और कर सकूं। हमारे भारत और पाकिस्तान के साथ बहुत अच्छे संबंध हैं। दोनों शानदार व्यक्तित्व हैं और दोनों अपने लोगों से बहुत प्यार भी करते हैं लेकिन अभी दोनों के बीच दोस्ती नहीं है।
कश्मीर मसले पर भारत सरकार पहले ही साफ कर चुकी है कि वह इसमें किसी तीसरे देश का हस्तक्षेप नहीं चाहती। यह भारत और पाकिस्तान के बीच का मसला है। ट्रंप ने कहा, सच कहूं तो, यह एक बहुत ही विस्फोटक स्थिति है। मैंने कल प्रधानमंत्री खान से बात की, प्रधानमंत्री मोदी से भी इस मुद्दे पर बात की। वह दोनों ही मेरे दोस्त हैं और वह दोनों ही अपने-अपने देश से प्यार करते हैं। यह एक जटिल स्थिति है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कश्मीर की मौजूदा तनावपूर्ण स्थिति के पीछे धर्म का भी अहम रोल है। उन्होंने कहा कि वहां पर धर्म एक जटिल मसला है।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उपमहाद्वीप में इस मसले पर सैकड़ों सालों से चर्चा चल रही है। ट्रंप ने आगे कहा कि कश्मीर बहुत ही जटिल स्थान है। वहां पर हिंदू हैं और मुसलमान भी हैं। मैं यह नहीं कहूंगा कि दोनों का साथ बहुत अच्छा रहा है, लेकिन मौजूदा स्थिति ही वास्तविकता है। यह दोनों देश तय करेंगे। उन्होंने कहा कि लंबे समय से दोनों देश साथ नहीं आए हैं।(आजतक)
 


Date : 20-Aug-2019

नई दिल्ली, 20 अगस्त। पिछले कुछ दिनों से इंटरनेट पर एक महिला पुलिस अफसर का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसने अपनी फुर्ती और समझदारी की बदौलत दो हफ्ते के एक बच्चे को नई जिंदगी दे दी। खबर के मुताबिक बच्चे का दम घुट रहा था और वह सांस नहीं ले पा रहा था। ऐसे में उस महिला पुलिस ऑफिसर ने बच्चे को फस्र्ट एड देकर उसकी जान बचा ली। घटना का वीडियो जैसे ही सामने आया महिला ऑफिसर रातों रात इंटरनेट सेंसेशन बन गई।
अमेरिका के वर्जिनिया के शहर डैनविले के पुलिस विभाग ने घटना का वीडियो ट्वीट किया है। वीडियो में दिख रहा है कि किस तरह महिला पुलिस ऑफिसर मेलिसा केरी ने एक नवजात बच्चे को बचाया जिसका दम घुट गया था और वह सांस नहीं ले पा रहा था। 
दरअसल, केरी एक रेस्टोरेंट में लंच कर रही थीं तभी एक महिला वेटर दौड़ते हुए दो हफ्ते के एक बच्चे की मदद करने के लिए कह रही थी जिसका दम घुट रहा था। वीडियो फुटेज में दिख रहा है कि केरी फुर्ती से बच्चे के पास पहुंच जाती हैं और उसे फस्र्ट एड देती हैं। बच्चा जल्द ही ऑफिसर की बाहों में फिर से सांसें लेने लगता है।
पुलिस विभाग ने ऑफिसर और बच्चे की फोटो भी शेयर की है। बाद में बच्चे की मां ने कहा कि अगर उस वक्त पुलिस ऑफिसर केरी वहां मौजूद नहीं होतीं तो आज उनका बच्चा जिंदा नहीं होता।
इस घटना का वीडियो जैसे ही सोशल मीडिया पर शेयर किया गया वह वायरल हो गया और लोगों ने पुलिस ऑफिसर को हीरो बना दिया। (एनडीटीवी)


Date : 19-Aug-2019

नई दिल्ली, 19 अगस्त । हांगकांग के विक्टोरिया पार्क में एक लाख से अधिक लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनकारी इक_ा होकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच चीन ने हांगकांग बॉर्डर पर सैन्य गतिविधियों तेज कर दी है। चीन की इस हरकत पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। डोनाल्ड ट्रंप ने चीन को धमकी दी कि अगर प्रदर्शनकारियों पर तियानमेन स्क्वायर जैसी कार्रवाई हुई तो दोनों देशों के व्यापार वार्ता को बड़ा नुकसान होगा।
बीजिंग की गंभीर चेतावनियों को दरकिनार करते हुए एक लाख से अधिक की संख्या में लोगों ने रविवार को लोकतंत्र समर्थक विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारी काले कपड़े में थे। बारिश के बावजूद विक्टोरिया पार्क प्रदर्शनकारियों से भर गया और उसके बाद भी लोगों के आने का सिलसिला जारी रहा और इस तरह पार्क के बाहर सभी सडक़ें भी प्रदर्शनकारियों से भर गईं। यह विरोध प्रदर्शन एक प्रत्यर्पण विधेयक के खिलाफ शुरू हुआ है, जिसे हांगकांग सरकार ने निलंबित कर दिया है।
रैली में शामिल होने जा रहे प्रदर्शनकारियों से सबवे रेलवे स्टेशन भर गए, जिसके बाद उन्हें बंद कर देना पड़ा। प्रशासन ने हालांकि आयोजक सिविल ह्यूमन राइट फ्रंट को मार्च निकालने की अनुमति नहीं दी थी लेकिन पार्क में इतनी बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जमा हो गए कि वहां की सडक़ें भी प्रदर्शनकारियों से भर गईं। पुलिस ने हालांकि विक्टोरिया पार्क में प्रदर्शन की अनुमति दी थी।(आजतक)
 


Date : 19-Aug-2019

कंपाला, 19 अगस्त (वारा)। युगांडा के पश्चिमी क्षेत्र में एक तेल टैंकर में आग लगने के कारण कम से कम 20  लोगों की मौत हो गयी तथा कई अन्य लोग घायल हुए हैं। स्थानीय मीडिया ने सोमवार को यह जानकारी दी।  बताया जा रहा है कि तेल टैंकर के चालक ने गाड़ी पर से नियंत्रण खो दिया, जिसके कारण वह एक वाहन से टकरा गया और उसमें आग लग गयी। 
तुर्की की अनाडोलू न्यूज एजेंसी ने पुलिस के हवाले से कहा, ‘‘इस घटना में कई दुकानें, स्टॉल्स, एक बाजार और दो वाहन जल गये हैं।’’ बीस लोगों की मौत की पुष्टि हो गयी है, जबकि कई लोग अभी भी मलबे में दबे हुए हैं। 
 

 


Date : 18-Aug-2019

नई दिल्ली, 18 अगस्त । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय भूटान दौरे पर हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भूटान की यात्रा के दूसरे दिन वहां की रॉयल यूनिवर्सिटी, थिंपू में कहा कि यह खुशी की बात है कि भूटान के अपने छोटे उपग्रह को डिजाइन करने और लॉन्च करने के लिए युवा भूटानी वैज्ञानिक भारत की यात्रा करेंगे।  मुझे उम्मीद है कि किसी दिन जल्द ही आप में से कई वैज्ञानिक, इंजीनियर और इनोवेटर्स होंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैं उम्मीद करता हूं कि भूटान के वैज्ञानिक भी सेटेलाइट बनाएंगे।  हमने दक्षिण एशिया उपग्रह के थिंपू ग्राउंड स्टेशन का उद्घाटन किया और अपने अंतरिक्ष सहयोग का विस्तार किया। उपग्रहों के जरिए टेली मेडिसिन के लाभ, दूरस्थ शिक्षा, मानचित्रण, मौसम पूर्वानुमान, प्राकृतिक आपदाओं की चेतावनी आदि सुनिश्चित होगी।
पीएम मोदी ने कहा कि आज, भारत तमाम सेक्टर में ऐतिहासिक परिवर्तनों का गवाह बन रहा है। पिछले पांच साल में बुनियादी ढांचे के निर्माण कीर रफ्तार दोगुनी हो गई है। उन्होंने कहा कि भारत और भूटान की साझा संस्कृति है। आज के समय में अवसरों की कमी नहीं है। भारत और भूटान के लोगों में जबर्दस्त जुड़ाव है। पीएम मोदी ने कहा कि गरीबी उन्मूलन के लिए भारत में तेजी से काम चल रहा है। पीएम मोदी ने यूनिवर्सिटी के छात्रों से कहा कि वे परीक्षा को लेकर कतई तनाव न लें। पीएम मोदी ने अपनी लिखी पुस्तक एग्जाम वॉरियर्स की भी चर्चा की। कहा कि यह पुस्तक बुद्ध की शिक्षा से प्रेरित होकर उन्होंने लिखी थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि युवा और आध्यात्मिकता हमारी ताकत है।
इससे पहले भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग और पीएम मोदी ने शनिवार को संयुक्त बयान जारी किया था। तब प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि दूसरे कार्यकाल के शुरुआत में भूटान आना मेरे लिए सौभाग्य की बात है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भूटान हमारा पड़ोसी है, यह हमारा सौभाग्य है। दोनों देश मिलकर आगे बढ़ रहे हैं।भूटान के प्रधानमंत्री ने शनिवार को पीएम मोदी का पारो हवाईअड्डे पर भव्य स्वागत किया था। पीएम मोदी को एयरपोर्ट पर गॉर्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया था।
इस दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी दोनों देशों के द्विपक्षीय रिश्तों को अधिक मजबूत करने के लिए भूटानी नेताओं के साथ चर्चा करेंगे।
शनिवार को पीएम मोदी ने 9 समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। इनमें से एक समझौते के तहत इसरो थिम्पू में अर्थ स्टेशन बनाएगा। इसके अलावा दोनों देशों के बीच एक बिजली खरीद समझौता भी हुआ। अन्य समझौते के तहत विमान हादसे और दुर्घटना की जांच, न्यायिक शिक्षा, अकादमिक और सांस्कृतिक आदान-प्रदान, विधिक शिक्षा और शोध के क्षेत्र में एमओयू किए गए। (आजतक)


Date : 18-Aug-2019

गुजरांवाला (पाक), 18 अगस्त)। दुनिया को आतंकियों के खिलाफ ऐक्शन दिखाने के लिए पाकिस्तान ने नया तरीका ढूंढ निकाला है। दरअसल, पाकिस्तान को आतंकी फंडिंग रोकने और आतंकियों के खिलाफ ठोस कदम उठाने को कहा गया था। अब तक हीलाहवाली करते आ रहे पड़ोसी मुल्क ने दुनिया की आंखों में धूल झोंकने के लिए नई चाल चली है। फाइनैंशल ऐक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की बैंकॉक में अहम बैठक से पहले पाकिस्तान अपनी सरजमीं से संचालित आतंकी संगठनों और आतंकियों के खिलाफ फर्जी और कमजोर एफआईआर दर्ज करवा रहा है। इससे वह आतंकियों को नाराज भी नहीं करेगा और एफएटीएफ को भी बता सकेगा कि वह कदम उठा रहा है। 
सूत्रों ने पुख्ता सबूतों को सामने रखते हुए जानकारी दी है कि कैसे पाकिस्तान वैश्विक समुदाय को अंधेरे में रखने की कोशिश कर रहा है। 1 जुलाई को ऐसी ही एक एफआईआर गुजरांवाला पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई। एक सूत्र द्वारा दी गई सूचना के आधार पर प्रतिबंधित दावत-वल-इरशाद द्वारा की गई एक लैंड डील के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। यह संगठन हाफिज सईद के आतंकी संगठन लश्कर-ए-ताइबा का ही सहायक संगठन है। 
गौर करने वाली बात यह है कि इस एफआईआर को इस तरह से ड्राफ्ट किया गया है कि आगे इसकी जांच भी नहीं की जाएगी। गौरतलब है कि लश्कर-ए-ताइबा और दावत-उल-इरशाद आतंकी गतिविधियों में लिप्त हैं और इस तरह की प्रॉप्रर्टी का इस्तेमाल कर ये प्रतिबंधित संगठन आतंकियों की फंडिंग के लिए पैसा इक_ा करते हैं। 
लश्कर-ए-ताइबा के सरगना हाफिज सईद और चार अन्य अब्दुल गफ्फार, हाफिज मसूद, आमिर हमजा और मलिक जफर इकबाल के खिलाफ एफआईआर में इस बात का जिक्र नहीं है कि इन आतंकियों के पास जमीन कब थी। एफआईआर में कहा गया है, प्रतिबंधित लश्कर-ए-ताइबा के सदस्य, इन लोगों ने आतंकी गतिविधियों के लिए इस संपत्ति का इस्तेमाल किया। इन लोगों ने आतंकी वारदात के लिए फंड जुटाने और आतंकी गतिविधियों को बढ़ाने के लिए प्रॉपर्टी का इस्तेमाल किया। 
एफआईआर में जमात-उद-दावा या फलाह-ए-इंसानियत का कोई जिक्र नहीं है। एफआईआर में दावत-उल-इरशाद के नाम का जिक्र है जो जमात-उद-दावा का पुराना नाम है। कानूनी जानकार कहते हैं कि प्रत्येक व्यक्ति की भूमिका और टाइमलाइन का भी जिक्र नहीं है। एक कानूनी विशेषज्ञ ने कहा कि आतंकवाद के मामले में एफआईआर में काफी सामान्य शब्दों का इस्तेमाल हुआ है जबकि कानून से जुड़े विशेष ऐक्ट्स का जिक्र किया जा सकता था। एक सूत्र ने कहा कि एफआईआर में इस बात का भी जिक्र नहीं है कि कैसे आतंकी गतिविधियों को अंजाम दिया गया। ऐसे में साफ है कि यह पूरी एक्सर्साइज एफएटीएफ की आंखों में धूल झोंकने के लिए है। 
एफएटीएफ की फाइनल मीटिंग अक्टूबर के पहले हफ्ते में हो सकती है और इस दौरान पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट से निकालने, रखने या देश को ब्लैकलिस्ट करने पर फैसला होगा। एजेंसी ने 27 पॉइंट्स का ऐक्शन प्लान दिया है, जिसमें से सात पॉइंट्स में प्रतिबंधित संगठनों के आतंकी फंडिंग में शामिल होने की बात है। एफएटीएफ द्वारा प्रतिबंध से बचने के लिए पाकिस्तान आतंकी संगठनों के खिलाफ कमजोर और फर्जी केस दर्ज करा रहा है, जिनका कोई कानूनी आधार नहीं है।  (एएनआई)


Date : 18-Aug-2019

सियोल, 18 अगस्त । दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत के खिलाफ नारेबाजी कर रहे पाकिस्तानी समर्थकों से भाजपा नेता शाजिया इल्मी भिड़ गईं। उन्होंने कहा कि एक भारतीय के रूप में अपमानित होने पर शांतिपूर्वक विरोध दर्ज कराना जरूरी है। शाजिया इल्मी ने बताया, मैं और दो अन्य नेता सियोल में यूनाइटेड पीस फेडरेशन कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेने गए थे। कॉन्फे्रंस के बाद हम लोग भारतीय राजदूत से मिलने दूतावास गए थे।
उन्होंने बताया, होटल वापस जाने के रास्ते में, हमने एक भीड़ द्वारा पाकिस्तानी झंडे लेकर आक्रामक विरोध प्रदर्शन करते हुए देखा, भीड़ भारत और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी कर रही थी। काफी संख्या में लोग उन्हें देख रहे थे। तब हमें लगा कि यह हमारा कर्तव्य है कि हम उन्हें बताएं कि हमारे देश और हमारे प्रधानमंत्री का अनादर न करें। आपको अनुच्छेद 370 को निरस्त करने से समस्या है, जो पूरी तरह से एक आंतरिक मामला है, और इसका आप सभी से कोई लेना देना नहीं है। जारी वीडियो में लोगों का एक समूह भारत और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी कर रहा है। 
तीन मिनट से ज्यादा लंबे वीडियो में देखा जा सकता है कि प्रदर्शन को देखकर शाजिया इल्मी अपने साथियों के साथ टैक्सी से उतरती हैं और नारेबाजी कर रहे लोगों की तरफ जाती हैं। भाजपा और आरएसएस नेताओं के साथ शाजिया इल्मी उस भीड़ से भिड़ जाती हैं। 
प्रदर्शनकारियों से भिडऩे पर शाजिया इल्मी ने कहा, हम जहां भी हैं, विरोध दर्ज कराना हम सभी के लिए महत्वपूर्ण है। मैं जानती हूं कि कुछ देशों में बोलना आसान नहीं है। एक भारतीय के रूप में, एक देशवासी के रूप में अपमानित होने पर अपने गुस्से को शांतिपूर्वक दर्ज करना जरूरी है। किसी भी समय कोई भी आपके देश के बारे में, आपके प्रधानमंत्री के बारे में कुछ भी कहता तो आपको अपनी आवाज उठानी चाहिए और अगर आप शांति से ऐसा कर रहे हैं कि इसके नतीजों से नहीं डरना चाहिए। प्रदर्शनकारियों के ज्यादा उग्र होने पर स्थानीय पुलिस ने दखल दी और इल्मी और उनके साथियों को वहां से निकालकर ले गईं। (एएनआई)


Date : 18-Aug-2019

काबुल, 18 अगस्त । अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में शनिवार देर रात हुए बड़े आत्मघाती बम विस्फोट में कम से कम 63 लोगों की मौत हो गई। इसके अलावा 182 लोग जख्मी हुए हैं। सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। टोलो न्यूज ने गृह मंत्रालय के प्रवक्ता के हवाले से बताया कि यह विस्फोट पश्चिम काबुल के एक वेडिंग हॉल में हुआ। इस समारोह में एक हजार से ज्यादा मेहमान उपस्थित थे। मरने वालों की संख्या और बढ़ सकती है। मृतकों का आधिकारिक आंकड़ा बाद में जारी किया जाएगा। 
अफगानिस्तान के गृह मंत्रालय के मुताबिक, घटना शनिवार रात स्थानीय समय के अनुसार 10.40 (भारतीय समयानुसार रात 11.40) बजे की है। गृह मंत्रालय के प्रवक्ता नुसरत रहीमी ने बताया कि अभी इस हमले की किसी ने जिम्मेदारी नहीं ली है इसलिए यह नहीं कहा जा सकता है कि इस धमाके के पीछे की क्या वजह है। इस इलाके में अल्पसंख्यक शिया हजारा समुदाय के लोग काफी संख्या में रहते हैं। 
नुसरत रहीमी ने बताया कि हमलावर ने समारोह के दौरान उपस्थित लोगों के बीच विस्फोट कर दिया। यह विस्फोट शादी के स्टेज के पास हुआ जहां म्यूजिशियन उपस्थित थे। एक प्रत्यक्षदर्शी का दावा है कि हमले में कई बच्चे भी मारे गए हैं। एक चश्मदीद ने बताया कि विस्फोट के बाद वेडिंग हॉल में अफरातफरी और चीख पुकार मच गई। 
काबुल में इसी महीने यह दूसरा हमला है। 8 अगस्त को हुए धमाके में 14 लोग मारे गए थे जबकि 145 घायल हुए थे। पश्चिमी इलाके में अफगान सुरक्षाकर्मियों को तालिबान ने अपना निशाना बनाया था। इसके लिए कार का इस्तेमाल किया गया था। तालिबान और इस्लामिक स्टेट ग्रुप के आतंकी इस तरह के हमलों को अंजाम देते रहते हैं। 
अफगानिस्तान में इस साल 28 सितंबर को चुनाव होने हैं। इसे लेकर अमेरिका और तालिबान के बीच चल रही वार्ता के साथ ही हिंसा बढ़ गई है। इस धमाके ने अफगानिस्तान की राजधानी में पिछले कुछ दिनों से बहाल हुई शांति फिर छीन ली है। वेडिंग हॉल में बम विस्फोट की घटना को अफगानिस्तान का इस साल का सबसे बड़ा हमला माना जा रहा है। (एजेंसियां)


Date : 17-Aug-2019

नई दिल्ली, 17 अगस्त । सीरिया में विद्रोहियों के अंतिम गढ़ में विस्थापित लोगों की सभा पर रूस के संदिग्ध हवाई हमले में कम से कम 13 लोग मारे गए जिनमें कई बच्चे भी शामिल हैं। सीरिया में युद्ध पर नजर रखने वाली ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमैन राइट्स ने बताया कि ऐसा संदेह है कि रूस के विमान से शुक्रवार को हमला किया गया। यह हमला इदलिब प्रांत के दक्षिण में हास शहर में हुआ जहां हिंसा से विस्थापित हुए लोग इक_ा हुए थे। निगरानी समूह ने बताया कि हमले में कम से कम चार बच्चों की मौत हो गई। एक अन्य थिका समाचार एजेंसी ने भी हमले की खबर दी और मृतकों की संख्या 13 बताई। 
सीरियाई सेना रूस के समर्थन वाले अभियान में 30 अप्रैल से ही इदलिब और उसके आसपास के इलाकों में आक्रामक रही है। हाल के दिनों में इलाके में संघर्ष बढ़ गया है। इदलिब और विद्रोहियों के कब्जे वाले आसपास के इलाकों में करीब 30 लाख लोग रहते हैं। हाल के सप्ताहों में 450,000 से अधिक लोग इलाके में विस्थापित हुए जबकि 500 से अधिक नागरिकों की मौत हो गई। संयुक्त राष्ट्र और सहायता समूहों की अपीलों के बावजूद हिंसा जारी है।
गौरतलब है कि बीते शुक्रवार को भी सीरिया में सरकार समर्थक बलों, विद्रोहियों और जिहादियों के बीच संघर्ष में 100 लड़ाकों की मौत हो गई थी। युद्ध की निगरानी करने वाली एक संस्था ने यह जानकारी दी थी।सीरियन ऑब्जर्वेट्री फॉर ह्यूमन राइट्स ने बताया था कि उत्तरी हमा प्रांत में जंग लड़ रहे सीरिया समर्थक बलों की बमबारी के बाद शुक्रवार तडक़े संघर्ष शुरू हुआ। इसमें सरकार समर्थक बलों और सहयोगी मिलिशिया के 50 कर्मी मारे गए। जान गंवाने वाले विद्रोहियों और जिहादियों की संख्या 45 है।    
ब्रिटेन के ऑब्जर्वेट्री ने बताया था कि संघर्ष दोपहर तक चलता रहा। सीरिया की आधिकारिक समाचार एजेंसी सना ने शुक्रवार को बमबारी की खबर दी। सना की खबर के अनुसार सैन्य इकाइयों ने तडक़े जिबिन और ताल मालेह गांवों में तथा इनके आस-पास स्थित आतंकवादी संगठन अल-नुसरा फ्रंट के ठिकानों पर भारी बमबारी की। इसने बताया कि बमबारी में आतंकवादियों के ठिकाने और उनकी रक्षा प्रणाली तबाह हो गई। समाचार एजेंसी ने बताया था कि इसके जवाब में आतंकवादियों ने हमा में गांवों और शहरों को निशाना बनाकर हमले किए गए।    
तुर्की के रक्षा मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि एक दिन पहले इदलिब प्रांत में तुर्की निगरानी चौकी के खिलाफ सीरिया के सरकार समर्थक बलों की गोलीबारी तुर्की सैनिक की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हो गए।(एनडीटीवी)
 


Date : 16-Aug-2019

लंदन, 16 अगस्त । भारत से वर्षों पहले चोरी हुई दो प्राचीन कलाकृतियों को अमेरिका-ब्रिटेन की एक संयुक्त टीम ने खोज निकाला। यह खुशी का मौका उस समय आया जब लंदन में भारतीय उच्चायोग में 73वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न मनाया जा रहा था। 
इनमें से एक कलाकृति आंध्र प्रदेश की है और यह चूनापत्थर से बनी हुई ईसा पूर्व से एक शताब्दी पहले या एक शताब्दी बाद की हो सकती है। इसके अलावा तमिलनाडु की कांसे की कलाकृति ‘नवनीत कृष्ण' है। यह 17वीं शताब्दी की है।
इन दोनों कलाकृतियों को ब्रिटेन में भारतीय उच्चायुक्त रूची घनश्याम को सौंप दिया गया। घनश्याम ने कहा, ‘‘चूनापत्थर वाली कलाकृति करीब 2,000 साल पुरानी है और कृष्ण की कांसे की प्रतिमा 300 साल पुरानी है। हम इन कलाकृतियों की कीमत नहीं लगा सकते हैं क्योंकि यह अमूल्य है।(भाषा)
 


Date : 16-Aug-2019

संयुक्त राष्ट्र, 16 अगस्त (वार्ता)। लीबिया के मुरजुक शहर में हुई सामुदायिक हिंसक झड़पों में कम से कम 90 नागरिको की मौत हो गई और सैकड़ों अन्य घायल हो गए हंै। 
संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता ने गुरुवार को जारी बयान में कहा कि दक्षिणी लिबिया के मुरजुक शहर में इस महीने की शुरुआत में हवाई हमलों सहित हिंसक झड़पों कम से कम 90 नागरिकों की मौत हो गई और 200 से अधिक लोग घायल हो गये। 
उन्होंने कहा कि मुरजुक शहर के क्षेत्र में 4 अगस्त को हवाई हमले के बाद लगातार हिंसक झड़पों में इजाफा हो रहा है। ईद-अल-अजहा के दौरान भी लड़ाई जारी रही। संयुक्त राष्ट्र ने 10-11 अगस्त को संघर्ष विराम का प्रयास किया था।
उन्होंने कहा कि इन हिंसक झड़पों के कारण पश्चिम अफ्रीका से 6426 लोग और 270 प्रवासी विस्थापित हो गये है। मुरजुक शहर के बुनियादी ढांचे, बाजारों को नुकसान बड़े स्तर पर नुकसान हुआ है।
 


Date : 16-Aug-2019

नई दिल्ली, 16 अगस्त। सुप्रीम कोर्ट आज जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाने और वहां मीडिया पर रोक लगाने के केंद्र सरकार के फैसले को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई, जस्टिस एसए बोबड़े और जस्टिस एसए नजीर की पीठ इन याचिकाओं की सुनवाई करेगी। उधर, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) भी आज जम्मू-कश्मीर के मुद्दे पर बैठक करने वाली है।
हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक वकील एमएल शर्मा ने याचिका दायर कहा है कि धारा 370 को लेकर राष्ट्रपति का आदेश गैर-कानूनी है, क्योंकि इसे जम्मू-कश्मीर विधानसभा की सहमति लिए बिना पारित किया गया। वहीं, कश्मीर टाइम्स अखबार की कार्यकारी संपादक अनुराधा भसीन ने राज्य में सभी तरह के संचार पर लगाए गए प्रतिबंध के खिलाफ याचिका दायर की है। वहीं, एक अलग याचिका में उन्होंने कहा कि सरकार घाटी में मीडिया के काम करने लायक माहौल बनाए। याचिका में भसीन ने कहा कि केंद्र और जम्मू-कश्मीर प्रशासन तुरंत कश्मीर में पत्रकारों पर लगे प्रतिबंधों को हटाए।
वहीं, यूएनएससी भी आज कश्मीर के हालात पर बंद दरवाजे में बैठक करेगा। इस बैठक के आयोजन के पीछे पाकिस्तान के साथ चीन का भी हाथ बताया जा रहा है। खबरों के मुताबिक उसी ने परिषद पर बैठक बुलाने का दबाव डाला है। उसने बैठक के लिए पाकिस्तान की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि इसमें संयुक्त राष्ट्र में राजनीतिक एवं शांति मामलों के विभागों को भी बुलाया जाए।

 


Date : 14-Aug-2019

भूख से तड़प रहा था सांप, आखिर में खुद को ही खा गयाएक अजीबोगरीब वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा है। एक भूखे सांप ने अपनी ही आधी बॉडी को खा लिया। ये विचलित कर देने वाला वीडियो वायरल हो रहा है। रेपटाइल सेंचुरी के अंदर सांप भूख से तड़प रहा था। जब उससे भूख सहन ने हो पाई तो उसने खुद को ही खा लिया।  

फॉरगॉटन फे्रंड रेपटाइल सेंचुरी ने फेसबुक पर वीडियो को शेयर किया है। लाइव वीडियो में देखा जा सकता है सांप खुद को ही खा रहा है। वीडियो में देखा जा सकता है कि फेसबुक पेज के टीम का मेंबर जेस रोथहैकर बता रहे हैं कि किंग स्नेकर जब भूखे होते हैं तो वो दूसरे सांप को खा लेते हैं या फिर वो खुद को ही खा लेते हैं। 

उन्होंने कहा- सांप जब अपनी पूंछ देखता है तो वो दूसरा सांप समझकर खा लेता है। फिर पता चलता है कि वो खुद को ही खा रहे हैं। ये कभी खुद को पूरी तरह से नहीं खा सकते हैं। आज हमने ऐसे ही एक किंग स्नेक को देखा।

टीम मेंबर ने ही सांप की जान बचाई। उन्होंने कहा- सांप जब खा रहा होता है और किसी ने उसकी नाक दबा दी तो उसको अच्छा नहीं लगता। क्योंकि उससे उसे घबराहट होती है और जो वो खा रहा होता वो तुरंत निकाल देता है। 

 


Date : 13-Aug-2019

न्यूयॉर्क, 13 अगस्त । संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान की स्थायी प्रतिनिधि मलीहा लोधी को न्यू यॉर्क में बेहद शर्मिंदगी का सामना करना पड़ गया। न्यूयॉर्क में एक कार्यक्रम के दौरान पाकिस्तानी नागरिक होने का दावा करने वाले एक शख्स ने मलीहा लोधी को घेर लिया और उन्हें खरी-खोटी सुना दी।

जब मलीहा कार्यक्रम में मीडियाकर्मियों से बातचीत कर रही थीं, उसी वक्त एक शख्स ने हस्तक्षेप किया और कहा कि उन्हें भी कुछ सवाल पूछने हैं। वीडियो में दिखता है कि मलीहा की प्रेस कॉन्फे्रंस के अंत में एक शख्स बेहद गुस्से में कहता है, अभी बातचीत खत्म नहीं हुई है, मेरे पास आपके लिए एक सवाल है।
पाकिस्तानी अधिकारी मलीहा की शख्स के साथ तीखी बहस हुई और उसके बाद वह वहां से चली गईं।
शख्स ने कहा, मेरे पास आपके लिए सवाल है, आप क्या कर रही है? आप पिछले 10, 15 सालों से कर क्या रही हैं? पाकिस्तान की स्थायी प्रतिनिधि मलीहा लोधी पर शख्स ने लोगों का पैसा चुराने का आरोप भी लगाया।
शख्स को जवाब देते हुए लोधी ने कहा, ये सवाल पूछने का कोई तरीका नहीं है। कार्यक्रम में एक अन्य अधिकारी ने कहा, इस तरह सवाल पूछने पर हम आपको जवाब नहीं देने जा रहे हैं।
हालांकि, शख्स ने अपने गुस्से को जायज बताया। उसने कहा कि लोधी पाकिस्तान की अधिकारी है और पाकिस्तानी नागरिक होने के नाते उन्हें सवाल पूछने का अधिकार है।
जब अधिकारियों ने शख्स को रोकने की कोशिश की तो उसने कहा, अब लोग आप तक ऐसे ही पहुंचेंगे। अब कोई भी आपको बख्शने नहीं जा रहा है। कोई भी नहीं। आप लोग 20 सालों से हमारा पैसा चुरा रहे हैं। तुम लोग चोर हो, तुम पाकिस्तान का प्रतिनिधित्व करने के लायक नहीं हो।
सोशल मीडिया पर यह वीडियो काफी वायरल हो चुका है। कई पाकिस्तानी नागरिक इस शख्स के समर्थन में आ गए हैं और पाकिस्तानी अधिकारियों की काबिलियत पर सवाल खड़े कर रहे हैं। हालांकि, कुछ पाकिस्तानी यूजर्स ने कहा कि क्या पाकिस्तानी सेना से इस तरह के सवाल नहीं पूछे जाने चाहिए? क्या वे हमारा पैसा नहीं चुरा रहे हैं? क्या वे सीमाएं सुरक्षित रखने में असफल नहीं हुए?(आजतक)
 


Date : 13-Aug-2019

बीजिंग, 13 अगस्त । पूर्वी चीन में हाल ही में आये लेकिमा तूफान के कारण लगभाग  49 लोगों की मौत हुई हुई है, जबकि 21 लोग अभी भी लापता हैं। स्थानीय मीडिया ने यह जानकारी दी है। 
सोमवार शाम ताजा आंकड़े जारी किये। एजेंसी के अनुसार मृतकों में अधिकतर झेजियांग प्रांत के लोग थे, जहां लेकिमा तूफान के कारण 60.68 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। 
चीन में गत शनिवार को तडक़े सुबह आये इस तूफान के कारण देश के दक्षिणी-पूर्वी हिस्से मूसलाधार बारिश और बाढ़ ने काफी तबाही मचायी। चीन के मौसम विभाग ने तूफान को लेकर रेड अलर्ट घोषित किया था।
दस लाख से अधिक लोगों को कथित तौर पर उनके घरों से निकालकर सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है, जिसमें दुनिया का वित्तीय केंद्र कहे जाने वाले शंघाई के लगभग 250,000 लोग शामिल हैं। (स्पूतनिक)
 


Date : 13-Aug-2019

सूक्रे, 13 अगस्त । बोलीविया में बस और ट्रक की टक्कर में कम से कम 11 लोगों की मौत हो गयी तथा दो अन्य लोग घायल हुए हैं। स्थानीय मीडिया ने यह जानकारी दी है।  यह दुर्घटना सोमवार सुबह हुई तथा इसमें मरने वाले लोगों में एक गर्भवती महिला और एक बच्चा था।(स्पूतनिक)
 


Date : 12-Aug-2019

रेबेका स्टाउडेनमायर

कैंसर से लड़ता एक साइकिल सवार जर्मनी से भारत की यात्रा पर निकला पड़ा। लेकिन भारत पहुंचने से पहले ही ईरान में वह मारपीट और लूटपाट का शिकार हो गया। अब पूरा ईरान फिलिप के साथ खड़ा है।
फिलिप मार्कग्राफ बीते चार महीने से सडक़ पर हैं। जर्मनी में पहले पैडल से शुरू हुआ साइकिल का सफर ठीक-ठाक जा रहा था। धीरे-धीरे वह भारत के करीब पहुंच रहे थे, लेकिन तभी ईरान में एक झटका लगा। कैस्पियन सागर के पास युवाओं के एक गु्रप ने फिलिप को बुरी तरह पीटा और सारा सामान भी छीन लिया।
कैंसर से लड़ रहे 28 साल के फिलिप का जबड़ा और चेहरे की हड्डी टूट गई। इलाज के लिए फिलिप को जर्मनी लौटना पड़ा। साइकिल के जरिए कैंसर के प्रति जागरुकता फैलाने वाली यात्रा रोकनी पड़ी। ईरान में प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें म्युनिख लाया गया। टेलिफोन पर डीडब्ल्यू से बाचतीत में फिलिप ने कहा, मैं काफी बेहतर हो रहा हूं।
मारपीट और लूटपाट के वाकये का जिक्र फिलिप ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट में किया। उन्होंने वारदात से पहले की और उसके बाद की तस्वीरें शेयर कीं। बाद की तस्वीर में चेहरा टेढ़ा दिख रहा है और उसमें काफी सूजन भी है।
फिलिप की यह पोस्ट वायरल हो गई। 77,000 से ज्यादा लोगों ने इसे लाइक किया और हजारों कमेंट आए। पोस्ट ईरान तक पहुंच गई और वहां बहुत ज्यादा कमेंट्स आए। ज्यादार ईरानी नागरिकों ने लिखा, सॉरी। वी लव यू।  एक यूजर ने लिखा, फिर से ईरान आओ। लेकिन इस बार मुझे मैसेज कर देना। मैं यात्रा का आनंद लेने में और उस बुरे सफर को भूलने में तुम्हारी मदद करुंगा।
फिलिप के मुताबिक वारदात के बाद उनके मन में किसी के लिए कोई दुर्भावना नहीं है। इंस्टाग्राम पोस्ट से मिली प्रतिक्रियाओं से वह हैरान हैं, मैं ना चाहते हुए भी स्थानीय नायक बन गया हूं। फिलिप का कहना है कि सेहत ठीक होते ही वह यात्रा दोबारा चालू कर देंगे।
प्लान के मुताबिक फिलिप साइकिल के सहारे 24 देशों से गुजरते हुए 20,000 किलोमीटर की यात्रा करेंगे। जर्मनी के ड्रेसडेन शहर के निवासी फिलिप चिल्ड्रेन विद कैंसर नाम की संस्था के लिए जागरुकता अभियान चला रहे हैं। वह संस्था के लिए पैसा जुटाने में भी लगे हैं। (डॉयचे वेले)


Date : 11-Aug-2019

नई दिल्ली, 11 अगस्त। कश्मीर से आर्टिकल 370 हटाए जाने के फैसले के खिलाफ पाकिस्तान ने तगड़ा सेल्फ गोल दाग लिया है। भारत से कारोबार बंद करना अब उसे बहुत महंगा पड़ रहा है। भारत से आयात किए जाने वाले समानों पर पूरी तरह रोक लगाए जाने के बाद पाकिस्तान के बाजारों में रोजमर्रा के सामानों के दामों में आग लगी हुई है। हालत यह है कि अब वहां के लोग ईद की खरीदारी भी नहीं कर पा रहे हैं। 
दरअसल, पाकिस्तान में आम लोगों और व्यापारियों का कहना है कि इस बार ईद मनाने में मुश्किल होगी क्योंकि भारत से आने वाली चीजों पर प्रतिबंध से महंगाई और बढ़ गई है। और इस बढ़ती महंगाई से रोजमर्रा की जरूरतों का बजट बिगड़ गया है। शादियों का भी सीजन है और उस पर भी असर पडऩे की पूरी आशंका है। 
उधर बाजारों से रौनक गायब है। सब्जियों के दामों में अचानक इजाफा हुआ है। टमाटर की कीमत 300 रुपये प्रति किलो तक पहुंच चुकी है। टमाटर के अलावा अन्य सब्जियों के दामों में इजाफे से पाकिस्तान के लोग सकते में हैं और पहले से ही महंगाई से जूझ रहे लोगों के लिए यह दोहरी मार जैसा प्रतीत हो रहा है। 
इसके अलावा दूध के दाम का भी आंकड़ा 100 के पार पहले ही जा चुका है। कराची डेयरी फामर्स असोसिएशन ने कुछ दिन पहले ही दूध के दाम बढ़ा दिए थे। पाकिस्तानी अखबार द डॉन की एक रिपोर्ट के मुताबिक प्रशासन के द्वारा तय किए गए दाम से ज्यादा ही दामों में विक्रेता दूध बेच रहे हैं। 
पाकिस्तान में सोना भी अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। जो सोना इंडिया में प्रति 10 ग्राम सोना 37 हजार 900 रुपये मिल रहा है वही पाकिस्तान में यह दोगुने से भी ज्यादा पर पहुंच चुका है। बीते एक हफ्ते में पाकिस्तान में सोने की कीमत में 1750 रुपये की तेजी दर्ज की गई है। पेट्रोल और डीजल के दामों में पहले से आग लगी हुई है। 
भारत से तनाव की वजह से पाकिस्तान के शेयर बाजार को भी नुकसान पहुंचा है। अभी तक वहां बीते पांच सालों में सबसे बड़ी गिरावट दर्ज हुई है। सिर्फ दो दिनों में ही कराची स्टॉक एक्सचेंज में करीब 1500 अंकों की गिरावट दर्ज की गई है और निवेशकों के 7400 करोड़ पाकिस्तानी रुपये डूब चुके हैं। 
भारत के साथ व्यापार औपचारिक रूप से निलंबित करने से पाकिस्तान को अभी और नुकसान उठाना पड़ेगा क्योंकि द्विपक्षीय व्यापार में 80 फीसदी माल भारत से पाकिस्तान जाता है, जबकि पाकिस्तान से महज 20 फीसदी माल भारत आता है। इसलिए इमरान खान के फैसले से भारत को कोई खास फर्क नहीं पड़ेगा। 
पाकिस्तान में महंगाई के आंकड़े की बात करें तो नए वित्तीय वर्ष के शुरुआती महीने में ही महंगाई दर दहाई अंकों में पहुंच गई जो पिछले पांच साल में सबसे अधिक है। पाकिस्तान के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) के मुताबिक, इस साल जुलाई महीने में महंगाई दर 10.34 फीसदी रही, पिछले साल इसी अवधि में महंगाई दर 5.84 फीसदी थी। 
कश्मीर से धारा 370 हटाने के फैसले के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने जितने भी फैसले लिए हैं वो पाकिस्तान पर ही उल्टे पड़े हैं और उसके लिए आत्मघाती साबित हुए हैं। इमरान खान के फैसलों की मार वहां की जनता को सहनी पड़ रही है।  (आजतक)


Date : 10-Aug-2019

नई दिल्ली, 10 अगस्त । पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा हटाने और उसे दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने के भारत के फैसले को लेकर सीमा पार की दो ट्रेनों को निलंबित करने के बाद लाहौर-दिल्ली मैत्री बस सेवा भी निलंबित कर दी है।  यह बस सेवा फरवरी 1999 में शुरू हुई थी लेकिन 2001 में संसद हमले के बाद यह निलंबित कर दी गई। फिर जुलाई 2003 को इस बस सेवा को बहाल किया गया। पाकिस्तान के संचार एवं डाक सेवा मंत्री मुराद सईद ने बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा समिति (एनएससी) की बुधवार को हुई बैठक में लिए गए फैसलों के अनुरूप ही यह कदम उठाया गया। सईद ने शुक्रवार को ट्वीट किया, एनएससी के फैसलों के अनुसार पाकिस्तान-भारत बस सेवा निलंबित कर दी गई है। लाहौर-दिल्ली बस सेवा दिल्ली गेट के समीप अंबेडकर स्टेडियम टर्मिनल से चलती है। डीटीसी की बसें हर सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को और पाकिस्तान पर्यटन विकास प्राधिकरण (पीटीडीसी) की बसें हर मंगलवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को दिल्ली से लाहौर रवाना होती हैं। वापसी में डीटीसी की बसें हर मंगलवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को लाहौर से रवाना होती हैं जबकि पीटीडीसी की बसें हर सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को दिल्ली के लिए रवाना होती हैं।    
इससे पहले पाकिस्तान के रेल मंत्री शेख राशिद अहमद ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह राजस्थान से सटी सीमा के जरिए दोनों देशों के बीच चलने वाली थार एक्सप्रेस ट्रेन सेवा को निलंबित कर रहे हैं। इससे एक दिन पहले पाकिस्तान ने द्विपक्षीय संबंधों का दर्जा कम करने के फैसले के बाद समझौता एक्सप्रेस को भी निलंबित कर दिया था। आधिकारिक एपीपी समाचार एजेंसी ने बताया कि राशिद ने थार एक्सप्रेस की सेवाओं को निलंबित करने की घोषणा की। थार एक्सप्रेस 18 फरवरी 2006 से जोधपुर के भगत की कोठी स्टेशन से कराची के बीच हर शुक्रवार रात को चलती है। उससे पहले यह सेवा 41 वर्षों तक स्थगित रही थी। उन्होंने बताया कि थार एक्सप्रेस के लिए 13 अरब रुपये की लागत से 133 किलोमीटर लंबा नया ट्रैक बनाया गया था और अब इस ट्रैक का इस्तेमाल थार कोयला परियोजना के लिए किया जाएगा।    
पाकिस्तान ने बृहस्पतिवार को भारत के साथ समझौता एक्सप्रेस ट्रेन सेवा निलंबित कर दी थी।    राशिद ने कहा कि जब तक वह रेल मंत्री हैं तब तक ट्रेन निलंबित रहेगी और इस ट्रेन की बोगियों का इस्तेमाल अब ईद पर यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए किया जाएगा। समझौता एक्सप्रेस का नाम हिंदी के समझौता शब्द पर रखा गया है। इसमें तीन स्लीपर बोगियां और एक एसी-3 टियर बोगी है। यह ट्रेन सेवा दोनों देशों के बीच हुए शिमला समझौते के तहत 22 जुलाई 1976 को शुरू हुई थी।
भारतीय सीमा की ओर से ट्रेन दिल्ली से अटारी तक और पाकिस्तान की ओर से लाहौर से वाघा तक चलती है। पाकिस्तान ने जम्मू कश्मीर के विशेष दर्जे को हटाने के भारत के कदम को एकतरफा और गैरकानूनी बताते हुए बुधवार को भारतीय उच्चायुक्त अजय बिसारिया को निष्कासित कर दिया था तथा भारत के साथ राजनयिक संबंधों को कमतर करने का फैसला किया।  उसके इस फैसले के बाद दोनों ट्रेनों को निलंबित किया गया। भारत ने जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 को सोमवार को हटा दिया है और राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू कश्मीर और लद्दाख में विभाजित कर दिया है।(आजतक)

 


Date : 10-Aug-2019

इस्लामाबाद, 10 अगस्त । भारत के साथ कारोबारी रिश्ते खत्म करके पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने खुद के अपने पैर पर कुल्हाड़ी मारी है। इस फैसले के बाद पाकिस्तान में मजदूर को काम मिलना बंद हो गया है। वहीं, भारत से आने वाली रोजमर्रा की चीजों का पाकिस्तान में आयात बंद होने से कीमतें सातवें आसामान पर पहुंच गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अक्सर ईद से पहले बाजार में खूब रौनक रहती थी लेकिन बार पैसों की तंगी में आम लोगों के लिए ईद का मजा किरकिरा हो गया है। आपको बता दें कि धारा 370 के विरोध में कारोबारी रिश्ते खत्म करने के बाद पाकिस्तान में एक बार फिर खाने-पीने की महंगाई बढ़ गई है।
महंगाई ने तोड़ी पाकिस्तानियों की कमर-कारोबारियों के साथ-साथ पाकिस्तान की जनता भी मानती है कि इस बार ईद मनाना भी मुश्किल है। क्योंकि, भारत से बंद हुए प्रोडक्ट्स की वजह से महंगाई बढ़ गई है। साथ ही घर का पूरा बजट बिगड़ गया है।
पहले ही महंगाई का बोझ झेलना मुश्किल हो रहा है। ऐसे में अब महंगाई की दोहरी मार झेलना उनके बस से बाहर है। घरेलू महिला नजमा का कहना है कि बढ़ती महंगाई ने पहले ही किचन का बजट बढ़ा दिया है।
आमदनी में कोई इजाफा नहीं हुआ। दूध से लेकर सब्जी और मीट तक महंगे हैं और ऐसे में भारत के साथ कारोबार बंद होने से रसोई का खर्च और बढऩे वाला है। समझ नहीं आ रहा कैसे घर चलाएंगे।
सामान के बदले सामान से होता था व्यापार- सरकारी आंकड़ों के अनुसार, भारत और पाकिस्तान के बीच सालाना 3 अरब रुपये से अधिक का व्यापार होता है। दोनों ओर से सिर्फ 35-35 ट्रक आने और जाने की इजाजत थी।
ये ट्रक हफ्ते में चार दिन सुबह नौ बजे से शाम चार बजे के बीच सीमा पार जाते थे जबकि यहां 300 रजिस्टर्ड व्यापारी हैं जिनके लिए व्यापार के सख्त नियम हैं। यहां बार्टर ट्रेड होता है यानी पैसों से चीजे नहीं खरीदी जातीं बल्कि लेन-देन में माल के बदले माल दिया जाता है।(न्यूज18)